ओडिशा

सीएम मोहन चरण माझी ने एसआरसी कंट्रोल रूम से की समीक्षा बैठक

SHIDDHANT
28 Oct 2025 9:35 PM IST
सीएम मोहन चरण माझी ने एसआरसी कंट्रोल रूम से की समीक्षा बैठक
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Odisha ओडिशा: पूर्वी तट पर मंडरा रहे चक्रवात ‘मोंथा’ (Cyclone Montha) को लेकर ओडिशा सरकार ने स्थिति की गंभीरता को देखते हुए राज्य में हाई अलर्ट जारी कर दिया है। मुख्यमंत्री मोहन चरण माझी ने मंगलवार को राज्य आपातकालीन संचालन केंद्र (SRC Control Room) से वरिष्ठ अधिकारियों के साथ स्थिति की समीक्षा की। इस दौरान उन्होंने राहत और बचाव कार्यों की तैयारियों की विस्तृत जानकारी ली और प्रशासन को हरसंभव एहतियाती कदम उठाने के निर्देश दिए।
मुख्यमंत्री माझी ने बैठक में कहा कि जन-जीवन की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता है। उन्होंने सभी जिलाधिकारियों को निर्देश दिया कि संवेदनशील और तटीय इलाकों में लोगों को पहले से सुरक्षित स्थानों पर शिफ्ट किया जाए। उन्होंने कहा कि जिला प्रशासन, आपदा प्रबंधन प्राधिकरण और पुलिस के बीच समन्वय अत्यंत आवश्यक है ताकि किसी भी आपात स्थिति में तेजी से कार्रवाई की जा सके।
बैठक में मुख्य सचिव, विशेष राहत आयुक्त (SRC) सुशांत महापात्र, आपदा प्रबंधन आयुक्त, मौसम विभाग के वरिष्ठ अधिकारी और नौसेना, तटरक्षक बल तथा NDRF के प्रतिनिधि मौजूद थे। अधिकारियों ने मुख्यमंत्री को बताया कि राज्य के 12 तटीय जिलों में राहत दल तैनात किए गए हैं, जबकि 24x7 कंट्रोल रूम संचालित किया जा रहा है।
मौसम विभाग (IMD) के अनुसार, चक्रवात मोंथा वर्तमान में उत्तर-उत्तर-पश्चिम दिशा में बढ़ रहा है और अगले कुछ घंटों में काकीनाडा और कलिंगापटनम के बीच तट से टकराने की संभावना है। इस दौरान हवा की रफ्तार 90 से 110 किलोमीटर प्रति घंटा तक पहुंच सकती है। ओडिशा के कई जिलों — गजपति, गंजाम, पुरी, केंद्रापड़ा और जगतसिंहपुर — में भारी बारिश और तेज हवाओं की चेतावनी दी गई है।
मुख्यमंत्री ने बिजली विभाग और पेयजल आपूर्ति इकाइयों को भी सतर्क रहने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि बिजली आपूर्ति बाधित होने की स्थिति में त्वरित मरम्मत दल तैयार रखें। साथ ही, मछुआरों को समुद्र में न जाने की कड़ी चेतावनी दी गई है। तटीय इलाकों में पुलिस और स्थानीय प्रशासन द्वारा लाउडस्पीकर और मोबाइल अलर्ट सिस्टम से लोगों को सतर्क किया जा रहा है।
विशेष राहत आयुक्त सुशांत महापात्र ने बताया कि अब तक 30,000 से अधिक लोगों को सुरक्षित शिविरों में स्थानांतरित किया जा चुका है। राज्य सरकार ने NDRF और ODRAF की 30 से अधिक टीमों को तैनात किया है, जबकि फायर सर्विस और सिविल डिफेंस बलों को भी तटीय जिलों में सक्रिय किया गया है।
मुख्यमंत्री माझी ने कहा कि राज्य सरकार ने पहले से सभी तैयारियां पूरी कर ली हैं। उन्होंने कहा — “हम हर नागरिक की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए प्रतिबद्ध हैं। किसी भी परिस्थिति से निपटने के लिए हमारी मशीनरी पूरी तरह तैयार है।”
ओडिशा सरकार ने केंद्र सरकार से भी संपर्क बनाए रखा है। गृह मंत्रालय और भारतीय मौसम विभाग लगातार स्थिति की निगरानी कर रहे हैं। अगले 24 घंटे राज्य के लिए बेहद अहम बताए जा रहे हैं।
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