महाराष्ट्र

महाराष्ट्र में FDA की बड़ी कार्रवाई, 1.58 करोड़ का बैन गुटखा-पान मसाला जब्त, 102 गिरफ्तार

Kavita2
4 Jun 2026 10:29 AM IST
महाराष्ट्र में FDA की बड़ी कार्रवाई, 1.58 करोड़ का बैन गुटखा-पान मसाला जब्त, 102 गिरफ्तार
x

Maharashtra महाराष्ट्र: महाराष्ट्र फूड एंड ड्रग एडमिनिस्ट्रेशन (FDA) ने राज्यभर में चलाए गए एक साप्ताहिक विशेष अभियान के दौरान बैन पान मसाला, गुटखा और मिलावटी खाद्य पदार्थों के खिलाफ बड़ी कार्रवाई की है। 25 मई से 31 मई के बीच चलाए गए इस एनफोर्समेंट ड्राइव में 1.58 करोड़ रुपये से अधिक मूल्य के प्रतिबंधित उत्पाद जब्त किए गए और 102 आरोपियों को गिरफ्तार किया गया।

यह कार्रवाई FDA कमिश्नर तुकाराम मुंढे के निर्देश पर की गई। विभाग ने यह विशेष अभियान “सेफ फूड, सेफ ड्रग, सेफ महाराष्ट्र” पहल के तहत शुरू किया था, जिसका उद्देश्य राज्य में प्रतिबंधित खाद्य उत्पादों की बिक्री और वितरण पर रोक लगाना तथा खाद्य सुरक्षा मानकों को मजबूत करना है।

अधिकारियों के अनुसार, अभियान के दौरान राज्य के विभिन्न जिलों में छापेमारी की गई, जहां अवैध रूप से पान मसाला, गुटखा और मिलावटी खाद्य पदार्थों का भंडारण और बिक्री की जा रही थी। इन उत्पादों को जब्त कर संबंधित दुकानदारों, वितरकों और सप्लायर्स के खिलाफ कार्रवाई की गई।


FDA ने बताया कि कई स्थानों पर प्रतिबंध के बावजूद इन उत्पादों की अवैध सप्लाई चेन सक्रिय पाई गई, जिसे तोड़ने के लिए यह सख्त अभियान चलाया गया। टीमों ने फील्ड स्तर पर जांच करते हुए गोदामों, दुकानों और ट्रांसपोर्ट नेटवर्क की भी जांच की।

कमिश्नर तुकाराम मुंढे ने अधिकारियों को निर्देश दिए थे कि राज्य में स्वास्थ्य के लिए हानिकारक और प्रतिबंधित खाद्य पदार्थों की बिक्री पर किसी भी तरह की ढिलाई न बरती जाए। उन्होंने कहा कि खाद्य सुरक्षा मानकों का पालन सुनिश्चित करना विभाग की प्राथमिक जिम्मेदारी है।

FDA के अनुसार, इस तरह की कार्रवाई आगे भी जारी रहेगी और नियमित रूप से निरीक्षण अभियान चलाए जाएंगे ताकि राज्य में अवैध खाद्य उत्पादों की सप्लाई पर पूरी तरह रोक लगाई जा सके। विभाग ने आम जनता से भी अपील की है कि वे किसी भी संदिग्ध या प्रतिबंधित उत्पाद की जानकारी तुरंत अधिकारियों को दें।

अधिकारियों ने यह भी बताया कि जब्त किए गए उत्पादों के नमूनों को लैब परीक्षण के लिए भेजा गया है, ताकि उनकी गुणवत्ता और संरचना की विस्तृत जांच की जा सके। रिपोर्ट के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई तय की जाएगी।

इस कार्रवाई को राज्य में खाद्य सुरक्षा और सार्वजनिक स्वास्थ्य के लिहाज से एक बड़ी उपलब्धि माना जा रहा है। FDA का कहना है कि इस तरह के अभियान भविष्य में भी लगातार चलाए जाएंगे ताकि अवैध और हानिकारक उत्पादों पर पूरी तरह नियंत्रण स्थापित किया जा सके।

Next Story