
Telangana तेलंगाना: पेड्डापल्ली जिले में एंटी-करप्शन ब्यूरो (ACB) ने भ्रष्टाचार के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए एक म्युनिसिपल असिस्टेंट इंजीनियर को रिश्वत लेने के आरोप में गिरफ्तार किया है। आरोपी पर एक कॉन्ट्रैक्टर से 2 लाख रुपये की रिश्वत मांगने और स्वीकार करने का आरोप है। गिरफ्तारी के बाद जब एसीबी अधिकारियों ने आरोपी के घर की तलाशी ली तो वहां से 32.31 लाख रुपये नकद बरामद हुए।
गिरफ्तार किए गए अधिकारी की पहचान 33 वर्षीय कल्लेपल्ली सतीश कुमार के रूप में हुई है। वह पेड्डापल्ली म्युनिसिपल ऑफिस में असिस्टेंट इंजीनियर के पद पर तैनात था। एसीबी के अनुसार, सतीश कुमार को उसके घर पर रिश्वत की रकम लेते हुए रंगे हाथों पकड़ा गया।
बिल पास कराने के लिए मांगी थी रिश्वत
एसीबी अधिकारियों के मुताबिक, आरोपी इंजीनियर ने एक इंफ्रास्ट्रक्चर डेवलपमेंट प्रोजेक्ट से जुड़े अंतिम बिल को आगे बढ़ाने और प्रोसेस करने के लिए रिश्वत की मांग की थी।
जानकारी के अनुसार, इस प्रोजेक्ट का फाइनल बिल 12,28,748 रुपये का था। आरोप है कि इस बिल को मंजूरी दिलाने और संबंधित प्रक्रिया पूरी करने के बदले सतीश कुमार ने कॉन्ट्रैक्टर से 2 लाख रुपये की रिश्वत मांगी थी।
कॉन्ट्रैक्टर ने इसकी शिकायत एंटी-करप्शन ब्यूरो से की, जिसके बाद एसीबी ने मामले की जांच शुरू की। शिकायत की पुष्टि होने के बाद अधिकारियों ने जाल बिछाया और आरोपी को रिश्वत लेते हुए पकड़ लिया।
घर की तलाशी में मिला बड़ा कैश
गिरफ्तारी के बाद एसीबी की टीम ने आरोपी अधिकारी के घर की तलाशी ली। तलाशी के दौरान अधिकारियों को 32.31 लाख रुपये नकद मिले। इतनी बड़ी रकम मिलने के बाद एसीबी अधिकारियों ने आरोपी की संपत्ति और आय के अन्य स्रोतों की भी जांच शुरू कर दी है।
एसीबी यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि बरामद रकम का स्रोत क्या है और क्या यह राशि भी भ्रष्टाचार से जुड़ी हुई है। अधिकारियों के अनुसार, मामले में आगे की जांच जारी है।
भ्रष्टाचार के खिलाफ कार्रवाई तेज
तेलंगाना एसीबी लगातार सरकारी विभागों में रिश्वतखोरी और भ्रष्टाचार के मामलों पर कार्रवाई कर रही है। अधिकारियों का कहना है कि सरकारी पद पर रहते हुए रिश्वत मांगने वालों के खिलाफ सख्त कदम उठाए जाएंगे।
एसीबी ने आम लोगों से भी अपील की है कि यदि कोई सरकारी कर्मचारी किसी काम के बदले रिश्वत मांगता है तो इसकी शिकायत तुरंत संबंधित विभाग से करें, ताकि भ्रष्टाचार के खिलाफ कार्रवाई की जा सके।
आरोपी के खिलाफ कानूनी कार्रवाई शुरू
एसीबी ने आरोपी सतीश कुमार के खिलाफ भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत मामला दर्ज किया है। उसे आगे की कानूनी प्रक्रिया के लिए संबंधित अधिकारियों के सामने पेश किया जाएगा।
जांच एजेंसी अब यह पता लगाने में जुटी है कि क्या आरोपी लंबे समय से इस तरह की गतिविधियों में शामिल था या यह किसी एक मामले से जुड़ा हुआ है। इसके अलावा आरोपी की संपत्तियों और वित्तीय लेन-देन की भी जांच की जा सकती है।
विभाग में मचा हड़कंप
म्युनिसिपल ऑफिस के एक अधिकारी के रिश्वत मामले में पकड़े जाने के बाद विभाग में हड़कंप मच गया है। अधिकारियों का कहना है कि भ्रष्टाचार किसी भी स्तर पर बर्दाश्त नहीं किया जाएगा और दोषी पाए जाने वाले कर्मचारियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
पेड्डापल्ली जिले में हुई इस कार्रवाई ने एक बार फिर सरकारी विभागों में पारदर्शिता और जवाबदेही को लेकर सवाल खड़े किए हैं। एसीबी की जांच पूरी होने के बाद ही यह स्पष्ट हो पाएगा कि आरोपी अधिकारी के पास मिली नकदी और अन्य संपत्तियों का पूरा विवरण क्या है।
फिलहाल एसीबी ने आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है और मामले की जांच जारी है। एजेंसी आने वाले दिनों में इस केस से जुड़े अन्य पहलुओं की भी जांच करेगी।





