
न्यूज़क्रेडिट; न्यूज़18
हनुमानगढ़. राजस्थान में जोधपुर के बाद अब हनुमानगढ़ (Hanumangarh) जिले में हुई मूसलाधार बारिश (Torrential rain) ने वहां के हालात बिगाड़ दिये हैं. आफत की इस बारिश के कारण हनुमानगढ़ जिले के कई कस्बों में बाढ़ जैसे हालात हो गये हैं. वहां का जनजीवन अस्त-व्यस्त हो गया है. इसको देखते हुये जिला कलक्टर नथमल डिडेल ने सोमवार को हनुमानगढ़ समेत रावतसर और संगरिया ब्लॉक में सभी सरकारी और निजी स्कूलों अवकाश घोषित कर दिया है. कई शहरों और कस्बों में सड़कों तथा गलियों में जमा हुये पानी के निकासी के प्रयास किये जा रहे हैं.
हनुमानगढ़ जिले में रविवार शाम को मूसलाधार हुई थी. बारिश का यह दौर करीब तीन घंटे तक चला था. इन तीन घंटों में जिले के कई शहरों में बाढ़ जैसे हालात पैदा हो गये थे. जिले के संगरिया, पीलीबंगा और रावतसर में जगह-जगह पानी भरने से लोग घरों में कैद हो गये. पानी निकासी न होने से सड़कें और गलियां नहरों में तब्दील हो गई. संगरिया में नगरपालिका कर्मचारियों ने पंपों से पानी निकासी करने के प्रयास किये लेकिन तेज बरसात के आगे वे बेबस हो गये.
सड़कें और गलियां पूरी तरह जलमग्न होकर नहरों में तब्दील हो गई
पानी निकासी ना होने से ऐसी ही स्थिति पीलीबंगा में भी बनती नजर आई. वहीं रावतसर में हर बार की तरह इस बार भी हालात बिगड़ गए और सड़कें तथा गलियां पूरी तरह जलमग्न होकर नहरों में तब्दील हो गई. बारिश का पानी दुकानों और घरों में घुस गया. मानसून से पूर्व संगरिया, रावतसर और पीलीबंगा नगरपालिका ने बरसात को लेकर किसी भी तरह की कोई तैयारी नहीं की थी इसका नतीजा यह निकला कि 3 घंटे की बरसात में ही हालात बिगड़ गए.
जोधपुर में भी हो गये थे बाढ़ के हालात
उल्लेखनीय है कि इससे पहले हाल ही में जोधपुर में लगातार तीन दिन तक रुक-रुककर हुई बारिश से वहां के हालात बिगड़ गये थे. इसके चलते वहां भी जिलेभर में तीन दिन तक सभी सरकारी और निजी स्कूलों को बंद रखना पड़ा था. बारिश के कारण वहां सात लोगों की मौत हो गई थी. बाद में सेना के जवानों को मोर्चा संभालना पड़ा था. कोटा में भी भारी बारिश से हालत बिगड़ते-बिगड़ते बचे थे. जोधपुर संभाग के जालोर में भी भारी बारिश आफत खड़ी कर चुकी है. इस मानसून में प्रदेश अन्य कई इलाके भारी बारिश का दौर देख चुके हैं.