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ओडिशा में हॉस्टलों में LPG सुरक्षा पर सख्ती, PNG कनेक्शन अपनाने के निर्देश जारी

Kavita2
26 Jun 2026 9:30 AM IST
ओडिशा में हॉस्टलों में LPG सुरक्षा पर सख्ती, PNG कनेक्शन अपनाने के निर्देश जारी
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Odisha ओडिशा: उच्च शिक्षा विभाग ने राज्य के सभी उच्च शिक्षण संस्थानों (HEIs) को निर्देश जारी करते हुए हॉस्टलों में एलपीजी (LPG) सप्लाई की कड़ी निगरानी सुनिश्चित करने और जहाँ भी संभव हो वहाँ पाइप्ड नेचुरल गैस (PNG) कनेक्शन अपनाने को कहा है। यह कदम छात्रों की सुरक्षा और हॉस्टल व्यवस्था को सुरक्षित एवं सुचारु बनाए रखने के उद्देश्य से उठाया गया है।

यह निर्देश राज्य संकट प्रबंधन समूह की दूसरी बैठक में हुई चर्चा और उच्च शिक्षा विभाग के कमिश्नर-सह-सचिव द्वारा दिए गए सुझावों के बाद जारी किया गया है। विभाग का मानना है कि हॉस्टलों में गैस आपूर्ति से जुड़ी किसी भी प्रकार की लापरवाही बड़े हादसे का कारण बन सकती है, इसलिए इस पर विशेष सतर्कता बरतना जरूरी है।

25 जून को जारी एक आधिकारिक पत्र में सरकार की संयुक्त सचिव डॉ. सुजाता सुभदर्शिनी नायक ने बालासोर, भुवनेश्वर, बेरहामपुर, जयपुर और संबलपुर स्थित शिक्षा के क्षेत्रीय निदेशकों को स्पष्ट निर्देश दिए हैं। पत्र में कहा गया है कि वे अपने-अपने क्षेत्र के उच्च शिक्षण संस्थानों में विशेष रूप से हॉस्टलों में एलपीजी सप्लाई से जुड़ी समस्याओं का तत्काल समाधान सुनिश्चित करें।

निर्देश में यह भी कहा गया है कि सभी संस्थानों को एलपीजी सप्लाई में किसी भी तरह की कमी, बाधा या शिकायत की स्थिति में तुरंत कार्रवाई करनी होगी। इसके लिए क्षेत्रीय निदेशकों को यह सुनिश्चित करने के लिए कहा गया है कि उनके अधिकार क्षेत्र के सभी कॉलेज और विश्वविद्यालय समय पर गैस आपूर्ति से जुड़ी समस्याओं की जानकारी दें।

विभाग ने एक महत्वपूर्ण कदम के तहत एलपीजी से संबंधित शिकायतों के लिए एक विभागीय हेल्पलाइन नंबर स्थापित करने का भी निर्देश दिया है। इस हेल्पलाइन का व्यापक प्रचार-प्रसार किया जाएगा ताकि छात्र, हॉस्टल प्रबंधन और कर्मचारी किसी भी समस्या की जानकारी तुरंत दे सकें और उसका समाधान शीघ्र किया जा सके।

सरकार ने यह भी स्पष्ट किया है कि सभी शिकायतों की नियमित निगरानी की जाए और उनका त्वरित समाधान सुनिश्चित किया जाए। निर्देश में कहा गया है कि किसी भी स्थिति में हॉस्टलों के कामकाज या छात्रों की दैनिक गतिविधियों पर असर नहीं पड़ना चाहिए।

इसके साथ ही विभाग ने एक एहतियाती कदम के रूप में सभी उच्च शिक्षण संस्थानों को निर्देश दिया है कि जहाँ भी आधारभूत ढांचा उपलब्ध हो, वहाँ बिना किसी देरी के PNG कनेक्शन अपनाया जाए। सरकार का मानना है कि PNG प्रणाली एलपीजी की तुलना में अधिक सुरक्षित और स्थिर विकल्प है, जिससे दुर्घटनाओं की संभावना कम हो जाती है।

शिक्षा विभाग ने यह भी कहा है कि हॉस्टलों में गैस आपूर्ति व्यवस्था को लेकर नियमित निरीक्षण किया जाए और सुरक्षा मानकों का पालन सख्ती से सुनिश्चित किया जाए। इसके लिए संस्थानों को अपने स्तर पर निगरानी तंत्र मजबूत करने के निर्देश दिए गए हैं।

इस पहल को छात्रों की सुरक्षा और हॉस्टल प्रबंधन व्यवस्था में सुधार की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। विशेषज्ञों का कहना है कि हॉस्टलों में बड़ी संख्या में छात्र रहते हैं, इसलिए गैस आपूर्ति जैसे संवेदनशील मुद्दों पर विशेष ध्यान देना आवश्यक है।

राज्य सरकार का यह निर्देश न केवल सुरक्षा मानकों को मजबूत करने की दिशा में एक कदम है, बल्कि यह आधुनिक और सुरक्षित ऊर्जा विकल्पों को अपनाने की नीति को भी दर्शाता है। उम्मीद की जा रही है कि इन निर्देशों के लागू होने से हॉस्टलों में गैस सप्लाई से जुड़ी समस्याओं में कमी आएगी और छात्रों को सुरक्षित वातावरण मिलेगा।

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