
x
Jaipur जयपुर। मुख्य सचिव सुधांश पंत ने अधिकारियों को निर्देशित किया कि लोक सेवक होने के नाते वे आमजन के विषयों का संवेदनशीलता के साथ त्वरित एवं गुणवत्तापूर्ण निस्तारण करें। उन्होंने कहा कि अधिकारी सामान्य नागरिकों से मिलने के लिए अपने कार्यालय समय में एक निश्चित अवधि का निर्धारण करें। आमजन की परेशानियों को सुनें और धैर्य, विनम्रता एवं व्यवहार कुशलता के साथ उनकी समस्याओं का समाधान करें।
श्री पंत गुरुवार को शासन सचिवालय में आयोजित कमेटी ऑफ़ सेक्रेटरीज (सीओएस) की बैठक की अध्यक्षता कर रहे थे। उन्होंने राजकीय कार्यों में पूर्ण पारदर्शिता एवं कार्मिकों की जवाबदेही को सुनिश्चित करने के लिए अधिकारियों को नियमित रूप से अपने अधीनस्थ कार्यालयों का औचक निरिक्षण करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि अधिकारी प्रदेश के पात्र लाभार्थियों को केंद्र एवं राज्य सरकार की योजनाओं से लाभान्वित कर राहत प्रदान करें।
उन्होंने सार्वजनिक स्थानों, अस्पतालों एवं राजकीय कार्यालयों में नियमित साफ़ सफाई, कचरा निस्तारण एवं सुरक्षा व्यवस्थाओं को और अधिक बेहतर बनाने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि सम्बंधित विभागों के अधिकारी प्रदेश में आयोजित किये जा रहे शहरी एवं ग्रामीण सेवा शिविरों में हुए कार्यों का स्वयं निगरानी एवं मूल्यांकन करें।
श्री पंत ने बैठक में संपर्क पोर्टल एवं CPGRAMS (केंद्रीकृत लोक शिकायत निवारण एवं निगरानी प्रणाली) पर दर्ज परिवादों के निस्तारण की विभागवार समीक्षा की।
उन्होंने कहा कि संबंधित विभाग लम्बित अधिनियम तथा नीतियों को वित्त तथा विधि विभाग के साथ मिलकर शीघ्रता से लागू करने की दिशा में काम करें। साथ ही इस संबंध में प्रगति को सीएमआईएस पोर्टल पर अद्यतन करें। उन्होंने विभिन्न विभागों की नवीन नीतियों तथा अधिनियमों के निर्माण की घोषणाओं एवं संशोधनों की प्रगति की भी समीक्षा की।
मुख्य सचिव ने कहा कि अधिकारी प्रमुख केन्द्रीय तथा राज्य प्रवर्तित योजनाओं के लिए आवंटित राशि का समयबद्ध व्यय सुनिश्चित करें तथा अपने विभाग की योजनाओं पर व्यय की नियमित समीक्षा करें। साथ ही केन्द्रीय योजनाओं के उपयोगिता व पूर्णता प्रमाण पत्र समय से भेजना भी सुनिश्चित करें। उन्होंने विभागों को प्राप्त शिकायतों, पत्रों तथा केन्द्र सरकार से प्राप्त पत्रों, के समयबद्ध निस्तारण के लिए भी निर्देश दिये।
श्री पंत ने राज्य में "राजस्थान जन विश्वास विधेयक" लागू करने की कार्य योजना पर चर्चा की तथा इसके प्रारूप निर्माण की प्रगति की समीक्षा की। उन्होंने कहा कि जिन विभागों द्वारा प्रस्तावित प्रारूप अब तक नहीं भेजा गया है, वे शीघ्र भिजवाएं।
उन्होंने सभी विभागों में नवीन भर्तियों की स्थिति, नियमित रूप से डीपीसी की बैठक के आयोजन, नवीन नीतियों एवं अधिनियम बनाए जाने संबंधी घोषणाओं की प्रगति, सितम्बर माह की कुल लंबित एवं निस्तारित ई- पत्रावलियों की स्थिति, ई- डाक एवं अधिकारियों के औसत फाइल निस्तारण समय के संबंध में भी विस्तार से समीक्षा की तथा आवश्यक दिशा- निर्देश दिये।
बैठक में अतिरिक्त मुख्य सचिव जल संसाधन श्री अभय कुमार, अतिरिक्त मुख्य सचिव जनस्वास्थ्य एवं अभियांत्रिकी श्री अखिल अरोरा, अतिरिक्त मुख्य सचिव सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता श्रीमती अपर्णा अरोरा, अतिरिक्त मुख्य सचिव ग्रामीण विकास श्रीमती श्रेया गुहा, अतिरिक्त मुख्य सचिव वन एवं पर्यावरण श्री आनंद कुमार, अतिरिक्त मुख्य सचिव सार्वजनिक निर्माण विभाग श्री प्रवीण गुप्ता, अतिरिक्त मुख्य सचिव गृह श्री भास्कर आत्माराम सावंत, प्रमुख शासन सचिव ऊर्जा श्री अजिताभ शर्मा, प्रमुख शासन सचिव राजस्व श्री दिनेश कुमार, प्रमुख शासन सचिव आयोजना श्री भवानी सिंह देथा,शासन सचिव स्वायत्त शासन विभाग श्री रवि जैन, शासन सचिव पंचायती राज डॉ. जोगा राम सहित विभिन्न विभागों के वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे।
TagsJaipur मुख्य सचिवली विभागीय सचिवों बैठकJaipur Chief Secretary held a meeting with departmental secretaries.जनता से रिश्ता न्यूज़जनता से रिश्ताजनता से रिश्ता.कॉमआज की ताजा न्यूज़हिंन्दी न्यूज़भारत न्यूज़खबरों का सिलसिलाआज की ब्रेंकिग न्यूज़आज की बड़ी खबरमिड डे अख़बारJanta Se Rishta NewsJanta Se RishtaToday's Latest NewsHindi NewsIndia NewsKhabron Ka SilsilaToday's Breaking NewsToday's Big NewsMid Day Newspaperजनताjantasamachar newssamacharहिंन्दी समाचार
Next Story





