
Odisha ओडिशा: बढ़ती गर्मी और उमस को देखते हुए प्रशासन ने स्कूलों को अस्थायी रूप से बंद करने का फैसला लिया है। राज्य में तापमान में लगातार बढ़ोतरी और मौसम की गंभीर स्थिति को ध्यान में रखते हुए यह कदम उठाया गया है।
पुरी जिला प्रशासन ने सोमवार को जारी आदेश में कहा कि शिशु वाटिका से लेकर कक्षा 12वीं तक के सभी सरकारी, सरकारी सहायता प्राप्त और निजी स्कूल 21 अप्रैल से 23 अप्रैल तक बंद रहेंगे। इस दौरान शिक्षण कार्य स्थगित रहेगा।
हालांकि, आदेश में यह भी स्पष्ट किया गया है कि कक्षा 5 और कक्षा 8 की पूरक परीक्षाएं OSEPA द्वारा जारी समय-सारणी के अनुसार ही आयोजित की जाएंगी। परीक्षा में शामिल छात्रों की सुविधा और सुरक्षा के लिए विशेष इंतज़ाम करने के निर्देश दिए गए हैं।
स्कूलों के प्रधानाचार्यों को कहा गया है कि परीक्षार्थियों के लिए पीने के पानी, ORS, प्राथमिक उपचार किट, पर्याप्त वेंटिलेशन और अन्य आवश्यक सुविधाएं सुनिश्चित की जाएं ताकि किसी भी प्रकार की स्वास्थ्य समस्या से बचा जा सके।
आदेश में यह भी स्पष्ट किया गया है कि इस अवधि में स्कूलों में प्रशासनिक कार्य, नामांकन प्रक्रिया, जनगणना या SIR ड्यूटी और अन्य आवश्यक गतिविधियां सामान्य रूप से जारी रहेंगी। साथ ही शिक्षण और गैर-शिक्षण कर्मचारी पूर्व निर्धारित निर्देशों के अनुसार स्कूलों में उपस्थित रहेंगे।
इससे पहले भी राज्य के कई जिलों जैसे कटक, गंजम, खुर्दा, मयूरभंज, संबलपुर, झारसुगुड़ा, सोनपुर, बलांगीर और नुआपाड़ा में भी हीटवेव अलर्ट के कारण शैक्षणिक संस्थानों को बंद करने के आदेश जारी किए गए थे।
India Meteorological Department ने अनुमान जताया है कि 25 अप्रैल तक ओडिशा में गर्मी और उमस की स्थिति बनी रहेगी। विभाग के अनुसार, आने वाले दिनों में झारसुगुड़ा और बलांगीर जैसे जिलों में हीटवेव की स्थिति और अधिक गंभीर हो सकती है।
मौसम विभाग की चेतावनी को देखते हुए राज्य प्रशासन ने सभी जिलों में सतर्कता बढ़ा दी है। लोगों को दोपहर के समय बाहर निकलने से बचने और पर्याप्त पानी पीने की सलाह दी जा रही है। बच्चों और बुजुर्गों के स्वास्थ्य को ध्यान में रखते हुए यह निर्णय लिया गया है ताकि किसी भी प्रकार की गर्मी से संबंधित स्वास्थ्य समस्या को रोका जा सके।
राज्य में गर्मी की स्थिति को देखते हुए आगे भी आवश्यकतानुसार प्रशासनिक कदम उठाए जाने की संभावना जताई गई है।





