राजस्थान

डॉक्टरों के प्रति हिंसा दिखाने पर आईएमए ने जताई चिंता

Admindelhi1
24 Oct 2026 9:56 AM IST
डॉक्टरों के प्रति हिंसा दिखाने पर आईएमए ने जताई चिंता
x
डॉक्टरों की छवि पर हिंसक चित्रण को लेकर आईएमए ने जताया ऐतराज

जोधपुर: फिल्म ‘सूर्या-अंत से आरंभ तक’ के टीजर में चिकित्सकों एवं अस्पतालों के नकारात्मक चित्रण तथा स्वास्थ्यकर्मियों के विरुद्ध हिंसा दिखाए जाने पर इंडियन मेडिकल एसोसिएशन, जोधपुर ने कड़ी आपत्ति व्यक्त की है। संगठन के पदाधिकारियों एवं वरिष्ठ चिकित्सकों ने इसे चिकित्सा समुदाय के सम्मान, सुरक्षा और डॉक्टर-मरीज के बीच विश्वास से जुड़ा गंभीर विषय बताते हुए सशक्त विरोध तथा कानूनी विकल्पों पर विचार करने की बात कही है।

आईएमए जोधपुर के सचिव डॉ. प्रदीप जैन ने बताया कि राजस्थान राज्य आईएमए ने मामले को आगे बढ़ाते हुए फिल्म के निर्माता-निर्देशक एवं केंद्रीय फिल्म प्रमाणन बोर्ड को औपचारिक पत्र भेजा है। प्रदेश अध्यक्ष डॉ. महेश शर्मा एवं मानद राज्य सचिव डॉ. एन.के. अग्रवाल सहित राज्य पदाधिकारियों ने रिलीज से पहले विवादित सामग्री की निष्पक्ष समीक्षा, आपत्तिजनक दृश्यों में आवश्यक संशोधन और स्वास्थ्यकर्मियों के विरुद्ध हिंसा का महिमामंडन रोकने की मांग की है। अन्य स्तरों पर भी विरोध की पहल हुई है। हरियाणा आईएमए ने केंद्रीय फिल्म प्रमाणन बोर्ड से फिल्म की रिलीज रोकने की मांग की है, जबकि राष्ट्रीय आईएमए ने केंद्रीय सूचना एवं प्रसारण मंत्री को पत्र लिखकर समीक्षा और आवश्यक सुधारात्मक कार्रवाई का आग्रह किया है।

आईएमए जोधपुर के अध्यक्ष डॉ. सिद्धार्थ राज लोढ़ा ने कहा कि जोधपुर से भी इस विषय पर विरोध की सशक्त आवाज उठनी चाहिए। उन्होंने कहा, यह चिकित्सकों के सम्मान से जुड़ा मुद्दा है, जिसे गंभीरता और मजबूती से उठाने की आवश्यकता है।

आईएमए जोधपुर के सदस्य डॉ. प्रदीप शर्मा ने सुझाव दिया कि जोधपुर आईएमए की ओर से जनहित याचिका दायर करने की संभावना पर विधिक राय ली जानी चाहिए। आईएमए जोधपुर के पूर्व अध्यक्ष डॉ. संजय मकवाना ने फिल्म के निर्माता एवं निर्देशक के विरुद्ध उपलब्ध कानूनी विकल्पों पर गंभीरता से विचार करने का सुझाव दिया।

वरिष्ठ पैथोलॉजिस्ट डॉ. एन.एम. मेहता ने सुझाव दिया कि आईएमए जोधपुर अथवा राजस्थान को फिल्म की रिलीज पर रोक लगाने की मांग के लिए न्यायालय में रिट याचिका दायर करने की दिशा में पहल करनी चाहिए। डॉ. आर.के. बेहरा, डॉ. रामकिशन सोनी, डॉ. मुरलीधर पालीवाल, डॉ. लवलीन जनेवजा एवं डॉ. विजय बलानी ने भी फिल्म के हिंसापूर्ण टीजर की कड़ी निंदा की तथा चिकित्सा समुदाय की गरिमा और सुरक्षा के पक्ष में एकजुट होकर आवाज उठाने का समर्थन किया।

Next Story