पंजाब

किरण बेदी का चन्‍नी सरकार से सवाल, पूछा- 'जब पीएम पंजाब में थे उस वक्‍त DGP और DM कहां थे'

Kunti
8 Jan 2022 3:32 PM GMT
किरण बेदी का चन्‍नी सरकार से सवाल, पूछा- जब पीएम पंजाब में थे उस वक्‍त DGP और DM कहां थे
x
पंजाब (Punjab) के फिरोजपुर में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी (Prime Minister Narendra Mod) की सुरक्षा में चूक को लेकर पूर्व आईपीएस अधिकारी किरण बेदी ने सवाल उठाए हैं.

पंजाब (Punjab) के फिरोजपुर में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी (Prime Minister Narendra Mod) की सुरक्षा में चूक को लेकर पूर्व आईपीएस अधिकारी किरण बेदी ने सवाल उठाए हैं. उन्‍होंने सवाल किया है कि जिस वक्‍त प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पंजाब में थे उस वक्‍त डीजीपी और डीएम कहां थे? उन्‍होंने कहा कि जिस तरह से कई आलाधिकारी मौके पर नहीं थे, उससे क्‍या ये नहीं लगता कि यह एक बड़ी साजिश थी? किरण बेदी ने चन्‍नी सरकार पर निशाना साधते हुए कहा है कि जहां तक प्रधानमंत्री मोदी की सुरक्षा में चूक का सवाल है तो पहली चूक तभी हो गई थी जब डीजीपी वहां मौजूद ही नहीं थे. डीजीपी ही नहीं राज्य के गृह मंत्री और गृह सचिव भी मौजूद नहीं थे. यहां तक की जिलाधिकारी भी नदारद थे.

किरण बेदी ने कहा, पुल रुकने के लिए एक खतरनाक जगह है क्योंकि पुल को बम से आसानी से उड़ा सकते हैं. सुरक्षा में सबसे बड़ी चूक वहां DGP का न होना था. गृह और मुख्य सचिव एवं ज़िलाधिकारी भी वहां मौज़ूद नहीं थे. यह साफ तौर पर प्रधानमंत्री पर सुनियोजित तरीके से हमले का मामला लगता है. उन्‍होंने कहा कि अगर हम राज्य पुलिस पर भरोसा नहीं कर सकते तो हम किस पर भरोसा करें?"

बता दें कि बुधवार की सुबह प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी बठिंडा पहुंचे थे जहां से उन्हें हेलिकॉप्टर से हुसैनीवाला स्थित राष्ट्रीय शहीद स्मारक जाना था. लेकिन बारिश और खराब विजिबिलिटी के चलते पीएम ने करीब 20 मिनट तक मौसम साफ होने का इंतजार किया. जब मौसम में सुधार नहीं हुआ, तो यह तय किया गया कि वह सड़क मार्ग से राष्ट्रीय शहीद स्मारक का दौरा करेंगे, जिसमें 2 घंटे से अधिक समय लगना था. गृह मंत्रालय ने बताया कि डीजीपी पंजाब पुलिस द्वारा आवश्यक सुरक्षा प्रबंधों की आवश्यक पुष्टि की गई थी.
इसके बाद प्रधानमंत्री सड़क मार्ग से यात्रा करने के लिए आगे बढ़े. हुसैनीवाला में राष्ट्रीय शहीद स्मारक से लगभग 30 किलोमीटर दूर, जब पीएम का काफिला एक फ्लाईओवर पर पहुंचा, तो पाया गया कि कुछ प्रदर्शनकारियों ने सड़क को ब्लॉक किया हुआ था. इसने बताया कि प्रधानमंत्री मोदी को 15-20 मिनट तक फ्लाईओवर पर फंसे रहना पड़ा. यह प्रधानमंत्री की सुरक्षा में एक बड़ी चूक थी.
सुरक्षा चूक को लेकर राज्य सरकार से मांगी गई रिपोर्ट
गृह मंत्रालय ने सुरक्षा में इस गंभीर चूक का संज्ञान लेते हुए राज्य सरकार से विस्तृत रिपोर्ट मांगी है. राज्य सरकार को भी इस चूक की जिम्मेदारी तय करने और सख्त कार्रवाई करने को कहा गया है.


Next Story
© All Rights Reserved @Janta Se Rishta
Share it