
Odisha ओडिशा: बलांगीर शहर के गांधी नगर इलाके में शुक्रवार तड़के एक तीन मंजिला मार्केट कॉम्प्लेक्स में भीषण आग लगने की घटना सामने आई। इस हादसे में कुल आठ दुकानें पूरी तरह जलकर खाक हो गईं, जबकि शुरुआती अनुमान के अनुसार 1 करोड़ रुपये से अधिक का नुकसान होने की आशंका जताई जा रही है। प्राथमिक जांच में आग लगने का कारण बिजली का शॉर्ट सर्किट माना जा रहा है।
घटना सुबह करीब 5:30 बजे की बताई जा रही है, जब मार्केट कॉम्प्लेक्स की ग्राउंड फ्लोर पर स्थित एक दुकान से धुआं निकलता हुआ देखा गया। उस समय आसपास मौजूद स्थानीय लोगों ने तुरंत स्थिति को गंभीर समझते हुए फायर सर्विस डिपार्टमेंट को सूचना दी। हालांकि सूचना मिलने और फायर ब्रिगेड के पहुंचने के बीच आग तेजी से फैल चुकी थी।
देखते ही देखते आग एक दुकान से दूसरी दुकान में फैलती चली गई और पूरी इमारत के कई हिस्सों को अपनी चपेट में ले लिया। आग की तीव्रता इतनी अधिक थी कि कुछ ही समय में कुल आठ दुकानें पूरी तरह जलकर नष्ट हो गईं। आग को नियंत्रित करने के लिए मौके पर तीन से अधिक फायर टेंडर लगाए गए। फायरफाइटर्स ने कड़ी मशक्कत के बाद कई घंटों की मेहनत से आग पर काबू पाया।
इस भीषण अग्निकांड में जिन दुकानों को सबसे अधिक नुकसान हुआ, उनमें एक ऑटोमोबाइल गैराज, फर्नीचर की दुकान, मिक्सर-ग्राइंडर की दुकान, गाड़ियों के स्पेयर पार्ट्स की दुकान, इलेक्ट्रिक व्हीकल (EV) बाइक गैराज और एक दवा दुकान का हिस्सा शामिल है। इन दुकानों में रखे गए सामान और उपकरण पूरी तरह नष्ट हो गए।
सबसे बड़ा नुकसान गैराज में हुआ, जहां मरम्मत के लिए लाई गई मोटरसाइकिल, स्कूटर और कई इलेक्ट्रिक वाहनों सहित करीब 20 गाड़ियां आग की चपेट में आकर पूरी तरह जल गईं। वाहन मालिकों और दुकानदारों को भारी आर्थिक नुकसान उठाना पड़ा है, जिससे स्थानीय व्यापारियों में चिंता का माहौल है।
आग ने केवल दुकानों को ही नहीं, बल्कि पूरे मार्केट कॉम्प्लेक्स के ढांचे को भी गंभीर रूप से नुकसान पहुंचाया है। दुकानों के अंदर रखे सामान, मशीनें, इलेक्ट्रॉनिक उपकरण और फर्नीचर पूरी तरह नष्ट हो गए। प्रारंभिक आकलन के अनुसार कुल नुकसान 1 करोड़ रुपये से भी अधिक हो सकता है, हालांकि अंतिम आंकड़ा जांच के बाद ही स्पष्ट होगा।
घटना के बाद स्थानीय प्रशासन और अग्निशमन विभाग की टीम ने मौके पर पहुंचकर स्थिति का जायजा लिया। राहत और बचाव कार्य पूरा होने के बाद अब क्षति का विस्तृत आकलन किया जा रहा है। अधिकारियों ने बताया कि आग पर पूरी तरह काबू पा लिया गया है और स्थिति अब नियंत्रण में है।
इस घटना में राहत की बात यह रही कि किसी भी प्रकार की जनहानि की सूचना नहीं मिली है। समय रहते लोगों को आग की जानकारी मिल जाने के कारण बड़ी दुर्घटना टल गई। स्थानीय लोगों की तत्परता और फायर ब्रिगेड की तेजी से कार्रवाई के कारण आग को और फैलने से रोका जा सका।
प्रशासन ने इस घटना की जांच शुरू कर दी है। प्रारंभिक तौर पर शॉर्ट सर्किट को आग लगने का कारण माना जा रहा है, लेकिन विस्तृत जांच के बाद ही वास्तविक कारणों की पुष्टि की जाएगी। साथ ही यह भी देखा जा रहा है कि क्या बिजली व्यवस्था में किसी प्रकार की तकनीकी खराबी या लापरवाही इस घटना के लिए जिम्मेदार थी।
इस हादसे के बाद स्थानीय व्यापारियों में दहशत और चिंता का माहौल है। प्रभावित दुकानदारों ने प्रशासन से मुआवजे और पुनर्वास की मांग की है। उनका कहना है कि अचानक लगी इस आग ने उनकी आजीविका को गंभीर रूप से प्रभावित किया है।
फिलहाल प्रशासन ने प्रभावित क्षेत्र का निरीक्षण कर आगे की कार्रवाई शुरू कर दी है और यह सुनिश्चित करने की कोशिश की जा रही है कि भविष्य में इस तरह की घटनाओं को रोका जा सके। यह घटना एक बार फिर शहरी बाजारों में अग्नि सुरक्षा व्यवस्था की समीक्षा की जरूरत को उजागर करती है।





