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अरुणाचल प्रदेश में बड़ी कार्रवाई, NSCN-K (निक्की सुमी) से जुड़े 3 उग्रवादी गिरफ्तार

Arunachal Pradesh अरुणाचल प्रदेश: खास इंटेलिजेंस इनपुट के आधार पर असम राइफल्स और अरुणाचल प्रदेश पुलिस की संयुक्त टीम ने शुक्रवार को तिरप जिले के खोंसा स्थित वांचो कॉलोनी इलाके में एक बड़ा ऑपरेशन चलाया। इस कार्रवाई के दौरान प्रतिबंधित संगठन NSCN-K (निक्की सुमी) से जुड़े तीन संदिग्ध उग्रवादियों को गिरफ्तार किया गया।
गिरफ्तार किए गए व्यक्तियों की पहचान विंगन अगन (33), जॉनी रीबा (21) और राजप्यू खेचन खेते (30) के रूप में हुई है। सुरक्षा बलों ने इनके पास से हथियार और आपत्तिजनक सामग्री भी बरामद की है।
बरामद सामान में दो 7.65 एमएम पिस्टल, मैगजीन, नौ जिंदा कारतूस, तीन मोबाइल फोन, तीन सिम कार्ड और GPRN से जुड़े तीन दस्तावेज शामिल हैं। इसके अलावा तलाशी के दौरान थोड़ी मात्रा में संदिग्ध ब्राउन शुगर भी बरामद की गई है, जिसकी अनुमानित कीमत लगभग £500 बताई जा रही है।
सुरक्षा एजेंसियों के अनुसार, यह ऑपरेशन इलाके में उग्रवादी गतिविधियों पर लगाम लगाने और शांति व्यवस्था को मजबूत करने के उद्देश्य से किया गया था। खुफिया जानकारी मिलने के बाद संयुक्त टीम ने त्वरित कार्रवाई करते हुए संदिग्धों को घेरकर गिरफ्तार किया।
गिरफ्तारी के बाद सभी आरोपियों को बरामद सामग्री के साथ आगे की जांच के लिए अरुणाचल प्रदेश पुलिस को खोंसा में सौंप दिया गया है। पुलिस अब यह जांच कर रही है कि गिरफ्तार उग्रवादियों का नेटवर्क कितना बड़ा है और वे किन अन्य गतिविधियों में शामिल रहे हैं।
अधिकारियों ने बताया कि शुरुआती जांच में यह संकेत मिले हैं कि यह समूह इलाके में सक्रिय नेटवर्क से जुड़ा हो सकता है और इनके संपर्क अन्य सीमावर्ती क्षेत्रों तक फैले हो सकते हैं। मोबाइल फोन और दस्तावेजों की फॉरेंसिक जांच भी की जा रही है ताकि इनके संपर्कों और गतिविधियों का पूरा पता लगाया जा सके।
सुरक्षा बलों ने कहा कि यह कार्रवाई राज्य में उग्रवाद और अवैध गतिविधियों के खिलाफ लगातार चल रहे अभियान का हिस्सा है। सीमावर्ती इलाकों में शांति और सुरक्षा बनाए रखना प्राथमिकता है और इसी दिशा में ऐसी कार्रवाइयां आगे भी जारी रहेंगी।
स्थानीय प्रशासन ने इस सफल ऑपरेशन के लिए असम राइफल्स और अरुणाचल प्रदेश पुलिस की सराहना की है। अधिकारियों का मानना है कि इस कार्रवाई से क्षेत्र में असामाजिक गतिविधियों पर रोक लगाने में मदद मिलेगी और आम लोगों में सुरक्षा की भावना मजबूत होगी।





