
Manipur मणिपुर: मणिपुर में पुलिस विभाग और राज्य सरकार ने दिवंगत कांस्टेबल सोइबम संजीत सिंह के परिवार को पहली बार 1 करोड़ रुपये की आर्थिक सहायता प्रदान की है। यह सहायता उस समय दी गई जब कांस्टेबल की जुलाई 2025 में इंफाल वेस्ट जिले के सागोलटोंगबा इलाके में ड्यूटी के दौरान मौत हो गई थी। इस घटना के बाद उनके परिवार को यह मुआवजा पुलिस सैलरी पैकेज के तहत दिया गया है।
अधिकारियों के अनुसार, यह योजना मणिपुर पुलिस और स्टेट बैंक ऑफ इंडिया (SBI) के बीच अक्टूबर 2024 में हुए एक मेमोरेंडम ऑफ अंडरस्टैंडिंग (MoU) के तहत शुरू की गई थी। इस समझौते का उद्देश्य पुलिस कर्मियों और उनके परिवारों को वित्तीय सुरक्षा और बीमा लाभ प्रदान करना है, ताकि किसी अनहोनी की स्थिति में परिवारों को आर्थिक सहारा मिल सके।
मंगलवार को इंफाल वेस्ट स्थित पुलिस अधीक्षक कार्यालय में कांस्टेबल की पत्नी को उनके बेटे की मौजूदगी में औपचारिक रूप से चेक सौंपा गया। इस मौके पर कई वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे। कार्यक्रम में एडिशनल डायरेक्टर जनरल ऑफ पुलिस (लॉ एंड ऑर्डर) एल. कैलुन, IPS सहित अन्य वरिष्ठ पुलिस अधिकारी शामिल हुए। वहीं स्टेट बैंक ऑफ इंडिया की ओर से इंफाल रीजनल मैनेजर ख. ओकेंद्र सिंह ने चेक प्रदान किया।
पुलिस सैलरी पैकेज के तहत कर्मियों को कई तरह के लाभ मिलते हैं। इसमें 1 करोड़ रुपये तक का व्यक्तिगत दुर्घटना बीमा कवर शामिल है। इसके अलावा गैर-दुर्घटना मृत्यु की स्थिति में 10 लाख रुपये का टर्म लाइफ इंश्योरेंस भी दिया जाता है। साथ ही पुलिस कर्मियों को बैंकिंग से जुड़ी सभी सामान्य सेवाएं भी इस योजना के तहत उपलब्ध कराई जाती हैं।
इस अवसर पर मणिपुर पुलिस ने स्टेट बैंक ऑफ इंडिया की सराहना करते हुए कहा कि बैंक ने दुख की इस घड़ी में परिवार को तुरंत सहायता देकर संवेदनशीलता और सहयोग का उदाहरण पेश किया है। पुलिस विभाग ने यह भी कहा कि यह पहल बल के जवानों और उनके परिवारों के प्रति संस्थागत जिम्मेदारी को मजबूत करती है।
मणिपुर पुलिस ने दोहराया कि ड्यूटी के दौरान अपने प्राण गंवाने वाले जवानों का बलिदान हमेशा सम्मान के साथ याद किया जाएगा। विभाग ने यह भी कहा कि भविष्य में भी कर्मचारियों और उनके परिवारों की सुरक्षा और कल्याण के लिए ऐसे प्रयास जारी रहेंगे, ताकि उन्हें किसी भी कठिन परिस्थिति में आर्थिक असुरक्षा का सामना न करना पड़े।
यह कदम राज्य में पुलिस बलों के लिए सामाजिक और आर्थिक सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल माना जा रहा है।





