
Odisha ओडिशा: ओडिशा के गंजम जिले के कविसूर्यनगर पुलिस स्टेशन में कथित हिरासत में टॉर्चर के कारण 32 वर्षीय दिव्यांग व्यक्ति की मौत के मामले ने राजनीतिक तूल पकड़ लिया है। विपक्षी बीजू जनता दल (BJD) ने इस घटना की जांच के लिए एक फैक्ट-फाइंडिंग टीम का गठन किया है।
पार्टी की ओर से जारी प्रेस बयान में कहा गया है कि यह टीम पीड़ित सुशांत साहू के घर जाकर उनके परिवार से मुलाकात करेगी और घटना से जुड़े तथ्यों की जानकारी जुटाएगी। इसके अलावा टीम स्थानीय लोगों और अन्य संबंधित व्यक्तियों से भी बातचीत कर पूरी स्थिति का आकलन करेगी।
बीजेडी ने बताया कि यह निर्णय पार्टी अध्यक्ष नवीन पटनायक की मंजूरी के बाद लिया गया है। बयान में कहा गया है कि टीम को इस कथित हिरासत में मौत से जुड़े सभी पहलुओं की विस्तृत जांच कर रिपोर्ट तैयार करने की जिम्मेदारी दी गई है, जिसे पार्टी नेतृत्व को सौंपा जाएगा।
घटना के बाद इलाके में तनाव का माहौल बना हुआ है। स्थानीय लोगों में इस मामले को लेकर नाराजगी देखी जा रही है। परिवार का आरोप है कि पुलिस हिरासत के दौरान दिव्यांग व्यक्ति के साथ कथित रूप से दुर्व्यवहार किया गया, जिसके चलते उसकी मौत हो गई। हालांकि पुलिस की ओर से अभी तक इस मामले में आधिकारिक रूप से विस्तृत प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है।
BJD की फैक्ट-फाइंडिंग टीम के गठन को लेकर राजनीतिक हलकों में भी चर्चा तेज हो गई है। पार्टी का कहना है कि वह इस मामले को गंभीरता से ले रही है और निष्पक्ष जांच के लिए सभी तथ्यों को सामने लाना जरूरी है।
स्थानीय प्रशासन ने कहा है कि मामले की जांच पहले से ही संबंधित अधिकारियों द्वारा की जा रही है और किसी भी तरह की लापरवाही पाए जाने पर उचित कार्रवाई की जाएगी।
इस घटना ने पुलिस कार्रवाई और हिरासत में मानवाधिकारों के मुद्दे को एक बार फिर चर्चा में ला दिया है। सामाजिक संगठनों ने भी निष्पक्ष जांच और पारदर्शिता की मांग की है।
फिलहाल फैक्ट-फाइंडिंग टीम अपनी रिपोर्ट तैयार करने में जुटी है और उम्मीद है कि जल्द ही पार्टी नेतृत्व को विस्तृत जानकारी सौंपी जाएगी।





