सिक्किम
दिल्ली में SDF का प्रदर्शन: युवा नेताओं को हिरासत में लेने का आरोप
Tara Tandi
10 Oct 2026 7:58 PM IST

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सिक्किम: पार्टी ने बताया कि 10 अक्टूबर को नई दिल्ली में मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग को लेकर हुए विरोध प्रदर्शन के दौरान सिक्किम की विपक्षी पार्टी 'सिक्किम डेमोक्रेटिक फ्रंट' (SDF) के तीन युवा नेताओं को हिरासत में लिया गया।
SDF के अनुसार, हिरासत में लिए गए नेताओं की पहचान एज़ाक मुरिंगला सुब्बा, रेवास लिंबू और कर्मा ताशी भूटिया के तौर पर हुई है।
यह प्रदर्शन 'कॉकरोच जनता पार्टी' (CJP) ने बुलाया था। पार्टी ने कुमार पर आरोप लगाया कि उन्होंने मतदाता सूची के 'स्पेशल इंटेंसिव रिविज़न' (SIR) के दौरान मतदाता सूची में हेरफेर की और मतदाता पंजीकरण के लिए इस्तेमाल होने वाले 'फॉर्म 6' से जुड़ी गड़बड़ियां कीं। रिपोर्ट के मुताबिक, विरोध प्रदर्शन के दौरान कम से कम 3,000 लोगों को हिरासत में लिया गया।
SDF की प्रवक्ता योजना खालिंग राय ने कहा कि पार्टी ने चुनावों की विश्वसनीयता बनाए रखने के लिए ज़्यादा पारदर्शिता, जवाबदेही और सुरक्षा उपायों की मांगों के समर्थन में इस प्रदर्शन में हिस्सा लिया।
उन्होंने कहा कि इलेक्ट्रॉनिक वोटिंग मशीनों (EVM) के कथित गलत इस्तेमाल, "वोट चोरी" के दावों और मतदाता सूची के SIR के दौरान नागरिकों को हुई दिक्कतों की वजह से चुनाव आयोग के प्रति जनता में असंतोष बढ़ा है।
राय ने 2019 के सिक्किम विधानसभा चुनावों पर भी सवाल उठाए। उन्होंने आरोप लगाया कि चुनाव लड़ने से अयोग्य ठहराए गए व्यक्ति को अयोग्य ठहराने और बाद में अयोग्यता की अवधि कम करने जैसी घटनाओं ने चुनावी प्रक्रिया की निष्पक्षता पर सवाल खड़े कर दिए हैं।
SDF के बयान में कहा गया, "अगर लोगों को यह लगता है कि चुनाव आयोग सत्ताधारी पार्टी के पक्ष में काम कर रहा है, तो इससे लोकतांत्रिक संस्थाओं और चुनावी प्रक्रिया में जनता का भरोसा कम होता है।"
पार्टी ने फिर से कहा कि लोकतंत्र के लिए निष्पक्ष चुनाव बहुत ज़रूरी हैं। साथ ही, पार्टी ने चुनाव आयोग से अपील की कि वह निष्पक्ष रहने की अपनी संवैधानिक ज़िम्मेदारी निभाते हुए जनता की चिंताओं का समाधान करे।
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