ओडिशा

दुर्गा पूजा को लेकर भुवनेश्वर में हाई अलर्ट 200 पंडालों पर पुलिस की पैनी नजर

Ratna Netam
19 Oct 2026 9:50 PM IST
दुर्गा पूजा को लेकर भुवनेश्वर में हाई अलर्ट 200 पंडालों पर पुलिस की पैनी नजर
x
भुवनेश्वर। ओडिशा की राजधानी भुवनेश्वर में दुर्गा पूजा उत्सव के दौरान श्रद्धालुओं की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए पुलिस प्रशासन ने व्यापक इंतजाम किए हैं। शहर में स्थापित लगभग 200 दुर्गा पूजा पंडालों को सुरक्षा व्यवस्था और संभावित भीड़ के आधार पर तीन श्रेणियों में बांटा गया है। इसके अलावा संवेदनशील स्थानों पर अतिरिक्त पुलिस बल, सादे कपड़ों में जवान और विशेष बचाव दल तैनात किए गए हैं। पुलिस ने फ्लाईओवर पर खतरनाक तरीके से सोशल मीडिया रील बनाने वालों पर भी निगरानी बढ़ाने का फैसला किया है।भुवनेश्वर के पुलिस उपायुक्त (डीसीपी) सरवाना विवेक एम ने सोमवार, 19 अक्टूबर को बताया कि दुर्गा पूजा के दौरान बड़ी संख्या में श्रद्धालु विभिन्न पंडालों में दर्शन करने पहुंच रहे हैं। ऐसे में भीड़ प्रबंधन, यातायात व्यवस्था और महिलाओं की सुरक्षा को प्राथमिकता दी जा रही है।
200 पूजा पंडालों को तीन श्रेणियों में बांटा
डीसीपी सरवाना विवेक एम के अनुसार, शहर में अलग-अलग आकार के लगभग 200 दुर्गा पूजा पंडालों को अनुमति दी गई है। पुलिस ने इन्हें संभावित भीड़ और आकार के आधार पर ए, बी और सी श्रेणियों में विभाजित किया है।इस व्यवस्था का उद्देश्य अधिक भीड़ वाले पंडालों में अतिरिक्त पुलिसकर्मी तैनात करना और आवश्यकता के अनुसार सुरक्षा इंतजाम सुनिश्चित करना है।स्थानीय रिपोर्टों के अनुसार, शहर में लगभग 193 प्रमुख पूजा मंडप बनाए गए हैं। इनमें 49 ए श्रेणी, 71 बी श्रेणी और 73 सी श्रेणी में रखे गए हैं।
रात दो बजे तक तैनात रहेंगे पुलिसकर्मी
डीसीपी ने बताया कि दुर्गा पूजा के दौरान अधिकांश पंडालों में श्रद्धालु आधी रात तक आते रहते हैं, जबकि कुछ स्थानों पर दर्शन का सिलसिला रात दो बजे तक चलता है।इसी को ध्यान में रखते हुए पुलिस ने देर रात तक सुरक्षा व्यवस्था बनाए रखने की तैयारी की है।प्रमुख पूजा पंडालों और भीड़भाड़ वाले इलाकों में वर्दीधारी पुलिसकर्मियों के साथ सादे कपड़ों में जवान तैनात किए जा रहे हैं।इनकी जिम्मेदारी संदिग्ध गतिविधियों, जेबकतरी, छीना-झपटी और महिलाओं के साथ दुर्व्यवहार जैसी घटनाओं पर नजर रखना होगी।
पंडालों में सीसीटीवी कैमरे लगाना अनिवार्य
पुलिस प्रशासन ने सभी पूजा समितियों को पंडालों में सीसीटीवी कैमरे लगाने के निर्देश दिए हैं।कैमरों की मदद से श्रद्धालुओं की आवाजाही पर निगरानी रखी जाएगी। साथ ही संदिग्ध गतिविधियों की पहचान करने और आपातकालीन परिस्थितियों में तत्काल कार्रवाई करने में मदद मिलेगी।पुलिस ने आयोजकों से पर्याप्त संख्या में स्वयंसेवक तैनात करने को भी कहा है, ताकि प्रवेश और निकास मार्गों पर भीड़ नियंत्रित की जा सके।)
