- Home
- /
- राज्य
- /
- मध्य प्रदेश
- /
- दिवाली पर धमाके की...
मध्य प्रदेश
दिवाली पर धमाके की तैयारी पुलिस ने पकड़ा कार्बाइड गन बनाने का अवैध कारोबार
Ratna Netam
30 Oct 2026 4:50 PM IST

x
जबलपुर। मध्य प्रदेश के जबलपुर जिले में दिवाली से पहले अवैध रूप से बनाई और बेची जा रही कार्बाइड गन के खिलाफ पुलिस ने बड़ी कार्रवाई की है। कुंडम थाना पुलिस और क्राइम ब्रांच की संयुक्त टीम ने बघराजी गांव में दो स्थानों पर छापेमारी कर कार्बाइड गन और उन्हें बनाने में इस्तेमाल होने वाली सामग्री जब्त की है। आरोपियों से पूछताछ के बाद मदन महल क्षेत्र की एक दुकान पर भी छापा मारा गया। पुलिस की इस कार्रवाई में कुल 56 किलो 500 ग्राम कैल्शियम कार्बाइड बरामद होने की खबर है। इसके अलावा कई कार्बाइड गन और निर्माण सामग्री भी जब्त की गई है।
हालांकि, प्रारंभिक जानकारी में 28 किलो कैल्शियम कार्बाइड जब्त होने का उल्लेख किया गया था, लेकिन 30 अक्टूबर को प्रकाशित स्थानीय समाचार रिपोर्टों के अनुसार कुल जब्ती 56.5 किलो बताई गई है। जब्त कार्बाइड गन की संख्या को लेकर भी रिपोर्टों में अंतर है। एक रिपोर्ट में 14 और दूसरी में 15 गन बरामद होने की जानकारी दी गई है।
पुलिस के मुताबिक, गुरुवार 29 अक्टूबर की रात सूचना मिली थी कि कुंडम थाना क्षेत्र के बघराजी गांव में कुछ लोग प्रतिबंध के बावजूद कार्बाइड गन तैयार कर रहे हैं। इन उपकरणों का इस्तेमाल दिवाली के दौरान तेज धमाके करने के लिए किया जा सकता था। सूचना को गंभीरता से लेते हुए पुलिस और क्राइम ब्रांच की टीम ने संबंधित स्थानों पर दबिश दी।
कार्रवाई के दौरान पुलिस ने 56 वर्षीय दशरथ बड़गैया के ठिकाने से कार्बाइड गन, कैल्शियम कार्बाइड और गन बनाने की सामग्री बरामद की। इसके अलावा 29 वर्षीय चित्रांश साहू के घर पर भी छापा मारा गया। वहां से चार कार्बाइड गन जब्त किए जाने की जानकारी सामने आई है। पुलिस ने दोनों स्थानों पर मिली सामग्री को अपने कब्जे में लेकर आगे की जांच शुरू कर दी है।
पूछताछ के दौरान मदन महल क्षेत्र में स्थित लाठिया ट्रेडर्स का नाम सामने आया। आरोपियों ने बताया कि कार्बाइड गन तैयार करने के लिए इस्तेमाल होने वाला कैल्शियम कार्बाइड उन्होंने इसी दुकान से खरीदा था। इसके बाद मदन महल पुलिस ने दुकान पर छापेमारी की। इस कार्रवाई के दौरान दुकान से 45 किलो कैल्शियम कार्बाइड बरामद किया गया।
पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि दुकान तक कैल्शियम कार्बाइड की आपूर्ति कहां से हो रही थी। इसके साथ ही यह भी जांच की जा रही है कि प्रतिबंधित कार्बाइड गन बनाने और बेचने के इस नेटवर्क में अन्य लोग भी शामिल हैं या नहीं। पुलिस ने संबंधित व्यक्तियों के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया है और आगे की कानूनी कार्रवाई जारी है।
