
नई दिल्ली: प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने बुधवार को बताया कि उसने 'यूनिक एक्सपोर्ट्स' और उसके सहयोगियों द्वारा चलाई जा रही 400 करोड़ रुपये की पोंजी स्कीम के सिलसिले में चेन्नई, इरोड, कोयंबटूर और कृष्णगिरि में आठ जगहों पर छापेमारी की।
इस स्कीम को कथित तौर पर एस नवीन कुमार ने अपने सहयोगियों जीवलथा, के प्रभु, के मथन कुमार, मुथुसेल्वन और जे फ्रैंकलिन के साथ मिलकर शुरू किया था। उन्होंने निवेशकों से प्याज, आलू और अन्य कृषि उत्पादों के निर्यात के कारोबार के ज़रिए 200 प्रतिशत से ज़्यादा रिटर्न का वादा किया था। निवेशकों को दूसरों को जोड़ने पर कमीशन का लालच भी दिया गया था।
जांच एजेंसी को पता चला कि आरोपियों ने निवेशकों से पैसा इकट्ठा करने और उसे इधर-उधर घुमाने (लेयरिंग) के लिए कम से कम सात फर्जी कंपनियां (शेल कंपनियां) बनाई थीं, जिनमें ईस्ट वैली एग्रो फार्म्स, इंडो रशियन रेयर अर्थ मेटल्स और सारा एक्सपोर्ट्स शामिल हैं।
एजेंसी ने कहा, "जनता से कथित तौर पर लगभग 400 करोड़ रुपये जुटाए गए और उस पैसे को अचल संपत्ति, फिक्स्ड डिपॉजिट और विदेशी लेन-देन में खपा दिया गया।"





