
सुंदरगढ़। ओडिशा के सुंदरगढ़ जिले में जमीन विवाद से जुड़ी एक सनसनीखेज घटना सामने आई है। लहूनीपाड़ा थाना क्षेत्र के गनिघासा गांव में शनिवार को चार लोगों पर एक व्यक्ति के ऊपर कथित तौर पर पेट्रोल डालकर आग लगाने का आरोप लगा है। घटना के बाद गांव में तनाव का माहौल बन गया। गंभीर रूप से झुलसे व्यक्ति को इलाज के लिए अस्पताल ले जाने की तैयारी की गई। पुलिस ने मामले को गंभीरता से लेते हुए घटना की जांच शुरू कर दी है।
घटना के बाद गांव में लोगों के बीच आक्रोश और भय का माहौल देखा गया। पुलिस ने स्थिति पर नजर रखते हुए मामले से जुड़े लोगों से पूछताछ शुरू कर दी है। शुरुआती जानकारी में घटना के पीछे जमीन विवाद की बात सामने आ रही है। हालांकि, विवाद की वास्तविक वजह और घटना में शामिल लोगों की भूमिका की पुष्टि पुलिस जांच के बाद ही हो सकेगी।
सुबह जलधारा की ओर जा रहे थे व्यक्ति
बताया गया है कि काहनू चरण महंता शनिवार सुबह शौच के लिए गांव के पास स्थित एक जलधारा की ओर जा रहे थे। इसी दौरान रास्ते में चार लोगों ने कथित तौर पर उन्हें रोक लिया।
आरोप है कि बातचीत के दौरान विवाद बढ़ गया और चारों लोगों ने काहनू चरण महंता पर पेट्रोल डाल दिया। इसके बाद कथित तौर पर उन्हें आग के हवाले कर दिया गया। घटना के बाद मौके पर अफरा-तफरी मच गई।
आसपास मौजूद लोगों ने घटना को देखा तो मदद के लिए दौड़े। आग बुझाने के बाद घायल व्यक्ति को उपचार के लिए ले जाने की व्यवस्था की गई।
जमीन विवाद से जुड़ा होने की आशंका
स्थानीय स्तर पर सामने आई जानकारी के मुताबिक, घटना का संबंध जमीन के विवाद से बताया जा रहा है। हालांकि, यह स्पष्ट नहीं है कि जमीन को लेकर विवाद कब से चल रहा था और दोनों पक्षों के बीच किस बात को लेकर विवाद था।
पुलिस मामले के सभी पहलुओं की जांच कर रही है। जांच के दौरान यह पता लगाने का प्रयास किया जा रहा है कि घटना से पहले आरोपितों और पीड़ित के बीच किसी तरह का विवाद हुआ था या नहीं।
पुलिस यह भी पता लगा रही है कि घटना के समय मौके पर कौन-कौन लोग मौजूद थे और घटना के बाद आरोपी किस दिशा में गए।
गांव में फैला तनाव
व्यक्ति को कथित तौर पर आग लगाए जाने की खबर गांव में तेजी से फैल गई। घटना की गंभीरता को देखते हुए स्थानीय लोगों में तनाव और आक्रोश का माहौल बन गया।
ग्रामीणों ने घटना की निष्पक्ष जांच और दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की है। लोगों का कहना है कि जमीन से जुड़े विवाद को लेकर इस तरह की हिंसक घटना गंभीर चिंता का विषय है।
प्रशासन और पुलिस की प्राथमिकता फिलहाल गांव में कानून-व्यवस्था बनाए रखना है, ताकि घटना के बाद किसी तरह की दूसरी अप्रिय स्थिति पैदा न हो।
पुलिस ने शुरू की जांच
घटना की सूचना मिलने के बाद लहूनीपाड़ा थाना पुलिस सक्रिय हुई। पुलिस ने घटनास्थल से संबंधित जानकारी जुटानी शुरू कर दी है। अधिकारियों ने स्थानीय लोगों से भी घटना के संबंध में पूछताछ की है।
जांच में पुलिस कथित आरोपियों की पहचान और घटना में उनकी भूमिका की पुष्टि करने में जुटी है। साथ ही, पुलिस यह भी जानने का प्रयास कर रही है कि पेट्रोल कहां से लाया गया और घटना किस तरह हुई।
मामले में प्रत्यक्षदर्शियों के बयान भी महत्वपूर्ण माने जा रहे हैं। पुलिस घटना के समय मौके पर मौजूद लोगों से जानकारी जुटाकर पूरे घटनाक्रम की कड़ियां जोड़ने का प्रयास कर रही है।
घायल की हालत पर नजर
घटना में झुलसे काहनू चरण महंता की चिकित्सा स्थिति को लेकर भी जानकारी जुटाई जा रही है। पेट्रोल डालकर आग लगाने की कथित घटना के कारण उन्हें गंभीर चोटें आने की आशंका है।
पुलिस जांच के साथ-साथ घायल के बयान को भी महत्वपूर्ण माना जा रहा है। उनकी स्थिति बेहतर होने पर घटना से जुड़ी परिस्थितियों और कथित आरोपियों के संबंध में महत्वपूर्ण जानकारी मिल सकती है।
जमीन विवाद में हिंसा ने बढ़ाई चिंता
गांव में हुई इस घटना ने जमीन विवादों के हिंसक रूप लेने को लेकर चिंता बढ़ा दी है। ग्रामीणों का कहना है कि जमीन से जुड़े मामलों को आपसी बातचीत और कानूनी प्रक्रिया के माध्यम से सुलझाया जाना चाहिए।
पुलिस भी मामले के पीछे के विवाद और घटनाक्रम की पूरी जानकारी जुटा रही है। अधिकारियों का कहना है कि जांच में सामने आने वाले तथ्यों के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
फिलहाल गनिघासा गांव में पुलिस की नजर बनी हुई है। घटना के बाद उपजे तनाव को देखते हुए प्रशासन स्थिति पर निगरानी कर रहा है। वहीं, ग्रामीणों की नजर अब पुलिस जांच और आरोपियों के खिलाफ होने वाली कार्रवाई पर टिकी है।
घटना में चार लोगों पर लगाए गए आरोपों की आधिकारिक पुष्टि जांच पूरी होने के बाद ही हो सकेगी। पुलिस सभी पहलुओं की जांच कर रही है और जमीन विवाद समेत घटना के अन्य संभावित कारणों को भी सामने लाने का प्रयास जारी है।





