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Imphal इंफाल। मणिपुर में विपक्षी दल कांग्रेस ने बुधवार को आगामी जनगणना प्रक्रिया को स्थगित करने की मांग की है। पार्टी का कहना है कि जब तक राज्य में पूरी तरह सामान्य स्थिति बहाल नहीं हो जाती और जातीय हिंसा से प्रभावित सभी आंतरिक विस्थापित लोग अपने घरों को वापस नहीं लौट जाते, तब तक जनगणना कराना उचित नहीं होगा।
इससे पहले मृत्युंजय कुमार नारायण ने घोषणा की थी कि मणिपुर में स्व-गणना और हाउस लिस्टिंग एवं हाउसिंग जनगणना की प्रक्रिया 17 अगस्त से शुरू होकर 30 सितंबर तक चलेगी।
राज्यपाल अजय कुमार भल्ला को सौंपे गए ज्ञापन में प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष ओकरम इबोबी सिंह ने बताया कि 8 फरवरी से 10 अप्रैल के बीच राज्य के विभिन्न जिलों में हुई हिंसक घटनाओं में कम से कम आठ लोगों की मौत हुई है। मृतकों में दो बच्चे और सीमा सुरक्षा बल (बीएसएफ) का एक जवान भी शामिल है।
सिंह ने 7 अप्रैल को बिष्णुपुर जिले के त्रोंगलाओबी गांव में दो नाबालिग बच्चों की हत्या की जांच में तेजी लाने और दोषियों को तय समयसीमा में सजा दिलाने की मांग की। साथ ही, उसी दिन हुई फायरिंग की घटना, जिसमें तीन प्रदर्शनकारियों की मौत हुई थी, की जांच के लिए आयोग गठित करने की भी मांग की गई है।
उन्होंने बताया कि उखरूल और कमजोंग जिलों में दो समुदायों के बीच झड़पें और आगजनी की घटनाएं जारी हैं, जिनमें दो लोगों की मौत हुई है। इन घटनाओं के कारण 8 फरवरी से क्षेत्र का एक प्रमुख राजमार्ग भी बंद पड़ा है। 10 अप्रैल को उखरूल जिले में ड्यूटी के दौरान बीएसएफ जवान मिथुन मंडल की संदिग्ध उग्रवादियों के हमले में मौत हो गई। वह रोड ओपनिंग पार्टी के तहत सुरक्षा ड्यूटी पर तैनात थे।
कांग्रेस के ज्ञापन में आरोप लगाया गया कि पिछले तीन वर्षों में प्रशासनिक विफलताओं और स्वार्थों के कारण मणिपुर पुलिस प्रभावहीन हो गई है। पार्टी ने राज्य में कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए पुलिस व्यवस्था को बहाल, पुनर्गठित और मजबूत करने की मांग की है।
इसके अलावा, कांग्रेस ने कहा कि नागरिकता अधिनियम, 1955 के तहत नागरिकों और गैर-नागरिकों की पहचान की पारदर्शी प्रक्रिया पूरी होने और राज्य में कानून-व्यवस्था बहाल होने तक जनगणना और परिसीमन की प्रक्रिया को टाल दिया जाना चाहिए। पार्टी ने अवैध घुसपैठ और विदेशी नागरिकों से जुड़े मामलों के समाधान के लिए मणिपुर में इमिग्रेशन एंड फॉरेनर्स एक्ट, 2025 के तहत फॉरेनर्स ट्रिब्यूनल स्थापित करने की भी मांग की है।
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