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महाराष्ट्र के रत्नागिरी में भारी बारिश से लैंडस्लाइड, पांच घर दबे; दो लोग अब भी मलबे में फंसे

Kavita2
7 July 2026 12:42 PM IST
महाराष्ट्र के रत्नागिरी में भारी बारिश से लैंडस्लाइड, पांच घर दबे; दो लोग अब भी मलबे में फंसे
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रत्नागिरी (महाराष्ट्र): महाराष्ट्र के रत्नागिरी जिले में लगातार हो रही भारी बारिश ने तबाही मचा दी है। जिले के खेड़ तहसील क्षेत्र में सोमवार रात हुए बड़े भूस्खलन (लैंडस्लाइड) में पांच घर मलबे में दब गए। इस हादसे में कई लोगों के फंसे होने की आशंका जताई गई, जिसके बाद प्रशासन ने तुरंत राहत और बचाव अभियान शुरू किया।

पुलिस अधिकारियों ने मंगलवार को जानकारी देते हुए बताया कि यह घटना खेड़ तहसील के दहीवली इलाके में हुई। भारी बारिश के कारण पहाड़ी क्षेत्र की मिट्टी कमजोर हो गई और अचानक बड़ी मात्रा में मलबा नीचे आ गिरा, जिसकी चपेट में आसपास बने कई घर आ गए।

घटना के बाद स्थानीय प्रशासन, पुलिस और आपदा प्रबंधन टीमों को तुरंत सक्रिय किया गया। राहत की बात यह रही कि एक बुजुर्ग महिला को सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया, जबकि दो अन्य लोगों की तलाश अभी भी जारी है।

पांच घर मलबे में दबे

जानकारी के अनुसार, सोमवार रात दहीवली इलाके में अचानक हुए भूस्खलन से पांच मकान प्रभावित हुए। मलबा गिरने के कारण घरों में मौजूद लोग फंस गए।

हादसे की जानकारी मिलते ही स्थानीय लोगों ने राहत कार्य शुरू करने की कोशिश की और प्रशासन को सूचना दी। इसके बाद पुलिस और बचाव दल मौके पर पहुंचे।

अधिकारियों के अनुसार, भूस्खलन इतना गंभीर था कि बड़ी मात्रा में मिट्टी और पत्थर घरों पर गिर गए, जिससे अंदर फंसे लोगों तक पहुंचने में बचाव टीमों को मुश्किलों का सामना करना पड़ा।

75 वर्षीय महिला को सुरक्षित बचाया गया

रेस्क्यू ऑपरेशन के दौरान बचाव टीमों ने 75 वर्षीय महिला कल्पना शेलार को सुरक्षित बाहर निकाल लिया। महिला को मलबे से निकालने के बाद तुरंत चिकित्सा सहायता उपलब्ध कराई गई।

अधिकारियों के मुताबिक, महिला की हालत के बारे में अभी विस्तृत जानकारी सामने नहीं आई है, लेकिन उसे सुरक्षित निकालना राहत अभियान की बड़ी सफलता मानी जा रही है।

दो लोगों की तलाश जारी

अधिकारियों ने बताया कि हादसे के बाद दो लोग अब भी मलबे में फंसे हुए हैं। उनकी पहचान शांताराम शेलार और सतीश शेलार के रूप में हुई है।

बचाव दल दोनों की तलाश में लगातार अभियान चला रहा है। मलबे को हटाने और फंसे लोगों तक पहुंचने के लिए आधुनिक उपकरणों का इस्तेमाल किया जा रहा है।

NDRF समेत कई टीमें मौके पर

घटना की गंभीरता को देखते हुए नेशनल डिजास्टर रिस्पॉन्स फोर्स (NDRF) की टीमों को मौके पर भेजा गया है। इसके अलावा स्थानीय पुलिस, प्रशासन और अन्य आपातकालीन एजेंसियां भी बचाव अभियान में जुटी हुई हैं।

रेस्क्यू टीमों ने घटनास्थल पर पहुंचते ही सर्च ऑपरेशन शुरू कर दिया। टीमों द्वारा मलबे की सावधानीपूर्वक जांच की जा रही है ताकि अंदर फंसे लोगों को जल्द से जल्द बाहर निकाला जा सके।

भारी बारिश बनी हादसे की वजह

महाराष्ट्र के कई इलाकों में इन दिनों मानसून सक्रिय है और लगातार भारी बारिश हो रही है। पहाड़ी इलाकों में लगातार बारिश के कारण जमीन की पकड़ कमजोर हो जाती है, जिससे भूस्खलन का खतरा बढ़ जाता है।

रत्नागिरी जिला पश्चिमी घाट क्षेत्र में आता है, जहां बारिश के मौसम में इस तरह की घटनाओं का खतरा अधिक रहता है। प्रशासन पहले भी लोगों को संवेदनशील इलाकों में सतर्क रहने की सलाह देता रहा है।

प्रशासन ने बढ़ाई निगरानी

हादसे के बाद जिला प्रशासन ने प्रभावित क्षेत्र में निगरानी बढ़ा दी है। अधिकारियों ने आसपास के इलाकों की स्थिति का जायजा लेना शुरू कर दिया है ताकि अन्य किसी खतरे को समय रहते रोका जा सके।

स्थानीय प्रशासन की ओर से लोगों से अपील की गई है कि वे भारी बारिश के दौरान पहाड़ी क्षेत्रों और कमजोर इलाकों से दूर रहें।

आसपास के लोगों में दहशत

लैंडस्लाइड की घटना के बाद दहीवली इलाके के लोगों में डर का माहौल है। स्थानीय लोगों का कहना है कि तेज बारिश के दौरान उन्हें पहले से ही भूस्खलन की आशंका बनी रहती है।

ग्रामीणों ने प्रशासन से प्रभावित परिवारों की मदद और क्षेत्र में सुरक्षा व्यवस्था मजबूत करने की मांग की है।

राहत और बचाव अभियान जारी

फिलहाल NDRF, पुलिस और स्थानीय प्रशासन की टीमें लगातार मलबा हटाने और फंसे लोगों को खोजने में जुटी हुई हैं। अधिकारियों का कहना है कि प्राथमिकता मलबे में फंसे लोगों को सुरक्षित बाहर निकालना है।

महाराष्ट्र में जारी भारी बारिश के बीच रत्नागिरी की यह घटना एक बार फिर मानसून के दौरान पहाड़ी क्षेत्रों में रहने वाले लोगों की सुरक्षा को लेकर चिंता बढ़ा रही है। प्रशासन ने लोगों से सतर्क रहने और किसी भी आपात स्थिति में तुरंत सूचना देने की अपील की है।

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