
Odisha ओडिशा: ओडिशा की राजधानी भुवनेश्वर में लगातार बढ़ती गर्मी और अधिक आर्द्रता (ह्यूमिडिटी) के कारण लोगों को सुबह के समय भी भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। मौसम के ताज़ा आंकड़ों के अनुसार, तापमान भले ही सामान्य स्तर पर हो, लेकिन नमी के कारण “फील लाइक” यानी हीट इंडेक्स काफी अधिक दर्ज किया जा रहा है।
सुबह 5:30 बजे दर्ज किए गए मौसम अवलोकन के अनुसार, भुवनेश्वर में तापमान 31.4 डिग्री सेल्सियस और ह्यूमिडिटी 84 प्रतिशत रिकॉर्ड की गई। गर्मी और नमी के संयुक्त प्रभाव से शहर का हीट इंडेक्स बढ़कर लगभग 44 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया, जिससे लोगों को वास्तविक तापमान से कहीं अधिक गर्मी महसूस हुई।
मौसम विशेषज्ञों के अनुसार, जब वातावरण में नमी का स्तर अधिक होता है, तो शरीर से पसीना सही तरीके से वाष्पित नहीं हो पाता, जिसके कारण शरीर को ज्यादा गर्मी महसूस होती है। यही वजह है कि तापमान सामान्य होने के बावजूद लोगों को अत्यधिक असहजता का सामना करना पड़ रहा है।
पिछले कुछ दिनों के मौसम डेटा में भी यही पैटर्न देखने को मिला है। 21 मई को भुवनेश्वर में तापमान 29.6 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया था, लेकिन उस दिन ह्यूमिडिटी 90 प्रतिशत तक पहुंच गई थी, जिसके कारण हीट इंडेक्स लगभग 39 डिग्री सेल्सियस रहा। इसी तरह 20 मई और 19 मई को भी आर्द्रता 86 प्रतिशत से अधिक रही, जिससे हीट इंडेक्स लगातार 40 डिग्री सेल्सियस के आसपास बना रहा।
लगातार बनी इस स्थिति के कारण सुबह के समय भी लोग भारी उमस और चिपचिपी गर्मी से परेशान हैं। खासकर काम पर जाने वाले लोग, छात्र और बुजुर्ग वर्ग अधिक प्रभावित हो रहे हैं। शहर के कई इलाकों में लोग सुबह के समय भी पसीने और गर्मी की शिकायत कर रहे हैं।
मौसम विभाग के अनुसार, इस तरह की स्थिति तब बनती है जब समुद्री हवा और स्थानीय आर्द्रता मिलकर वातावरण में नमी को बढ़ा देती हैं। इससे दिन की शुरुआत में भी गर्मी का असर कम नहीं हो पाता।
स्थानीय लोगों का कहना है कि इस साल गर्मी के साथ-साथ उमस का स्तर भी असामान्य रूप से अधिक है, जिससे सामान्य दिनचर्या प्रभावित हो रही है। लोग सुबह और शाम के समय ही बाहर निकलने को प्राथमिकता दे रहे हैं, जबकि दोपहर में स्थिति और भी गंभीर हो जाती है।
मौसम विशेषज्ञों ने आने वाले दिनों में भी इसी तरह की स्थिति बने रहने की संभावना जताई है, जब तक कि बारिश या हवाओं में बदलाव नहीं होता।
फिलहाल भुवनेश्वर के लोग बढ़ती उमस और हीट इंडेक्स के कारण राहत की प्रतीक्षा कर रहे हैं, जबकि प्रशासन और स्वास्थ्य विशेषज्ञों ने लोगों को अधिक पानी पीने और धूप में कम निकलने की सलाह दी है।





