
Manipur मणिपुर: नारकोटिक्स कंट्रोल ब्यूरो (NCB) ने एक बड़ी सफलता हासिल करते हुए म्यांमार के एक प्रमुख ड्रग तस्कर को दिल्ली से गिरफ्तार किया है। आरोपी की पहचान थानसिंटुआंग उर्फ चिंटुआंग के रूप में हुई है। उसे लंबी निगरानी और खुफिया जानकारी के आधार पर बॉर्डर पार से चल रही गतिविधियों के बाद पकड़ा गया।
अधिकारियों के अनुसार, चिंटुआंग म्यांमार-मिजोरम-मणिपुर-असम-त्रिपुरा-बांग्लादेश कॉरिडोर में मेथामफेटामाइन और हेरोइन की तस्करी का एक बड़ा नेटवर्क संचालित कर रहा था। यह नेटवर्क अंतरराष्ट्रीय स्तर पर फैला हुआ था और इसके जरिए भारी मात्रा में नशीले पदार्थों की सप्लाई की जाती थी।
जांच में सामने आया है कि यह पूरा गिरोह करीब 115 करोड़ रुपये की अवैध ड्रग्स की गतिविधियों में शामिल था। तस्करी के लिए यह नेटवर्क स्थानीय सहयोगियों और हवाला चैनलों का इस्तेमाल करता था, जिससे पैसे और ड्रग्स की आवाजाही को छिपाया जा सके।
NCB ने इस कार्रवाई के दौरान कई अन्य सहयोगियों को भी गिरफ्तार किया है, जिनमें हवाला ऑपरेटर लालरामपारी और एक लॉजिस्टिक्स कोऑर्डिनेटर शामिल हैं। एजेंसी ने उनके कई बैंक खातों को फ्रीज करने के साथ-साथ संपत्तियों को भी जब्त कर लिया है।
अधिकारियों का कहना है कि यह नेटवर्क लंबे समय से सक्रिय था और पूर्वोत्तर भारत के सीमावर्ती इलाकों के जरिए नशीले पदार्थों की तस्करी को अंजाम दे रहा था। जांच एजेंसियों के अनुसार, यह गिरोह अंतरराष्ट्रीय सप्लाई चेन से जुड़ा हुआ था, जिससे इसे पकड़ना चुनौतीपूर्ण था।
NCB की इस कार्रवाई को ड्रग तस्करी के खिलाफ एक बड़ी सफलता माना जा रहा है, जिससे सीमावर्ती इलाकों में सक्रिय अंतरराष्ट्रीय नेटवर्क पर बड़ा असर पड़ने की उम्मीद है।
एजेंसी अब इस नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों और वित्तीय लेन-देन की गहन जांच कर रही है, ताकि पूरे गिरोह को खत्म किया जा सके।
कुल मिलाकर, यह गिरफ्तारी ड्रग्स के अंतरराष्ट्रीय नेटवर्क पर एक महत्वपूर्ण प्रहार के रूप में देखी जा रही है, जिससे पूर्वोत्तर और सीमा क्षेत्रों में तस्करी पर अंकुश लगाने में मदद मिल सकती है।





