ओडिशा

बारिश में टूटा रास्ता अंतिम संस्कार के लिए नदी पार करने को मजबूर हुए लोग

Ratna Netam
17 Sept 2026 5:42 PM IST
बारिश में टूटा रास्ता अंतिम संस्कार के लिए नदी पार करने को मजबूर हुए लोग
x
कोरापुट देश में विकास और बेहतर सुविधाओं के दावों के बीच कई दूरदराज इलाकों की तस्वीर आज भी अलग कहानी बयां करती है। एक ऐसा ही मामला सामने आया है, जहां ग्रामीणों को अंतिम संस्कार के लिए शव को लेकर उफनती नदी पार करनी पड़ी। गांव में पुल और पक्के रास्ते की सुविधा नहीं होने के कारण लोगों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा।बारिश के मौसम में नदी का जलस्तर बढ़ने से ग्रामीणों की मुश्किलें और बढ़ गईं। मजबूरी में लोगों ने जान जोखिम में डालकर शव को नदी के दूसरी ओर ले जाने का फैसला किया, ताकि अंतिम संस्कार की प्रक्रिया पूरी की जा सके।
अंतिम यात्रा में भी संघर्ष
आमतौर पर किसी व्यक्ति की अंतिम यात्रा को सम्मान और शांति के साथ पूरा करने की कोशिश की जाती है, लेकिन इस गांव के लोगों के लिए यह सफर बेहद कठिन बन गया।सड़क और पुल की सुविधा नहीं होने के कारण ग्रामीणों को नदी पार करनी पड़ी। वीडियो और तस्वीरें सामने आने के बाद यह मामला चर्चा में आ गया।ग्रामीणों का कहना है कि लंबे समय से वे इस समस्या का सामना कर रहे हैं। बरसात के दिनों में गांव का संपर्क आसपास के इलाकों से कमजोर हो जाता है।
बारिश में बढ़ जाती है परेशानी
ग्रामीण क्षेत्रों में मानसून के दौरान नदी-नाले उफान पर आ जाते हैं। ऐसे समय में जिन इलाकों में पुल या पक्की सड़क नहीं होती, वहां लोगों को आने-जाने में काफी दिक्कत होती है।स्कूल जाने वाले बच्चों, मरीजों और बुजुर्गों को भी कई बार ऐसी परिस्थितियों का सामना करना पड़ता है।ग्रामीणों का कहना है कि हर साल बारिश के मौसम में यही समस्या सामने आती है, लेकिन स्थायी समाधान नहीं हो पाया है।
ग्रामीणों ने बताई अपनी समस्या
ग्रामीणों के अनुसार, गांव को मुख्य मार्ग से जोड़ने के लिए पुल की जरूरत लंबे समय से महसूस की जा रही है। कई बार संबंधित विभाग और प्रशासन के सामने समस्या रखी गई, लेकिन अब तक कोई स्थायी व्यवस्था नहीं हो सकी।उनका कहना है कि सामान्य दिनों में तो किसी तरह काम चल जाता है, लेकिन बारिश के समय हालात बेहद मुश्किल हो जाते हैं।
प्रशासन के सामने चुनौती
ऐसे मामले सामने आने के बाद प्रशासन के सामने ग्रामीण क्षेत्रों में बुनियादी सुविधाएं पहुंचाने की चुनौती फिर सामने आती है।सड़क, पुल और स्वास्थ्य जैसी सुविधाएं ग्रामीण विकास के लिए महत्वपूर्ण मानी जाती हैं। दूरदराज इलाकों में इन सुविधाओं की कमी से लोगों को रोजमर्रा के जीवन में परेशानियों का सामना करना पड़ता है।
पुल नहीं होने से प्रभावित होता जीवन
किसी गांव में पुल या सड़क की कमी केवल आवागमन की समस्या नहीं होती, बल्कि इसका असर शिक्षा, स्वास्थ्य और रोजगार पर भी पड़ता है।आपात स्थिति में मरीजों को अस्पताल पहुंचाना, बच्चों का स्कूल जाना और जरूरी सामान लाना-ले जाना मुश्किल हो जाता है।
विकास कार्यों की जरूरत
ग्रामीणों का कहना है कि केवल आश्वासन से समस्या का समाधान नहीं होगा, बल्कि जमीन पर काम करने की जरूरत है।एक स्थायी पुल और बेहतर सड़क बनने से गांव के लोगों को बड़ी राहत मिल सकती है। इससे बारिश के मौसम में संपर्क टूटने की समस्या भी कम होगी।
सोशल मीडिया पर सामने आई तस्वीर
घटना से जुड़ी तस्वीरें और वीडियो सामने आने के बाद लोगों ने ग्रामीणों की परेशानी पर चिंता जताई है। कई लोगों ने प्रशासन से ऐसे क्षेत्रों में जल्द सुविधाएं उपलब्ध कराने की मांग की है।ऐसी घटनाएं यह सवाल खड़ा करती हैं कि दूरदराज के इलाकों में बुनियादी सुविधाओं की पहुंच कितनी मजबूत है।
Next Story