राजस्थान

Jaipur: सनातन परंपरा को दर्शाती है भगवान परशुराम की प्रतिमा: राजेंद्रदास महाराज

Admindelhi1
15 Jun 2026 1:19 PM IST
Jaipur: सनातन परंपरा को दर्शाती है भगवान परशुराम की प्रतिमा: राजेंद्रदास महाराज
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राजेंद्रदास महाराज ने परशुराम प्रतिमा को बताया सांस्कृतिक धरोहर

जयपुर: रैवासा-मलूक पीठ वृंदावन के आग्रदेवाचार्य राजेंद्रदास महाराज पूर्वोत्तर भारत के प्रवास के दौरान परशुराम कुंड पहुंचे, जहां उन्होंने भगवान परशुराम की 54 फीट ऊंची भव्य प्रतिमा का अवलोकन किया। प्रतिमा के विराट स्वरूप को देखकर महाराज भावुक हो गए और इसे वर्षों पुराने संकल्प की सिद्धि बताया।

परशुराम कुंड पहुंचने पर विप्र फाउंडेशन की तिनसुकिया इकाई के पदाधिकारियों ने उनका स्वागत किया। इस अवसर पर परशुराम तीर्थ के संयोजक परमेश्वर शर्मा ने बताया कि विप्र फाउंडेशन के संस्थापक सुशील ओझा के विशेष आग्रह पर आचार्य राजेंद्रदासजी महाराज संतों के एक दल के साथ तीर्थ स्थल पहुंचे।

महाराज ने कहा कि वर्ष 2013 में साधु-संतों के साथ परशुराम कुंड में स्नान के दौरान उनके मन में यह भाव जागृत हुआ था कि इस पवित्र स्थल पर भगवान परशुराम की एक भव्य प्रतिमा स्थापित होनी चाहिए। आज उसी संकल्प को साकार रूप में देखकर उन्हें अत्यंत संतोष और आध्यात्मिक आनंद की अनुभूति हो रही है।

उन्होंने कहा कि यह प्रतिमा केवल एक स्थापत्य संरचना नहीं, बल्कि भारतीय संस्कृति, सनातन परंपरा और भगवान परशुराम के आदर्शों का सशक्त प्रतीक है। उन्होंने परशुराम तीर्थ के विकास और सांस्कृतिक पुनर्जागरण के लिए किए जा रहे प्रयासों की सराहना करते हुए कहा कि यह परियोजना देशभर में सनातन चेतना को मजबूत करने का कार्य करेगी।

उल्लेखनीय है कि प्रतिमा स्थापना परियोजना के लिए आचार्य राजेंद्रदास महाराज ने पूर्व में 1,11,111 रुपये का आर्थिक सहयोग भी प्रदान किया था। इस अवसर पर उन्होंने विप्र फाउंडेशन के प्रयासों की भूरि-भूरि प्रशंसा करते हुए इसे राष्ट्रीय स्तर पर सांस्कृतिक और आध्यात्मिक जागरण का महत्वपूर्ण अभियान बताया।

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