पंजाब

Punjab: मिड-डे मील विवाद, कांग्रेस के आरोपों पर शिक्षा विभाग का जवाब

Ratna Netam
7 May 2026 12:23 PM IST
Punjab: मिड-डे मील विवाद, कांग्रेस के आरोपों पर शिक्षा विभाग का जवाब
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Punjab.पंजाब: पंजाब में मिड-डे मील कार्यक्रम को लेकर कांग्रेस द्वारा उठाए गए आरोपों को पंजाब शिक्षा विभाग ने पूरी तरह से निराधार बताया है। विभाग ने स्पष्ट किया है कि राज्य के सरकारी स्कूलों में बच्चों को पौष्टिक और सुरक्षित भोजन उपलब्ध कराया जा रहा है, और किसी भी तरह की गड़बड़ी या लापरवाही की जानकारी नहीं है।
शिक्षा विभाग के प्रवक्ता ने संवाददाताओं से कहा, “मिड-डे मील कार्यक्रम पूरी तरह से नियमित रूप से चल रहा है। कांग्रेस द्वारा लगाए गए आरोप गलत और बिना आधार के हैं। हमारी प्राथमिकता बच्चों का पोषण और स्वास्थ्य सुनिश्चित करना है। राज्य में सभी स्कूलों में निर्धारित मापदंडों के अनुसार भोजन प्रदान किया जा रहा है।”
पंजाब के शिक्षा विभाग ने बताया कि राज्य में लगभग 1.5 लाख सरकारी स्कूल हैं और मिड-डे मील योजना के अंतर्गत प्रतिदिन लाखों बच्चों को भोजन उपलब्ध कराया जाता है। विभाग ने यह भी कहा कि खाद्य सुरक्षा और गुणवत्ता के लिए नियमित जांच की जाती है और सभी आवश्यक दिशा-निर्देशों का पालन सुनिश्चित किया जाता है।
विभाग ने कांग्रेस के आरोपों पर कहा कि उनका उद्देश्य राजनीतिक लाभ उठाना है। अधिकारीयों ने यह भी स्पष्ट किया कि किसी भी प्रकार की शिकायत या गड़बड़ी सामने आने पर तुरंत कार्रवाई की जाती है। पिछले वर्ष की रिपोर्टों और निरीक्षणों के अनुसार, मिड-डे मील कार्यक्रम राज्य में प्रभावी रूप से लागू हो रहा है और बच्चों को स्वस्थ और पौष्टिक भोजन मिल रहा है।
शिक्षा विशेषज्ञों का कहना है कि मिड-डे मील जैसी योजनाएं बच्चों की पोषण और शिक्षा के लिए बेहद महत्वपूर्ण हैं। ऐसे समय में जब विपक्ष इस पर आरोप लगाता है, तो यह बच्चों के हित के बजाय राजनीतिक बयानबाजी लगती है। विशेषज्ञों का मानना है कि यदि कोई वास्तविक समस्या होती तो विभाग ने उसे तुरंत सार्वजनिक रूप से साझा किया होता, लेकिन मौजूदा स्थिति में ऐसा कोई सबूत नहीं है।
विभाग ने यह भी कहा कि राज्य में स्कूलों के भोजन कक्ष और स्टोरेज की नियमित निगरानी की जाती है। खाद्य सामग्री की गुणवत्ता सुनिश्चित करने के लिए अलग-अलग जिलों में नियमित निरीक्षण दल बनाए गए हैं। इसके अलावा, राज्य सरकार ने अभिभावकों और शिक्षकों से भी यह अपील की है कि वे किसी भी संदिग्ध गतिविधि या शिकायत को तुरंत रिपोर्ट करें।
कांग्रेस के आरोपों के खंडन के बाद, शिक्षा विभाग ने जोर देकर कहा कि मिड-डे मील कार्यक्रम राज्य सरकार की प्राथमिकताओं में शामिल है और इसका उद्देश्य बच्चों के स्वास्थ्य और पोषण को बेहतर बनाना है। अधिकारीयों ने कहा कि किसी भी राजनीतिक आरोप से बच्चों के हित में कोई बाधा नहीं आएगी।
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