फ्लाईओवर पर खतरनाक रील बनाने वालों पर सख्ती
दुर्गा पूजा के दौरान शहर के फ्लाईओवर और प्रमुख सड़कों पर भी विशेष निगरानी रखी जा रही है।पुलिस ने खतरनाक तरीके से वाहन चलाकर या सड़क पर रुककर सोशल मीडिया रील बनाने जैसी गतिविधियों को रोकने के लिए जांच बढ़ाने की बात कही है।अधिकारियों का कहना है कि ऐसी गतिविधियों से सड़क दुर्घटनाओं का खतरा बढ़ सकता है। इसलिए यातायात नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।
आपात स्थिति के लिए आठ विशेष बचाव दल
दुर्गा पूजा के दौरान किसी भी संभावित हादसे से निपटने के लिए अग्निशमन एवं आपातकालीन सेवा विभाग ने विशेष तैयारियां की हैं।भुवनेश्वर के विभिन्न पूजा पंडालों के आसपास आठ विशेष बचाव दल तैनात किए गए हैं।इन दलों के कर्मचारियों को भीड़ में फंसे लोगों को बचाने, प्राथमिक उपचार देने और गंभीर परिस्थितियों में आपातकालीन सहायता उपलब्ध कराने का प्रशिक्षण दिया गया है।प्रत्येक टीम में चार से पांच प्रशिक्षित कर्मचारी शामिल हैं।
कोलकाता भगदड़ के बाद सुरक्षा व्यवस्था की समीक्षा
कोलकाता के चोरबागान दुर्गा पूजा पंडाल में हुई भगदड़ के बाद ओडिशा पुलिस ने भी सुरक्षा व्यवस्था की समीक्षा की है।राज्य के प्रभारी पुलिस महानिदेशक विनयतोष मिश्रा ने अधिकारियों को पंडालों में भीड़ नियंत्रण, सुरक्षित निकास और आपातकालीन बचाव व्यवस्था पर विशेष ध्यान देने के निर्देश दिए।उन्होंने पूजा समितियों से कतारबद्ध दर्शन व्यवस्था अपनाने और क्षमता से अधिक भीड़ जमा नहीं होने देने को कहा है।
यातायात व्यवस्था में भी किए गए बदलाव
दुर्गा पूजा के दौरान बढ़ती भीड़ को देखते हुए भुवनेश्वर में 16 से 21 अक्टूबर तक विभिन्न मार्गों पर यातायात प्रतिबंध और डायवर्जन लागू किए गए हैं।प्रमुख सड़कों पर भारी वाहनों की आवाजाही नियंत्रित की जा रही है। हालांकि, एंबुलेंस, पुलिस और अग्निशमन जैसे आपातकालीन वाहनों को प्रतिबंधों से छूट दी गई है।
श्रद्धालुओं से पुलिस ने की सहयोग की अपील
पुलिस प्रशासन ने श्रद्धालुओं से अपील की है कि वे दर्शन के दौरान निर्धारित कतारों का पालन करें और अनावश्यक भीड़ न लगाएं।आयोजकों को भी सुरक्षा मानकों का पालन करने तथा प्रवेश और निकास मार्ग खुले रखने के निर्देश दिए गए हैं।प्रशासन का उद्देश्य दुर्गा पूजा उत्सव को शांतिपूर्ण और सुरक्षित वातावरण में संपन्न कराना है, ताकि श्रद्धालु बिना किसी परेशानी के माता दुर्गा के दर्शन कर सकें।
Next Story