
Manipur मणिपुर: मणिपुर पुलिस ने केंद्रीय अर्धसैनिक बलों के साथ मिलकर उखरुल ज़िले के होरेई काफुंग हिल्स (लोअर लीशान रिज) इलाके में एक संयुक्त तलाशी अभियान चलाया। यह कार्रवाई दूर-दराज़ पहाड़ी गांवों पर संभावित हमलों की योजना बना रहे कथित हथियारबंद समूहों के बारे में मिली विशेष खुफिया जानकारी के आधार पर की गई।
पुलिस अधिकारियों के अनुसार, यह अभियान करीब पांच घंटे तक चला। इस दौरान सुरक्षा बलों ने पहाड़ी की चोटी पर संदिग्ध गतिविधियों को देखा, जहां लगभग एक दर्जन हथियारबंद लोग मौजूद थे। जैसे ही सुरक्षाबलों ने घेराबंदी की, कई संदिग्ध मौके से भागने में सफल रहे, लेकिन कार्रवाई के दौरान आठ लोगों को गिरफ्तार कर लिया गया।
अधिकारियों ने बताया कि यह अभियान अत्यंत चुनौतीपूर्ण भौगोलिक परिस्थितियों में चलाया गया, क्योंकि इलाका घने जंगलों और ऊंची पहाड़ियों से घिरा हुआ है। इसके बावजूद सुरक्षा बलों ने समन्वित तरीके से इलाके को घेरकर कार्रवाई को अंजाम दिया।
गिरफ्तार किए गए लोगों से पूछताछ की जा रही है ताकि यह पता लगाया जा सके कि उनका संबंध किन संगठनों से है और क्या वे वास्तव में दूर-दराज़ गांवों में किसी हमले की योजना में शामिल थे। प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, यह समूह इलाके में सक्रिय कुछ संदिग्ध सशस्त्र नेटवर्क से जुड़ा हो सकता है, लेकिन अधिकारियों ने अभी इसकी पुष्टि नहीं की है।
पुलिस का कहना है कि अभियान के दौरान हथियारों और अन्य संदिग्ध सामग्री की भी तलाश की गई है। हालांकि विस्तृत जानकारी जांच पूरी होने के बाद ही साझा की जाएगी। सुरक्षा एजेंसियां अब इस बात की जांच कर रही हैं कि पकड़े गए लोग किस प्रकार के नेटवर्क का हिस्सा हैं और उनकी गतिविधियां कितनी व्यापक थीं।
अधिकारियों ने यह भी बताया कि भागने में सफल हुए अन्य संदिग्धों की तलाश के लिए इलाके में सर्च ऑपरेशन जारी है। आसपास के जंगलों और पहाड़ी क्षेत्रों में अतिरिक्त बलों को तैनात किया गया है ताकि किसी भी संभावित खतरे को रोका जा सके।
इस कार्रवाई को राज्य में सुरक्षा स्थिति को मजबूत करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। मणिपुर में पिछले कुछ समय से पहाड़ी और दूर-दराज़ इलाकों में हथियारबंद समूहों की गतिविधियों को लेकर चिंता बनी हुई है। ऐसे में इस तरह के संयुक्त अभियान सुरक्षा व्यवस्था को और मजबूत करने के प्रयासों का हिस्सा हैं।
पुलिस ने स्पष्ट किया है कि राज्य में शांति और सुरक्षा बनाए रखने के लिए ऐसे अभियान आगे भी जारी रहेंगे। साथ ही आम नागरिकों से अपील की गई है कि वे किसी भी संदिग्ध गतिविधि की जानकारी तुरंत सुरक्षा बलों को दें ताकि समय रहते कार्रवाई की जा सके।





