Jaipur: परवन परियोजना में नहर निर्माण से प्रभावित खसरों को मिलेगा 868.25 लाख का मुआवजा

जयपुर: राज्य सरकार प्रदेश के समावेशी विकास और आमजन को राहत पहुंचाने के लिए प्रतिबद्धता से निरंतर सार्थक निर्णय ले रही है। इसी क्रम में अब बारां जिले में परवन वृहद सिंचाई परियोजना की दायीं मुख्य नहर के निर्माण कार्य में छूटे 82 खसरों के मुआवजे का रास्ता आसान हो गया है।
जल संसाधन मंत्री सुरेश सिंह रावत के प्रयासों से प्रभावितों को शीघ्र ही भुगतान किया जा सकेगा। इसके लिए वित्त विभाग द्वारा 868.25 लाख रुपए की विशेष अनुदान राशि की स्वीकृति प्रदान की गई है। यह राशि नगरपालिका बारां की सीमा और वर्ष 2019-20 की डीएलसी दर के अनुसार निर्धारित की गई है। उल्लेखनीय है कि दायीं मुख्य नहर की आरडी 32.00 से 89.40 किमी के मध्य अटरू तहसील के 7 गांवों (अटरू, खुरी, लक्ष्मीपुरा, छैलाबैल, मूंडला, मेरमातालाब एवं सहरोद) की कुछ भूमि मूल अवार्ड के समय भू-अर्जन प्रक्रिया से सम्मिलित नहीं हो पाई थी। भूमि के खसरों में तरसीम नहीं हो पाने के कारण कुल 82 खसरे मुआवजा प्रकिया से बाहर रह गए थे। बाद में भूमि की तरमीम पूर्ण होने पर दिसम्बर, 2020 से भू-अर्जन की कार्यवाही पुन: शुरू की गई।
इसी बीच 23 मार्च, 2021 को अटरू नगरपालिका का गठन हुआ, जिससे बाद उक्त भूमि नगरीय सीमा में आ गई। इसके चलते मुआवजा राशि का पुनर्निर्धारण भी नए नियमों के अनुसार किया गया। इस परिवर्तन से मुआवजा राशि में अन्तर उत्पन्न होने पर विभाग ने समायोजन के लिए विशेष अनुग्रह राशि का प्रस्ताव तैयार राज्य सरकार को भेजा। इसके बाद जल संसाधन मंत्री के प्रयासों से प्रस्ताव को वित्त विभाग की ओर से 4 जून, 2025 को स्वीकृति प्रदान कर दी गई है। इस निर्णय से प्रभावितों को अब न्यायोचित मुआवजा प्राप्त हो सकेगा।
दायीं मुख्य नहर का निर्माण कार्य अब और तेजी से आगे बढ़ेगा। परियोजना के तहत भूमि अधिग्रहण, पुनर्वास एवं पुनर्व्यवस्थापन से जुड़ी प्रक्रिया और जनहित को प्राथमिकता देने की दिशा में यह निर्णय महत्वपूर्ण कदम साबित होगा।





