ओडिशा

भुवनेश्वर में पूर्वी क्षेत्रीय परिषद की स्थायी समिति की 15वीं बैठक आयोजित

Kavita2
8 July 2026 9:39 AM IST
भुवनेश्वर में पूर्वी क्षेत्रीय परिषद की स्थायी समिति की 15वीं बैठक आयोजित
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भुवनेश्वर: ओडिशा की राजधानी भुवनेश्वर स्थित लोकसेवा भवन के स्टेट कन्वेंशन सेंटर में बुधवार को पूर्वी क्षेत्रीय परिषद (ईस्टर्न ज़ोनल काउंसिल) की स्थायी समिति (स्टैंडिंग कमिटी) की 15वीं बैठक आयोजित की गई। बैठक का आयोजन भारत सरकार के गृह मंत्रालय के अंतर्गत अंतर-राज्यीय परिषद सचिवालय (Inter-State Council Secretariat) ने ओडिशा सरकार के सहयोग से किया। बैठक का उद्देश्य पूर्वी क्षेत्र के राज्यों के बीच समन्वय को मजबूत करना तथा विभिन्न अंतरराज्यीय मुद्दों पर विचार-विमर्श कर उनके समाधान की दिशा में आगे बढ़ना था।

इस महत्वपूर्ण बैठक की अध्यक्षता मेजबान राज्य ओडिशा की मुख्य सचिव अनु गर्ग ने की। बैठक में ओडिशा के अलावा बिहार, झारखंड और पश्चिम बंगाल के वरिष्ठ प्रशासनिक अधिकारियों ने भाग लिया। विभिन्न राज्यों के प्रतिनिधियों ने प्रशासनिक समन्वय, विकास से जुड़े विषयों और साझा हितों के मुद्दों पर चर्चा की।

बैठक में भारत सरकार के गृह मंत्रालय के अंतर्गत अंतर-राज्यीय परिषद सचिवालय के सचिव आशीष श्रीवास्तव भी उपस्थित रहे। उन्होंने परिषद के उद्देश्यों और राज्यों के बीच बेहतर समन्वय की आवश्यकता पर जोर दिया। उनके साथ बिहार के मुख्य सचिव प्रत्यय अमृत, झारखंड के विकास आयुक्त अजय कुमार सिंह तथा पश्चिम बंगाल सरकार के अतिरिक्त मुख्य सचिव बिनोद कुमार ने भी बैठक में हिस्सा लिया।

बैठक में शामिल सभी राज्यों के वरिष्ठ अधिकारियों ने अपने-अपने राज्यों से जुड़े विभिन्न प्रशासनिक और विकासात्मक विषयों पर विचार साझा किए। इसके साथ ही अंतर-राज्यीय परिषद सचिवालय के वरिष्ठ अधिकारियों ने भी परिषद के कार्यों की समीक्षा और विभिन्न लंबित मामलों की प्रगति पर जानकारी प्रस्तुत की।

पूर्वी क्षेत्रीय परिषद की स्थायी समिति की बैठक को राज्यों के बीच सहयोग और समन्वय को मजबूत करने के लिए एक महत्वपूर्ण मंच माना जाता है। इस मंच के माध्यम से विभिन्न राज्यों के बीच साझा चुनौतियों, प्रशासनिक समन्वय, बुनियादी ढांचे के विकास, परिवहन, सुरक्षा, कानून-व्यवस्था, प्राकृतिक संसाधनों के प्रबंधन और अन्य अंतरराज्यीय विषयों पर चर्चा की जाती है।

बैठक के दौरान इस बात पर भी बल दिया गया कि राज्यों के बीच बेहतर तालमेल से विकास योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन में सहायता मिलती है। विभिन्न विभागों के बीच सूचनाओं के आदान-प्रदान और समन्वित प्रयासों से क्षेत्रीय विकास को नई गति मिल सकती है।

ओडिशा की मुख्य सचिव अनु गर्ग ने अपने संबोधन में सभी राज्यों के प्रतिनिधियों का स्वागत करते हुए कहा कि इस प्रकार की बैठकें राज्यों के बीच विश्वास, सहयोग और बेहतर प्रशासनिक समन्वय को बढ़ावा देती हैं। उन्होंने कहा कि साझा मुद्दों पर संवाद के माध्यम से व्यावहारिक समाधान तलाशना ही परिषद का प्रमुख उद्देश्य है।

बैठक में भाग लेने वाले अधिकारियों ने इस बात पर सहमति जताई कि पूर्वी भारत के राज्यों के सामने कई ऐसे विषय हैं, जिनका समाधान आपसी सहयोग और समन्वय से अधिक प्रभावी ढंग से किया जा सकता है। इसके लिए नियमित संवाद और समन्वय तंत्र को और मजबूत बनाने की आवश्यकता है।

अंतर-राज्यीय परिषद सचिवालय के अधिकारियों ने विभिन्न लंबित मामलों की समीक्षा करते हुए संबंधित राज्यों से आवश्यक जानकारी साझा करने और समयबद्ध कार्रवाई सुनिश्चित करने का आग्रह किया। साथ ही भविष्य में परिषद की बैठकों में उठाए गए निर्णयों के प्रभावी क्रियान्वयन पर भी जोर दिया गया।

बैठक के दौरान विभिन्न प्रशासनिक सुधारों, बेहतर शासन व्यवस्था, जनहित से जुड़े कार्यक्रमों के प्रभावी संचालन और राज्यों के बीच सहयोगात्मक कार्यप्रणाली को और सुदृढ़ बनाने पर भी चर्चा हुई। अधिकारियों ने अनुभवों के आदान-प्रदान को भी महत्वपूर्ण बताया, जिससे विभिन्न राज्यों की सफल योजनाओं और बेहतर प्रशासनिक मॉडल को अन्य राज्यों में भी लागू किया जा सके।

पूर्वी क्षेत्रीय परिषद की स्थायी समिति की यह बैठक ऐसे समय में आयोजित हुई है जब केंद्र और राज्य सरकारें सहकारी संघवाद (Cooperative Federalism) की भावना को मजबूत करने पर विशेष जोर दे रही हैं। परिषद की बैठकों को राज्यों के बीच संवाद बढ़ाने और साझा समस्याओं का समाधान खोजने के प्रभावी माध्यम के रूप में देखा जाता है।

बैठक के अंत में सभी प्रतिभागियों ने अंतरराज्यीय सहयोग को और मजबूत बनाने की प्रतिबद्धता दोहराई। अधिकारियों ने विश्वास व्यक्त किया कि इस प्रकार की नियमित बैठकों से राज्यों के बीच बेहतर समन्वय स्थापित होगा, प्रशासनिक दक्षता में वृद्धि होगी और पूर्वी क्षेत्र के समग्र विकास को नई दिशा मिलेगी।

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