
Odisha ओडिशा: पुरी जिले में विजिलेंस विभाग ने गुरुवार को एक बड़ी कार्रवाई करते हुए एक फॉरेस्टर को रिश्वत लेते हुए रंगे हाथों गिरफ्तार किया है। आरोपी पर ट्रैक्टर मालिक से 25,000 रुपये की अवैध मांग करने का आरोप है।
गिरफ्तार अधिकारी की पहचान अंकुई, डेलैंग रेंज के फॉरेस्टर राकेश कुमार पांडा के रूप में हुई है। उसे विजिलेंस विभाग ने एक सुनियोजित ट्रैप ऑपरेशन के दौरान शिकायतकर्ता से रिश्वत की रकम लेते हुए पकड़ा।
जानकारी के अनुसार, फॉरेस्टर ने ट्रैक्टर मालिक से अपने खेत में मिट्टी ढुलाई के लिए फॉरेस्ट रोड के उपयोग की अनुमति देने के बदले पैसे की मांग की थी। उसने कथित तौर पर धमकी दी थी कि यदि बिना अनुमति के फॉरेस्ट रोड का उपयोग किया गया, तो ट्रैक्टर को जब्त कर लिया जाएगा।
पुरी ज़िला के डेलैंग रेंज क्षेत्र में यह पूरा मामला सामने आया। विजिलेंस अधिकारियों के अनुसार, फॉरेस्टर द्वारा लगातार दबाव बनाए जाने और अवैध मांग पूरी न कर पाने के कारण ट्रैक्टर मालिक मानसिक रूप से परेशान हो गया था।
इसके बाद पीड़ित ने ओडिशा विजिलेंस विभाग से संपर्क कर पूरी शिकायत दर्ज कराई। शिकायत को गंभीरता से लेते हुए विभाग ने योजना बनाकर जाल बिछाया और कार्रवाई को अंजाम दिया।
ट्रैप ऑपरेशन के दौरान जैसे ही आरोपी फॉरेस्टर ने शिकायतकर्ता से 25,000 रुपये की रिश्वत ली, विजिलेंस टीम ने मौके पर ही उसे पकड़ लिया। उसके पास से रिश्वत की राशि भी बरामद कर ली गई है।
विजिलेंस विभाग ने बताया कि आरोपी के खिलाफ भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत मामला दर्ज किया जा रहा है और आगे की जांच शुरू कर दी गई है। यह भी जांच की जा रही है कि क्या आरोपी पहले भी इस तरह की अवैध वसूली में शामिल रहा है।
इस कार्रवाई के बाद क्षेत्र में सरकारी कर्मचारियों के बीच हड़कंप मच गया है। वहीं, स्थानीय लोगों ने विजिलेंस विभाग की इस कार्रवाई की सराहना की है।
अधिकारियों का कहना है कि भ्रष्टाचार के मामलों में किसी भी प्रकार की ढिलाई नहीं बरती जाएगी और आगे भी ऐसी कार्रवाई लगातार जारी रहेगी।





