महाराष्ट्र

विरार में लकड़ी तस्करी का भंडाफोड़

Kavita2
27 July 2026 4:50 PM IST
विरार में लकड़ी तस्करी का भंडाफोड़
x

विरार : वन विभाग ने विरार ईस्ट के मेढे इलाके में खैर की लकड़ी की अवैध तस्करी की कोशिश को नाकाम कर दिया। अधिकारियों ने सब्जियों से लदे एक टेम्पो को जब्त किया, जिसमें कथित तौर पर खैर की लकड़ी छिपाकर ले जाई जा रही थी। हालांकि, कार्रवाई के दौरान वाहन चालक अंधेरे का फायदा उठाकर मौके से फरार होने में सफल रहा।

वन विभाग के अधिकारियों के अनुसार, उन्हें मेढे इलाके से खैर की लकड़ी की अवैध ढुलाई किए जाने की गुप्त सूचना मिली थी। सूचना के आधार पर भटाने फॉरेस्ट रेंज की टीम ने सोमवार तड़के विशेष अभियान शुरू किया। अधिकारियों ने संदिग्ध वाहनों की जांच के लिए इलाके में एक चेकपॉइंट बनाया और निगरानी बढ़ा दी।

इसी दौरान वन अधिकारियों को एक संदिग्ध टाटा इंट्रा टेम्पो आता दिखाई दिया। वाहन में ऊपर से सब्जियां लदी हुई थीं। टीम ने वाहन को रोकने का संकेत दिया, लेकिन चालक ने रुकने के बजाय वाहन की रफ्तार बढ़ा दी और वहां से भागने की कोशिश की।

वन विभाग की टीम ने तुरंत कार्रवाई करते हुए वाहन का पीछा शुरू किया। कुछ दूरी तक पीछा करने के बाद अधिकारियों ने टेम्पो को रोक लिया। जांच के दौरान वाहन में सब्जियों के नीचे छिपाकर रखी गई खैर की लकड़ी बरामद हुई। इसके बाद वन विभाग ने वाहन को अपने कब्जे में ले लिया।

हालांकि, चालक अंधेरे और इलाके की भौगोलिक स्थिति का फायदा उठाकर मौके से फरार हो गया। वन अधिकारियों ने उसकी तलाश शुरू कर दी है। विभाग अब वाहन के दस्तावेजों और अन्य जानकारी के आधार पर चालक और इस तस्करी में शामिल अन्य लोगों की पहचान करने की कोशिश कर रहा है।

वन विभाग के अधिकारियों का कहना है कि खैर की लकड़ी की अवैध कटाई और तस्करी पर रोक लगाने के लिए लगातार निगरानी की जा रही है। खैर एक महत्वपूर्ण पेड़ है, जिसकी लकड़ी का इस्तेमाल कई क्षेत्रों में किया जाता है। इसकी मांग के कारण कई बार अवैध कटाई और परिवहन के मामले सामने आते हैं।

अधिकारियों ने बताया कि तस्कर अक्सर वन विभाग की नजर से बचने के लिए अलग-अलग तरीके अपनाते हैं। कई बार वे सामान या कृषि उत्पादों के बीच अवैध लकड़ी छिपाकर ले जाने की कोशिश करते हैं। इस मामले में भी सब्जियों से लदे टेम्पो का इस्तेमाल कथित तौर पर लकड़ी छिपाने के लिए किया गया था।

वन विभाग ने जब्त किए गए वाहन और लकड़ी को आगे की कानूनी प्रक्रिया के लिए सुरक्षित रखा है। अधिकारियों ने बताया कि मामले में वन अधिनियम के तहत कार्रवाई की जा रही है। फरार चालक की तलाश के साथ-साथ यह भी पता लगाया जा रहा है कि लकड़ी कहां से लाई गई थी और इसे कहां पहुंचाया जाना था।

स्थानीय स्तर पर वन विभाग की इस कार्रवाई की सराहना की जा रही है। अधिकारियों का कहना है कि जंगलों और वन संपदा की सुरक्षा के लिए आम लोगों का सहयोग भी जरूरी है। उन्होंने लोगों से अपील की है कि यदि कहीं अवैध कटाई या लकड़ी की तस्करी की जानकारी मिलती है तो तुरंत संबंधित विभाग को सूचना दें।

वन विभाग की टीम ने कहा कि भविष्य में भी अवैध गतिविधियों के खिलाफ अभियान जारी रहेगा। संवेदनशील इलाकों में गश्त बढ़ाई जा रही है और संदिग्ध वाहनों पर विशेष नजर रखी जा रही है।

फिलहाल इस मामले में जांच जारी है। वन अधिकारी फरार चालक और तस्करी से जुड़े अन्य लोगों तक पहुंचने के लिए विभिन्न पहलुओं की जांच कर रहे हैं। अधिकारियों को उम्मीद है कि जल्द ही इस अवैध लकड़ी परिवहन नेटवर्क से जुड़े लोगों की पहचान की जा सकेगी।

Next Story