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पुणे: भारती को-ऑपरेटिव बैंक ने अपने सदस्यों के लिए बड़ी घोषणा की है। बैंक ने भारती विद्यापीठ के धनकवडी एजुकेशनल कॉम्प्लेक्स में आयोजित अपनी 55वीं सालाना आम बैठक (AGM) में सदस्यों को 12 प्रतिशत डिविडेंड देने का फैसला किया है।
बैठक में बैंक के कामकाज, उपलब्धियों और भविष्य की योजनाओं पर विस्तार से चर्चा की गई। बैंक प्रबंधन ने कहा कि ग्राहकों को बेहतर सेवा देना और आम लोगों को वित्तीय सुविधाएं उपलब्ध कराना बैंक की प्राथमिकता है।
55वीं सालाना आम बैठक में हुआ फैसला
भारती को-ऑपरेटिव बैंक की 55वीं सालाना आम बैठक में बड़ी संख्या में सदस्य और बैंक से जुड़े अधिकारी मौजूद रहे।
बैठक के दौरान बैंक के वित्तीय प्रदर्शन, सेवाओं के विस्तार और भविष्य की रणनीति पर चर्चा की गई। इसी दौरान सदस्यों के लिए 12 प्रतिशत डिविडेंड की घोषणा की गई।
बैंक के इस निर्णय को सदस्यों के लिए महत्वपूर्ण लाभ के रूप में देखा जा रहा है।
ग्राहक सेवा को बताया मुख्य उद्देश्य
बैठक को संबोधित करते हुए बैंक के चेयरमैन डॉ. विश्वजीत कदम ने कहा कि ग्राहक सेवा बैंक का मुख्य उद्देश्य है।
उन्होंने कहा कि बैंक लगातार ऐसी सेवाएं उपलब्ध कराने के लिए काम कर रहा है, जिससे आम लोगों को बैंकिंग सुविधाओं का अधिक से अधिक लाभ मिल सके।
उन्होंने कहा कि भारती को-ऑपरेटिव बैंक आम नागरिकों को क्रेडिट सुविधाएं उपलब्ध कराने के लिए प्रतिबद्ध है।
‘आम लोगों के बैंक’ के रूप में पहचान
डॉ. विश्वजीत कदम ने कहा कि बैंक की स्थापना के बाद से ही इसका उद्देश्य आम लोगों को वित्तीय सहायता उपलब्ध कराना रहा है।
उन्होंने कहा कि डॉ. पतंगराव कदम द्वारा स्थापित भारती बैंक ने वर्षों से आम लोगों के बैंक के रूप में अपनी पहचान बनाई है।
बैंक ने छोटे कारोबारियों, आम नागरिकों और जरूरतमंद लोगों को वित्तीय सेवाएं उपलब्ध कराने पर विशेष ध्यान दिया है।
ऋण सुविधाओं पर जोर
बैंक के चेयरमैन ने कहा कि बैंक का उद्देश्य लोगों को आसान और बेहतर क्रेडिट सुविधाएं उपलब्ध कराना है।
उन्होंने बताया कि बैंक आम लोगों की जरूरतों को ध्यान में रखते हुए विभिन्न प्रकार की बैंकिंग सेवाएं प्रदान कर रहा है।
ऋण सुविधाओं के माध्यम से लोगों को अपने व्यवसाय और व्यक्तिगत जरूरतों को पूरा करने में मदद मिल रही है।
बैंकिंग सेवाओं के विस्तार की योजना
बैठक में बैंक की भविष्य की योजनाओं पर भी चर्चा हुई। प्रबंधन ने कहा कि बदलते समय के साथ बैंकिंग सेवाओं में सुधार और विस्तार जरूरी है।
डिजिटल बैंकिंग, बेहतर ग्राहक सुविधा और तेज सेवाओं को लेकर भी बैंक लगातार काम कर रहा है।
सदस्यों के हितों को प्राथमिकता
बैंक प्रबंधन ने कहा कि सदस्यों का विश्वास बैंक की सबसे बड़ी ताकत है।
12 प्रतिशत डिविडेंड की घोषणा भी सदस्यों के हितों को ध्यान में रखते हुए की गई है। बैंक भविष्य में भी अपने सदस्यों और ग्राहकों के हितों को प्राथमिकता देता रहेगा।
बैंक की उपलब्धियों पर हुई चर्चा
सालाना आम बैठक में बैंक की पिछले वर्ष की उपलब्धियों और कार्यों की समीक्षा की गई।
अधिकारियों ने बैंक के प्रदर्शन, ग्राहकों की संख्या, ऋण वितरण और सेवाओं के विस्तार से जुड़े विषयों की जानकारी दी।
आम लोगों तक पहुंच बढ़ाने का लक्ष्य
भारती को-ऑपरेटिव बैंक का कहना है कि उसका लक्ष्य ज्यादा से ज्यादा लोगों तक बैंकिंग सुविधाएं पहुंचाना है।
विशेष रूप से आम नागरिकों, छोटे व्यापारियों और मध्यम वर्ग के लोगों को वित्तीय सेवाओं से जोड़ने के प्रयास जारी हैं।
भविष्य में बेहतर सेवाओं का भरोसा
बैठक के दौरान बैंक प्रबंधन ने ग्राहकों और सदस्यों को भरोसा दिलाया कि आने वाले समय में बैंक अपनी सेवाओं को और बेहतर बनाएगा।
बेहतर ग्राहक सेवा, आसान ऋण सुविधा और आधुनिक बैंकिंग व्यवस्था के माध्यम से बैंक अपनी भूमिका को और मजबूत करने की दिशा में आगे बढ़ रहा है।
भारती को-ऑपरेटिव बैंक की 55वीं सालाना आम बैठक में लिए गए फैसले बैंक और उसके सदस्यों के बीच मजबूत संबंधों को दर्शाते हैं। 12 प्रतिशत डिविडेंड की घोषणा से सदस्यों में भी उत्साह देखने को मिला।





