
RAJASTHAN राजस्थान: झालावाड़ जिले में डग थाना पुलिस ने एक विशेष अभियान के तहत कार्रवाई करते हुए इंडियन आर्मी के एक जवान समेत चार नशे के तस्करों को गिरफ्तार किया। पुलिस ने इनके कब्जे से कुल 103 किलो गांजा बरामद किया। यह तस्करी एक संगठित गिरोह द्वारा की जा रही थी और आरोपी एक लग्जरी कार में गांजा लेकर जा रहे थे। पुलिस के अनुसार, इस दौरान आरोपी के पीछे एक ट्रक भी आ रहा था, जिसमें गांजे की एक और बड़ी खेप रखी हुई थी। प्रारंभिक जांच में सामने आया कि आर्मी का जवान नाकाबंदी पार करवाने के लिए अपने सरकारी कार्ड का इस्तेमाल करता था, जिससे तस्करों की गतिविधियों में मदद मिलती थी।
झालावाड़ जिला पुलिस अधीक्षक अमित कुमार ने बताया कि जिले में अवैध मादक पदार्थ तस्करी और संगठित अपराध को रोकने के लिए विशेष अभियान चलाया जा रहा है। इसी अभियान के तहत जिले के सभी थाना अधिकारियों को मादक पदार्थों की खरीद-फरोख्त और तस्करी पर कड़ी निगरानी रखने के निर्देश दिए गए हैं। पुलिस को जिला स्पेशल टीम से सूचना मिली कि डग थाना क्षेत्र के दुधलिया चौकी के पास तस्करी के लिए वाहन गुजर सकते हैं। सूचना के आधार पर चौकी पर नाकाबंदी लगाई गई और वाहनों की चेकिंग की गई। इसी कार्रवाई के दौरान तस्करों को पकड़ने में सफलता मिली।
पुलिस ने बताया कि गिरफ्तार किए गए चारों आरोपी नशे की बड़ी खेप को जिले और आसपास के क्षेत्रों में सप्लाई करने की योजना बना रहे थे। इनकी गतिविधियों पर लंबे समय से निगरानी रखी जा रही थी। इस गिरोह में शामिल आर्मी जवान की भूमिका गंभीर मानी जा रही है, क्योंकि उसने सरकारी पद का दुरुपयोग कर तस्करों को संरक्षण दिया। जिले में 103 किलो गांजा बरामद करना पुलिस के लिए बड़ी सफलता मानी जा रही है। यह मात्रा तस्करों के लिए आर्थिक रूप से लाभकारी थी और यदि यह बरामद न होती, तो यह अन्य राज्यों में बड़े पैमाने पर सप्लाई की जाती। पुलिस का कहना है कि इस गिरफ्तारी से जिले में अवैध मादक पदार्थों की तस्करी पर प्रभावी रोक लगेगी।
झालावाड़ जिला पुलिस ने पूरे मामले की गहन जांच शुरू कर दी है। आरोपी तस्करों से पूछताछ जारी है और पुलिस अन्य संभावित सहयोगियों और तस्करी के नेटवर्क का पता लगाने में जुटी हुई है। इसके अलावा, आर्मी जवान के खिलाफ भी विभागीय कार्रवाई की संभावना जताई जा रही है। पुलिस ने लोगों से अपील की है कि वे किसी भी संदिग्ध नशा तस्करी की जानकारी तुरंत पुलिस को दें। जिला पुलिस अधीक्षक ने कहा कि इस अभियान के तहत जिले के सभी हिस्सों में लगातार निगरानी और चेकिंग जारी रहेगी ताकि अवैध मादक पदार्थों की तस्करी पूरी तरह रोकी जा सके। इस गिरफ्तारी से यह संदेश भी गया है कि चाहे आरोपी के पास सरकारी पद हो या न हो, कानून के सामने सभी बराबर हैं। पुलिस का कहना है कि जिले में नशे के खिलाफ अभियान को और तेज किया जाएगा और ऐसे गिरोहों को किसी भी सूरत में बख्शा नहीं जाएगा।





