
Telangana तेलंगाना: वेस्ट एशिया में जारी तनाव और उसके कारण वैश्विक स्तर पर फ्यूल की बढ़ती कीमतों का असर अब 2026 में हज यात्रा पर भी पड़ सकता है। रिपोर्ट के अनुसार, हज पर जाने वाले यात्रियों को हवाई टिकट पर अतिरिक्त सरचार्ज देना पड़ सकता है, जिससे यात्रा खर्च बढ़ने की आशंका है।
सूत्रों के मुताबिक, सऊदी की एयरलाइंस ने स्टेट हज कमेटी के जरिए बुक किए जाने वाले राउंड-ट्रिप टिकटों पर ₹12,000 से ₹15,000 तक अतिरिक्त शुल्क लगाने का प्रस्ताव दिया है। यह कदम बढ़ती ऑपरेशनल लागत और ईंधन कीमतों में उतार-चढ़ाव के कारण बताया जा रहा है।
ट्रैवल इंडस्ट्री से जुड़े सूत्रों ने बताया कि नामित एयरलाइन द्वारा दो-तरफा टिकट पर लगभग ₹14,000 तक का सरचार्ज लागू किया जा सकता है। हालांकि अंतिम फैसला अभी चर्चा के स्तर पर है और औपचारिक घोषणा का इंतजार किया जा रहा है।
इस मुद्दे पर चर्चा के लिए हज कमेटी ऑफ इंडिया ने 13 अप्रैल को मुंबई में सऊदी एयरलाइंस और अन्य ऑपरेटरों के साथ बैठक की। इस बैठक में बदलते वैश्विक हालात और यात्रियों पर पड़ने वाले संभावित आर्थिक बोझ को लेकर विचार-विमर्श किया गया।
अधिकारियों के अनुसार, फ्यूल की कीमतों में बढ़ोतरी का सीधा असर अंतरराष्ट्रीय उड़ानों के किराए पर पड़ता है, और हज जैसे बड़े धार्मिक यात्रा कार्यक्रमों में इसका प्रभाव अधिक दिखाई देता है। इसलिए एयरलाइंस लागत संतुलन के लिए अतिरिक्त शुल्क लागू करने पर विचार कर रही हैं।
यात्रा उद्योग से जुड़े विशेषज्ञों का कहना है कि अगर यह सरचार्ज लागू होता है, तो इसका असर हजारों हज यात्रियों की यात्रा लागत पर पड़ेगा। खासकर मध्यम और निम्न आय वर्ग के यात्रियों के लिए यह अतिरिक्त आर्थिक बोझ साबित हो सकता है।
हालांकि हज कमेटी की ओर से यात्रियों के हितों को ध्यान में रखते हुए बातचीत जारी है, ताकि किसी भी अतिरिक्त शुल्क को यथासंभव नियंत्रित किया जा सके। अंतिम निर्णय एयरलाइंस और संबंधित प्राधिकरणों की सहमति के बाद ही लिया जाएगा।
फिलहाल स्थिति यह है कि वैश्विक फ्यूल संकट और क्षेत्रीय तनाव के कारण हज यात्रा की लागत में संभावित बढ़ोतरी को लेकर अनिश्चितता बनी हुई है।





