
Odisha ओडिशा: सरकार ने लंबे समय से बंद पड़ी बडम्बा कोऑपरेटिव शुगर इंडस्ट्रीज लिमिटेड (BCSIL) को फिर से शुरू करने के प्रस्ताव को कैबिनेट में मंज़ूरी के लिए रखा है। इस पहल के तहत, सरकार ने स्टेट कैबिनेट के सामने एक इंसेंटिव पैकेज पेश किया है, जिसे इंडियन पोटाश लिमिटेड इंडस्ट्रियल पॉलिसी रेज़ोल्यूशन 2022 के नियमों के तहत लागू किया जाएगा।
बडम्बा शुगर मिल 2011 से बंद पड़ी हुई थी, जिससे इलाके के गन्ना किसानों और ग्रामीण अर्थव्यवस्था पर गंभीर असर पड़ा। मिल बंद होने के बाद, कई किसानों ने गन्ने की खेती छोड़कर धान की खेती की ओर रुख किया, जिससे स्थानीय चीनी-आधारित इंडस्ट्रियल इकोसिस्टम पूरी तरह टूट गया। इस स्थिति ने किसानों की आय और रोजगार पर नकारात्मक असर डाला, साथ ही क्षेत्र की औद्योगिक गतिविधियों को भी प्रभावित किया।
इस समस्या के समाधान के लिए मुख्यमंत्री ने पहले इंडियन पोटाश लिमिटेड से यूनिट को पुनः शुरू करने का अनुरोध किया था। कंपनी ने इस अनुरोध पर प्रतिक्रिया देते हुए पुरानी मिल की जगह पर ₹352 करोड़ का इंटीग्रेटेड ग्रीनफील्ड शुगर कॉम्प्लेक्स बनाने का प्रस्ताव रखा है। यह प्रोजेक्ट इलाके में नई ऊर्जा, रोजगार और औद्योगिक विकास के लिए बड़ी उम्मीदें लेकर आया है।
प्रस्तावित प्रोजेक्ट में कई आधुनिक सुविधाएं शामिल हैं। इसमें 3,500 टन प्रतिदिन क्षमता वाला सल्फर-लेस शुगर प्लांट होगा, जो पर्यावरण के अनुकूल उत्पादन सुनिश्चित करेगा। इसके अलावा, 16 मेगावाट की कोजेनरेशन यूनिट लगी होगी, जो बिजली उत्पादन के लिए बायोमास का उपयोग करेगी। परियोजना में 10 टन प्रतिदिन क्षमता वाला कम्प्रेस्ड बायो-गैस (CBG) प्लांट भी शामिल है, जो रिन्यूएबल एनर्जी का इस्तेमाल करते हुए मिल की ऊर्जा जरूरतों को पूरा करेगा।
इस पहल का उद्देश्य न केवल चीनी उत्पादन को आधुनिक बनाना है, बल्कि इसे रिन्यूएबल एनर्जी कंपोनेंट्स के साथ इंटीग्रेट करके पर्यावरणीय स्थिरता को भी सुनिश्चित करना है। अधिकारी बताते हैं कि इससे क्षेत्र में रोजगार के अवसर बढ़ेंगे, स्थानीय किसानों की आय में सुधार होगा और ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूती मिलेगी।
ओडिशा सरकार की यह योजना स्थानीय उद्योगों और किसानों के लिए नई उम्मीद लेकर आई है। अधिकारी यह भी मानते हैं कि इस प्रोजेक्ट से बडम्बा क्षेत्र में औद्योगिक गतिविधियों और कृषि उत्पादन के बीच संतुलन कायम रहेगा। इसके अलावा, इस तरह के आधुनिक शुगर कॉम्प्लेक्स से राज्य की चीनी उत्पादन क्षमता में भी वृद्धि होगी।
बडम्बा शुगर मिल के पुनः संचालन से राज्य में कृषि और औद्योगिक विकास के बीच तालमेल बढ़ाने का प्रयास किया जा रहा है। यह परियोजना राज्य सरकार के आर्थिक और औद्योगिक विकास के विज़न का हिस्सा है, जो ग्रामीण क्षेत्रों में रोजगार सृजन, कृषि आधारित उद्योगों को पुनर्जीवित करने और स्थानीय अर्थव्यवस्था को मजबूती देने पर केंद्रित है।
प्रस्तावित प्रोजेक्ट के सफल क्रियान्वयन से बडम्बा शुगर मिल न केवल पुराने गौरव को पुनः प्राप्त करेगी, बल्कि राज्य की औद्योगिक और ऊर्जा जरूरतों के लिए भी एक मॉडल बन जाएगी।





