
Tamil Nadu तमिलनाडु: इलेक्ट्रिसिटी बोर्ड (TNEB) ने उन कॉन्ट्रैक्टरों और सर्विस प्रोवाइडरों के लिए कड़ा संदेश दिया है जो समय पर वर्कर्स के अकाउंट में एम्प्लॉई प्रोविडेंट फंड (EPF) और एम्प्लॉई स्टेट इंश्योरेंस (ESI) का कंट्रीब्यूशन नहीं करते। बोर्ड ने चेतावनी दी है कि ऐसे कॉन्ट्रैक्टर भविष्य में किसी भी बोर्ड के कॉन्ट्रैक्ट में हिस्सा नहीं ले पाएंगे।
बोर्ड की तरफ से जारी प्रेस रिलीज़ में बताया गया कि तमिलनाडु इलेक्ट्रिसिटी डिस्ट्रीब्यूशन कॉर्पोरेशन (TANGEDCO), तमिलनाडु ट्रांसमिशन कॉर्पोरेशन, तमिलनाडु पावर जेनरेशन कॉर्पोरेशन और तमिलनाडु ग्रीन एनर्जी कॉर्पोरेशन जैसी सब्सिडियरी कंपनियों में कॉन्ट्रैक्ट पर काम करने वाले वर्कर्स के PF और ESI के अमाउंट नियमित रूप से बोर्ड द्वारा प्रोवाइड किए जाते हैं।
हालांकि, यह देखा गया है कि कुछ कॉन्ट्रैक्टर और सर्विस प्रोवाइडर, बोर्ड से अमाउंट प्राप्त होने के बाद भी, निर्धारित समय में वर्कर्स के अकाउंट में क्रेडिट नहीं कर रहे हैं। बोर्ड ने इसे लेबर वेलफेयर कानूनों और कॉन्ट्रैक्ट की शर्तों का गंभीर उल्लंघन बताया। प्रेस रिलीज़ में कहा गया कि ऐसी कार्रवाई वर्कर्स के सोशल सिक्योरिटी अधिकारों पर प्रतिकूल असर डालती है और किसी भी स्थिति में इसे बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
तथ्यों के अनुसार, बोर्ड ने स्पष्ट किया कि भविष्य में सभी कॉन्ट्रैक्ट वर्कर्स की सैलरी पूरी तरह से बैंक ट्रांसफर और डिजिटल माध्यम से दी जानी चाहिए। इस तरह से न केवल पारदर्शिता बढ़ेगी, बल्कि कर्मचारियों के अधिकारों की सुरक्षा भी सुनिश्चित होगी।
TNEB ने यह भी कहा कि कॉन्ट्रैक्टर और सर्विस प्रोवाइडर को नियमित रूप से EPF और ESI का योगदान समय पर करने के लिए निर्देशित किया गया है। अगर कोई भी कंपनी ऐसा नहीं करती है, तो उसे अनुशासनिक कार्रवाई का सामना करना पड़ेगा और भविष्य में बोर्ड के किसी भी नए या नवीनीकृत कॉन्ट्रैक्ट में हिस्सा लेने की अनुमति नहीं दी जाएगी।
बोर्ड के अधिकारियों ने कहा कि कर्मचारियों की सामाजिक सुरक्षा और उनके अधिकार सबसे महत्वपूर्ण हैं। इसलिए बोर्ड इस दिशा में सख्ती से कदम उठा रहा है। उन्होंने बताया कि डिजिटल ट्रैकिंग और बैंक ट्रांसफर के माध्यम से भुगतान को सुनिश्चित करने के लिए नई प्रक्रियाएं अपनाई जा रही हैं।
विशेषज्ञों का कहना है कि यह कदम कर्मचारियों के हित में महत्वपूर्ण है और इससे लेबर कानूनों का पालन मजबूती से सुनिश्चित होगा। इससे न केवल कर्मचारियों को उनका हक समय पर मिलेगा, बल्कि काम के प्रति कॉन्ट्रैक्टर की जवाबदेही भी बढ़ेगी।
इस तरह तमिलनाडु इलेक्ट्रिसिटी बोर्ड ने स्पष्ट संदेश दिया है कि वर्कर्स के EPF और ESI का भुगतान समय पर करना अनिवार्य है और इसे नजरअंदाज करने वाले कॉन्ट्रैक्टर भविष्य में किसी भी प्रोजेक्ट या कॉन्ट्रैक्ट में भाग नहीं ले पाएंगे।





