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Satna में अनोखी शादी, किसान ने 14 बेटों का एक साथ किया विवाह

Madhya Pradesh मध्य प्रदेश : सतना जिले में एक किसान परिवार की अनोखी शादी इन दिनों चर्चा का विषय बनी हुई है। यहां एक किसान ने अपने सभी 14 बेटों की शादी एक ही दिन कर दी। किसान ने बढ़ती महंगाई और शादी समारोहों में होने वाले भारी खर्च को देखते हुए यह फैसला लिया। इस अनोखे आयोजन का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है, जिसे लेकर लोगों की अलग-अलग प्रतिक्रियाएं सामने आ रही हैं।
जानकारी के अनुसार, सतना जिले के एक किसान ने अपने सभी बेटों की शादी एक साथ करने का निर्णय लिया। परिवार ने भव्य आयोजन के बजाय सादगीपूर्ण तरीके से विवाह समारोह आयोजित किया, ताकि खर्च को कम किया जा सके। किसान का कहना है कि आज के समय में शादी समारोहों पर होने वाला खर्च लगातार बढ़ता जा रहा है। ऐसे में एक साथ विवाह कराने से आर्थिक बोझ कम हुआ।
14 Grooms in One Tractor: A Look into Satna Mass Wedding
— Ramesh Tiwari (@rameshofficial0) July 11, 2026
To beat wedding inflation a joint farmer family from Satna Madhya Pradesh organized a mass marriage for 14 sons and nephews under one mandap.
All grooms arrived in one tractor trolley and the brides returned in another.… pic.twitter.com/VtGsgp32as
वायरल वीडियो में देखा जा सकता है कि बारात के लिए दो ट्रैक्टर-ट्रॉली का इस्तेमाल किया गया। एक ट्रॉली में सभी दूल्हे बैठे हुए दिखाई दे रहे हैं, जबकि दूसरी ट्रॉली में सभी दुल्हनें एक साथ बैठी नजर आ रही हैं। साधारण तरीके से निकली यह बारात लोगों के बीच चर्चा का कारण बन गई है।
परिवार की ओर से शादी में दिखावे से बचने की कोशिश की गई। किसान ने बताया कि उसका उद्देश्य समाज को यह संदेश देना है कि विवाह जैसे शुभ अवसरों पर अनावश्यक खर्च करने के बजाय सादगी अपनानी चाहिए। उन्होंने कहा कि आज के दौर में महंगाई के कारण आम परिवारों पर आर्थिक दबाव बढ़ रहा है, इसलिए समझदारी से खर्च करना जरूरी है।
इस अनोखी शादी में परिवार और रिश्तेदारों के अलावा बड़ी संख्या में ग्रामीण भी शामिल हुए। ग्रामीणों ने किसान के फैसले की सराहना की और कहा कि एक साथ इतने विवाह कराना आसान नहीं होता, लेकिन परिवार ने बेहतर योजना बनाकर इसे संभव किया।
सोशल मीडिया पर वायरल हुए वीडियो को लेकर लोगों की मिली-जुली प्रतिक्रियाएं देखने को मिल रही हैं। कुछ लोग इसे सादगी और बचत का अच्छा उदाहरण बता रहे हैं, जबकि कुछ लोग इतनी बड़ी संख्या में बेटों की एक साथ शादी को लेकर हैरानी जता रहे हैं।
स्थानीय लोगों के अनुसार, किसान परिवार ने विवाह समारोह में परंपराओं का पालन भी किया और सभी रस्में पूरी विधि-विधान से संपन्न कराई गईं। हालांकि आयोजन को भव्य बनाने के बजाय सीमित रखा गया, जिससे खर्च कम हुआ।
शादी समारोहों में बढ़ते खर्च को लेकर अक्सर समाज में चर्चा होती रहती है। कई परिवार कर्ज लेकर भी बड़े आयोजन करते हैं, जिससे बाद में आर्थिक परेशानियों का सामना करना पड़ता है। ऐसे में सतना के इस किसान का फैसला लोगों के लिए एक अलग उदाहरण के रूप में सामने आया है।
विशेषज्ञों का मानना है कि विवाह जैसे सामाजिक आयोजनों में सादगी अपनाने से परिवारों पर आर्थिक बोझ कम हो सकता है। साथ ही इससे समाज में दिखावे की संस्कृति को कम करने का संदेश भी जाता है।
किसान का यह कदम केवल परिवार की आर्थिक योजना का हिस्सा नहीं था, बल्कि उन्होंने इसके जरिए समाज को भी एक संदेश देने की कोशिश की। उनका कहना है कि खुशी और रिश्तों की अहमियत खर्च की मात्रा से नहीं, बल्कि आपसी प्रेम और सहयोग से तय होती है।
फिलहाल सतना जिले की यह अनोखी शादी सोशल मीडिया पर चर्चा का विषय बनी हुई है। 14 बेटों की एक साथ हुई शादी ने लोगों का ध्यान आकर्षित किया है और सादगीपूर्ण विवाह की सोच को लेकर नई बहस भी शुरू कर दी है।





