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Maharashtra महाराष्ट्र: मीरा रोड ईस्ट के साईबाबा नगर स्थित मेघदूत टॉवर में रहने वाले रोशन रमेश सुवर्णा से जुड़े एक मामले में उनके परिवार ने कई अहम बातें सामने रखी हैं। परिवार का कहना है कि घटना के समय रोशन नशे की हालत में था और बाद में घर लौटने पर वह रोता हुआ आया तथा अगली सुबह उसने पूरे घटनाक्रम को स्वीकार किया।
रोशन सुवर्णा, जो HSC की पढ़ाई बीच में ही छोड़ चुका है, अपने माता-पिता और बहन के साथ रहता है। वह अविवाहित है और वर्तमान में बारकोड से जुड़े फ्रीलांस काम से अपनी आजीविका चलाता है। उसके पिता एक ज़ेरॉक्स की दुकान चलाते हैं। परिवार के अनुसार, रोशन कभी-कभार शराब का सेवन करता था, लेकिन मंगलवार को वह काफी अधिक नशे में था।
उसके 35 वर्षीय भाई प्रशांत सुवर्णा ने घटना को लेकर विस्तार से जानकारी दी। उन्होंने बताया कि उस दिन बारिश के कारण सामान्य स्थिति प्रभावित थी और रोशन आमतौर पर AC लोकल ट्रेनों से यात्रा करता है, लेकिन उस दिन कैब बुक न हो पाने की वजह से वह फर्स्ट-क्लास फास्ट लोकल ट्रेन में चढ़ गया।
प्रशांत के अनुसार, "वह उस दिन शराब के नशे में था। जब वह घर लौटा तो बहुत रो रहा था। हमें लगा कि वह केवल नशे की हालत में परेशान है, इसलिए हमने उसे आराम करने के लिए कहा और वह सो गया।"
परिवार ने बताया कि उस रात स्थिति सामान्य लग रही थी, लेकिन अगली सुबह जब रोशन की हालत थोड़ी ठीक हुई तो उसने परिवार के सामने पूरे घटनाक्रम को स्वीकार किया और बताया कि उस दिन क्या हुआ था। परिवार का कहना है कि रोशन को बाद में अपने व्यवहार पर पछतावा हुआ और उसने पूरी घटना के बारे में विस्तार से जानकारी दी।
प्रशांत ने यह भी कहा कि रोशन का स्वभाव आमतौर पर शांत रहता था, लेकिन शराब के सेवन के बाद उसका व्यवहार बदल जाता था। उन्होंने बताया कि परिवार ने कभी भी उससे ऐसी गंभीर स्थिति की उम्मीद नहीं की थी।
परिवार के अनुसार, घटना के बाद रोशन मानसिक रूप से काफी परेशान था और लगातार रो रहा था। घर लौटने के बाद उसका व्यवहार सामान्य नहीं था और वह खुद को संभाल नहीं पा रहा था। इस दौरान परिवार ने उसे शांत करने की कोशिश की और उसे आराम करने के लिए कहा।
परिवार ने यह भी बताया कि रोशन का जीवन साधारण था और वह छोटे-मोटे कामों से अपना खर्च चलाता था। पढ़ाई बीच में छोड़ने के बावजूद वह किसी तरह काम करके परिवार की मदद करने की कोशिश करता था। पिता की ज़ेरॉक्स की दुकान से भी घर का कुछ खर्च चलता था।
घटना के बाद इलाके में भी इस मामले को लेकर चर्चा का माहौल बना हुआ है। स्थानीय लोग भी इस पूरे घटनाक्रम को लेकर अलग-अलग तरह की बातें कर रहे हैं, लेकिन परिवार का कहना है कि सच्चाई केवल वही जानते हैं जो रोशन ने उन्हें खुद बताई है।
फिलहाल मामले की आगे की जांच और आधिकारिक जानकारी का इंतजार किया जा रहा है। परिवार का कहना है कि वे जांच एजेंसियों के साथ पूरा सहयोग करेंगे और जो भी तथ्य सामने आएंगे, उनका पालन करेंगे।
इस पूरे प्रकरण ने स्थानीय क्षेत्र में चिंता का माहौल पैदा कर दिया है और लोग इस घटना के विभिन्न पहलुओं को लेकर चर्चा कर रहे हैं। परिवार ने मीडिया से भी अपील की है कि मामले को सही तथ्यों के आधार पर ही प्रस्तुत किया जाए ताकि किसी प्रकार की गलतफहमी न फैले।