जबलपुर के पुलिस अधीक्षक संपत उपाध्याय ने बताया कि क्राइम ब्रांच को कार्बाइड गन बनाए जाने की सूचना मिली थी। इसके आधार पर कार्रवाई करते हुए गन और उन्हें बनाने में इस्तेमाल होने वाली सामग्री जब्त की गई। प्रशासन पहले ही कार्बाइड गन के निर्माण, बिक्री, वितरण और उपयोग पर प्रतिबंध लगा चुका है। पुलिस ने स्पष्ट किया है कि इस आदेश का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।
दरअसल, दिवाली के दौरान कार्बाइड गन का इस्तेमाल गंभीर दुर्घटनाओं का कारण बन सकता है। कैल्शियम कार्बाइड पानी के संपर्क में आने पर अत्यधिक ज्वलनशील एसिटिलीन गैस उत्पन्न करता है। इस गैस में आग लगने से तेज धमाका हो सकता है। यदि ऐसे उपकरण में इस्तेमाल होने वाला पाइप फट जाए तो उसके टुकड़े आसपास मौजूद लोगों को गंभीर चोट पहुंचा सकते हैं।
विशेषज्ञों के अनुसार, इन उपकरणों के उपयोग से आंखों, चेहरे और हाथों पर गंभीर चोट लगने का खतरा रहता है। कई मामलों में आंखों की रोशनी तक प्रभावित हो सकती है। बच्चों और किशोरों में इन उपकरणों को लेकर उत्सुकता अधिक होने के कारण दुर्घटनाओं की आशंका भी बढ़ जाती है।
पिछले साल दिवाली के दौरान मध्य प्रदेश के विभिन्न शहरों में कार्बाइड गन के इस्तेमाल से लोगों के घायल होने की घटनाएं सामने आई थीं। भोपाल सहित कई शहरों के अस्पतालों में आंखों और चेहरे पर चोट लगने वाले मरीजों का इलाज किया गया था। इनमें बड़ी संख्या बच्चों की थी। इन्हीं घटनाओं को ध्यान में रखते हुए राज्य सरकार ने इस वर्ष त्योहार से पहले निगरानी और प्रतिबंधों के पालन पर विशेष जोर दिया है।
मुख्यमंत्री मोहन यादव ने भी अधिकारियों को कार्बाइड गन और अन्य खतरनाक उपकरणों की बिक्री रोकने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने जिला प्रशासन और पुलिस अधिकारियों से त्योहार के दौरान लोगों की सुरक्षा सुनिश्चित करने को कहा है। इसके तहत अवैध विस्फोटक सामग्री के भंडारण, परिवहन और बिक्री पर निगरानी बढ़ाई जा रही है।
जबलपुर पुलिस ने नागरिकों से अपील की है कि वे कार्बाइड गन को खिलौना समझकर इस्तेमाल न करें। अभिभावकों से भी कहा गया है कि वे बच्चों को ऐसे खतरनाक उपकरणों से दूर रखें। यदि किसी दुकान, बाजार या अन्य स्थान पर प्रतिबंधित कार्बाइड गन की बिक्री अथवा निर्माण की जानकारी मिलती है, तो तत्काल पुलिस को सूचित करें।
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि दिवाली जैसे त्योहार को सुरक्षित वातावरण में मनाना सभी की जिम्मेदारी है। थोड़ी देर के मनोरंजन या तेज आवाज के लिए इस्तेमाल किए जाने वाले ऐसे उपकरण किसी व्यक्ति के जीवन को गंभीर खतरे में डाल सकते हैं। इसलिए लोगों को केवल निर्धारित सुरक्षा मानकों के अनुरूप सामग्री का ही उपयोग करना चाहिए।
फिलहाल बघराजी और मदन महल क्षेत्र में हुई कार्रवाई के बाद पुलिस कैल्शियम कार्बाइड की आपूर्ति से जुड़े अन्य संभावित ठिकानों की जानकारी जुटा रही है। त्योहार के मद्देनजर बाजारों और संवेदनशील क्षेत्रों में निगरानी जारी रखने की बात कही गई है। प्रशासन का उद्देश्य प्रतिबंधित कार्बाइड गन की उपलब्धता रोकना और दिवाली के दौरान किसी बड़ी दुर्घटना की आशंका को कम करना है।
Next Story





