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नाग पंचमी पर शिवमय हुआ मुंबई का बाबुलनाथ मंदिर, दर्शन के लिए उमड़ा भक्तों का सैलाब

मुंबई। नाग पंचमी और पवित्र श्रावण महीने के तीसरे सोमवार के शुभ संयोग पर सोमवार, 17 अगस्त 2026 को मुंबई में आस्था और भक्ति का माहौल देखने को मिला। गिरगांव चौपाटी के पास स्थित ऐतिहासिक श्री बाबुलनाथ मंदिर में भगवान शिव और नाग देवता की पूजा-अर्चना के लिए बड़ी संख्या में श्रद्धालु पहुंचे। सुबह से ही मंदिर में भक्तों की भीड़ जुटने लगी और श्रद्धालुओं ने पूरी आस्था के साथ भगवान शिव के दर्शन कर सुख-समृद्धि की कामना की।
नाग पंचमी हिंदू धर्म के प्रमुख धार्मिक पर्वों में से एक है। इस दिन नाग देवता की पूजा करने की परंपरा है। इस बार नाग पंचमी का पर्व सावन के तीसरे सोमवार के साथ पड़ने के कारण इसका धार्मिक महत्व और बढ़ गया। सावन का सोमवार भगवान शिव की आराधना के लिए विशेष माना जाता है, जबकि नाग पंचमी पर नाग देवता की पूजा की जाती है। दोनों अवसर एक साथ होने के कारण मुंबई के प्रमुख शिव मंदिरों में सुबह से ही श्रद्धालुओं की आवाजाही तेज रही।
श्री बाबुलनाथ मंदिर में भी बड़ी संख्या में भक्त दर्शन के लिए पहुंचे। मंदिर परिसर में भगवान शिव के जयकारों और धार्मिक अनुष्ठानों के बीच भक्तिमय वातावरण बना रहा। श्रद्धालुओं ने भगवान शिव की पूजा-अर्चना कर परिवार की सुख-शांति और समृद्धि की प्रार्थना की।
#WATCH | Maharashtra | Devotees offer prayers at Shree Babulnath Temple in Mumbai on the occasion of Nag Panchami and the third Monday of the month of Sawan. pic.twitter.com/ytJKlTA3Yw
— ANI (@ANI) August 17, 2026
मुंबई के सबसे पुराने और प्रमुख शिव मंदिरों में शामिल श्री बाबुलनाथ मंदिर का धार्मिक महत्व काफी अधिक है। गिरगांव चौपाटी के पास स्थित होने के कारण यहां मुंबई के अलग-अलग इलाकों से श्रद्धालु आसानी से पहुंचते हैं। सामान्य दिनों में भी मंदिर में भक्तों की आवाजाही बनी रहती है, लेकिन श्रावण महीने में यहां श्रद्धालुओं की संख्या काफी बढ़ जाती है।
विशेष रूप से सावन के सोमवार को मंदिर में भगवान शिव के दर्शन के लिए सुबह से ही श्रद्धालु पहुंचने लगते हैं। इस बार सोमवार के साथ नाग पंचमी होने से मंदिर में आस्था का विशेष नजारा देखने को मिला। भक्तों ने पूजा सामग्री और धार्मिक चढ़ावे के साथ मंदिर पहुंचकर भगवान शिव की आराधना की।
नाग पंचमी का पर्व नाग देवताओं को समर्पित है। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार भगवान शिव का नागों से विशेष संबंध माना जाता है। भगवान शिव अपने गले में नाग धारण करते हैं। इसी कारण नाग पंचमी के अवसर पर शिव मंदिरों में भी विशेष पूजा-अर्चना का महत्व बढ़ जाता है। श्रद्धालु भगवान शिव के साथ नाग देवता की आराधना कर उनका आशीर्वाद प्राप्त करने की कामना करते हैं।
श्रावण का महीना भगवान शिव की उपासना के लिए विशेष माना जाता है। इस पूरे महीने शिव मंदिरों में भक्तों की संख्या बढ़ जाती है। श्रद्धालु सोमवार का व्रत रखने के साथ शिवलिंग पर जल अर्पित करते हैं और भगवान शिव की आराधना करते हैं। ऐसे में नाग पंचमी और सावन सोमवार का संयोग श्रद्धालुओं के लिए विशेष अवसर बन गया।
बाबुलनाथ मंदिर में पहुंचे श्रद्धालुओं ने विधि-विधान से पूजा की। मंदिर में पूरे दिन धार्मिक गतिविधियों का सिलसिला जारी रहा। कई श्रद्धालु परिवार के साथ मंदिर पहुंचे। मंदिर परिसर और आसपास के क्षेत्र में भक्तों की आवाजाही के कारण सुबह से ही चहल-पहल दिखाई दी।
मुंबई जैसे व्यस्त महानगर में बाबुलनाथ मंदिर आस्था के प्रमुख केंद्रों में से एक है। यहां केवल मुंबई ही नहीं बल्कि बाहर से आने वाले श्रद्धालु भी दर्शन करने पहुंचते हैं। विशेष पर्वों और सावन के दौरान मंदिर का धार्मिक महत्व और बढ़ जाता है। नाग पंचमी के अवसर पर भी यही नजारा दिखाई दिया।
मंदिर में श्रद्धालुओं ने भगवान शिव से अपने परिवार के स्वास्थ्य, सुख और समृद्धि की कामना की। कई भक्तों ने सावन सोमवार के व्रत के साथ भगवान शिव की पूजा की। नाग पंचमी के धार्मिक अनुष्ठानों ने मंदिर के वातावरण को और भक्तिमय बना दिया।
इस पर्व पर पूजा-पाठ और धार्मिक चढ़ावे की परंपरा लंबे समय से चली आ रही है। देश के विभिन्न हिस्सों में नाग पंचमी अलग-अलग परंपराओं के अनुसार मनाई जाती है, लेकिन नाग देवता के प्रति श्रद्धा इसका मुख्य आधार है। महाराष्ट्र में भी नाग पंचमी का विशेष धार्मिक महत्व है और बड़ी संख्या में लोग इस दिन पूजा-अर्चना करते हैं।
बाबुलनाथ मंदिर का ऐतिहासिक और धार्मिक महत्व इसे मुंबई के प्रमुख शिव मंदिरों में विशेष स्थान देता है। सावन के दौरान यहां हर सोमवार बड़ी संख्या में श्रद्धालु पहुंचते हैं। इस बार नाग पंचमी ने तीसरे सावन सोमवार की धार्मिक रौनक को और बढ़ा दिया।
मंदिर में भक्तों की भारी भीड़ के बीच श्रद्धालुओं ने भगवान शिव के दर्शन किए। धार्मिक अनुष्ठान और पूजा-अर्चना के बीच मंदिर परिसर में दिनभर आस्था का माहौल बना रहा। भक्त भगवान शिव और नाग देवता के प्रति अपनी श्रद्धा व्यक्त करते दिखाई दिए।
17 अगस्त को नाग पंचमी और सावन के तीसरे सोमवार के संयोग ने मुंबई में धार्मिक उत्साह को बढ़ा दिया। ऐतिहासिक बाबुलनाथ मंदिर में जुटी श्रद्धालुओं की भीड़ ने एक बार फिर महानगर की धार्मिक और सांस्कृतिक परंपरा की झलक पेश की। भगवान शिव के दर्शन और नाग देवता की आराधना के साथ श्रद्धालुओं ने नाग पंचमी का पर्व पूरे उत्साह और श्रद्धा के साथ मनाया।





