
Tamil Nadu तमिलनाडु: तमिलनाडु के पब्लिक हेल्थ डिपार्टमेंट ने राज्य की 108 इमरजेंसी एम्बुलेंस सेवा को लेकर ताजा आंकड़े जारी किए हैं, जिनमें सेवा की प्रतिक्रिया समय में सुधार दर्ज किया गया है। विभाग के अनुसार, अब बड़े शहरों में 108 इमरजेंसी कंट्रोल रूम से संपर्क करने के औसतन 6.14 मिनट के भीतर एम्बुलेंस सेवा उपलब्ध हो जाती है। यह पहले की तुलना में बेहतर प्रदर्शन माना जा रहा है।
राज्य स्तर पर देखें तो तमिलनाडु में 108 एम्बुलेंस सेवा औसतन 11.22 मिनट के भीतर घटनास्थल पर पहुंच रही है। कुछ महीने पहले तक यह औसत समय लगभग 13 मिनट था, जिससे स्पष्ट होता है कि आपातकालीन स्वास्थ्य सेवाओं की गति में सुधार हुआ है। यह सुधार आपात स्थिति में मरीजों को समय पर इलाज मिलने के लिहाज से महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
तमिलनाडु में 108 एम्बुलेंस सेवा का संचालन EMRI ग्रीन हेल्थ सर्विसेज द्वारा किया जा रहा है। पूरे राज्य में कुल 1,353 एम्बुलेंस तैनात हैं, जो अलग-अलग जिलों और क्षेत्रों में आपातकालीन सेवाएं प्रदान करती हैं। इनमें से 307 एम्बुलेंस ऐसी हैं, जिनमें जीवन रक्षक (लाइफ-सपोर्ट) मेडिकल सुविधाएं उपलब्ध हैं, जिससे गंभीर मरीजों को प्राथमिक उपचार मौके पर ही मिल सके।
इसके अलावा, राज्य के दुर्गम और पहाड़ी क्षेत्रों तक पहुंच सुनिश्चित करने के लिए 66 टू-व्हीलर एम्बुलेंस भी चलाई जा रही हैं। ये विशेष वाहन उन जगहों पर उपयोग किए जाते हैं, जहां सामान्य एम्बुलेंस का पहुंचना मुश्किल होता है। इससे ग्रामीण और दूरस्थ इलाकों में भी समय पर मेडिकल सहायता पहुंचाना आसान हुआ है।
सेवा व्यवस्था में लगभग 7,000 कर्मचारी कार्यरत हैं, जो कॉल रिस्पॉन्स, ड्राइविंग, मेडिकल सहायता और समन्वय जैसे विभिन्न कार्यों को संभालते हैं। कंट्रोल रूम से लेकर घटनास्थल तक पूरी प्रणाली को बेहतर तरीके से संचालित करने पर लगातार काम किया जा रहा है।
पहले के आंकड़ों की तुलना में भी सुधार देखा गया है। विभाग के अनुसार, कुछ समय पहले चेन्नई में मेडिकल सहायता के लिए कॉल करने के बाद एम्बुलेंस औसतन 8 मिनट में पहुंचती थी, जबकि अन्य जिलों में यह समय लगभग 13 मिनट था। अब पूरे राज्य में इस सेवा के औसत समय में समानता और तेजी आई है।
पब्लिक हेल्थ डिपार्टमेंट का कहना है कि तकनीकी सुधार, बेहतर नेटवर्किंग और एम्बुलेंस की बढ़ी हुई संख्या के कारण प्रतिक्रिया समय में यह सुधार संभव हुआ है। आपातकालीन सेवाओं में समय का कम होना जीवन बचाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है।
विशेषज्ञों का मानना है कि 108 एम्बुलेंस सेवा में यह सुधार राज्य की स्वास्थ्य प्रणाली के लिए सकारात्मक संकेत है। तेज प्रतिक्रिया समय से दुर्घटनाओं, हृदय रोग और अन्य गंभीर स्थितियों में मरीजों की जान बचाने की संभावना बढ़ जाती है।
फिलहाल राज्य सरकार और स्वास्थ्य विभाग इस सेवा को और अधिक प्रभावी बनाने पर काम कर रहे हैं, ताकि हर नागरिक को समय पर आपातकालीन चिकित्सा सहायता उपलब्ध हो सके।





