
Odisha ओडिशा : सरकार भले ही हाथियों की सुरक्षा के लिए कदम उठा रही हो, लेकिन हादसों में वे मर रहे हैं। मंगलवार को अनुगुल जिले के चांदीपाड़ा वन क्षेत्र में एक हाथी का शव मिला। अनुमान है कि इसकी उम्र 25 वर्ष है। वन अधिकारियों ने प्रारंभिक तौर पर अनुमान लगाया है कि सौर ऊर्जा से चलने वाली बाड़ से टकराने से इसकी मौत हुई है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद सटीक जानकारी मिल सकेगी। मालूम हो कि राज्य में जनवरी से मई तक 58 हाथियों की मौत हो चुकी है। अधिकारियों ने बताया कि ज्यादातर मौतें दासपल्ला, भंजनगर, चांदीपाड़ा, केंझर, सुंदरगढ़ और संबलपुर के वन क्षेत्रों में हुई हैं।
बिजली के तार हाथियों का गला घोंट रहे हैं। दूसरी ओर रेलवे ट्रैक पार करते समय वे ट्रेन की चपेट में भी आ रहे हैं। बिजली विभाग की देखरेख कर रहे उपमुख्यमंत्री कनकवर्धन सिंह देब और वन एवं पर्यावरण मंत्री गणेश राम सिंह खुंटिया ने हाल ही में वन, बिजली और ईस्ट कोस्ट रेलवे के अधिकारियों के साथ बैठक की बुधवार को प्रमुख पर्यावरणविद् सुकांत पटनायक ने कहा कि पर्यावरण से जुड़े वन्यजीवों की सुरक्षा के लिए स्थायी कदम उठाए जाने चाहिए।





