मध्य प्रदेश

मध्य प्रदेश में 85 हजार सरकारी पदों पर भर्ती की तैयारी, CM ने दिए तेजी लाने के निर्देश

Kavita2
20 Sept 2026 11:35 AM IST
मध्य प्रदेश में 85 हजार सरकारी पदों पर भर्ती की तैयारी, CM ने दिए तेजी लाने के निर्देश
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भोपाल। मध्य प्रदेश सरकार राज्य के अलग-अलग विभागों में खाली पड़े सरकारी पदों को भरने की प्रक्रिया को तेज करने जा रही है। कर्मचारियों की कमी को दूर करने के लिए करीब 85 हजार रिक्त पदों पर भर्ती की तैयारी की जा रही है। मुख्यमंत्री मोहन यादव ने कहा है कि सरकारी कर्मचारियों और अधिकारियों के प्रमोशन के बाद खाली होने वाले पदों को भी भर्ती प्रक्रिया के माध्यम से भरा जाएगा।

राज्य सरकार का यह कदम ऐसे समय में सामने आया है जब कई विभागों में कर्मचारियों की कमी को लेकर लगातार शिकायतें मिल रही थीं। विभागीय कामकाज प्रभावित होने और आम लोगों को मिलने वाली सेवाओं में देरी की शिकायतों के बाद सरकार ने रिक्त पदों को भरने की प्रक्रिया में तेजी लाने का निर्णय लिया है।

मुख्यमंत्री मोहन यादव ने अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि भर्ती प्रक्रिया को योजनाबद्ध तरीके से आगे बढ़ाया जाए। इसके लिए मध्य प्रदेश कर्मचारी चयन मंडल (MPESB), मध्य प्रदेश लोक सेवा आयोग (MPPSC) और अन्य माध्यमों से अलग-अलग विभागों में नियुक्तियां की जाएंगी। वर्ष 2026 के लिए भर्ती कैलेंडर तैयार करने की प्रक्रिया भी शुरू कर दी गई है।

जानकारी के अनुसार, सामान्य प्रशासन विभाग से सभी विभागों में खाली पदों की जानकारी मांगी गई थी। विभागवार रिक्तियों का आंकड़ा जुटाने के बाद सरकार ने बड़ी संख्या में पदों को भरने की योजना बनाई। मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को करीब एक लाख पदों को भरने की दिशा में काम करने के निर्देश दिए थे। इसके बाद अलग-अलग विभागों ने अपने स्तर पर रिक्त पदों की जानकारी और भर्ती प्रस्ताव तैयार करना शुरू किया।

सरकार का उद्देश्य सरकारी विभागों में मानव संसाधन की कमी को दूर करना है, ताकि प्रशासनिक कामकाज सुचारु रूप से चल सके। लंबे समय से खाली पड़े पदों के कारण कई विभागों में कर्मचारियों पर अतिरिक्त काम का दबाव बढ़ रहा था। वहीं, जनता से जुड़े कार्यों में भी देरी होने की शिकायतें सामने आती रही हैं।

मुख्यमंत्री ने कहा कि केवल वर्तमान में खाली पदों को ही नहीं भरा जाएगा, बल्कि प्रमोशन के कारण भविष्य में खाली होने वाले पदों को भी समय पर भरने की व्यवस्था की जाएगी। इससे विभागों में कर्मचारियों की उपलब्धता बनाए रखने में मदद मिलेगी।

मध्य प्रदेश कर्मचारी चयन मंडल (MPESB) के माध्यम से विभिन्न वर्गों के पदों पर भर्ती की जाती है। वहीं, मध्य प्रदेश लोक सेवा आयोग (MPPSC) राज्य प्रशासनिक सेवाओं और अन्य उच्च पदों के लिए परीक्षाएं आयोजित करता है। सरकार इन दोनों प्रमुख एजेंसियों के माध्यम से भर्ती प्रक्रिया को आगे बढ़ाने की तैयारी कर रही है।

इसके अलावा MP ऑनलाइन के माध्यम से भी आवेदन प्रक्रिया और परीक्षा संबंधी व्यवस्थाओं को संचालित किया जाएगा। डिजिटल माध्यम से भर्ती प्रक्रिया को अधिक पारदर्शी और आसान बनाने पर भी जोर दिया जा रहा है।

राज्य सरकार ने दिसंबर 2025 से खाली सरकारी पदों को भरने की प्रक्रिया में तेजी लाने का फैसला किया था। इसके बाद विभागों को निर्देश दिए गए कि वे अपने यहां उपलब्ध रिक्तियों की जानकारी उपलब्ध कराएं और भर्ती प्रक्रिया के लिए जरूरी प्रस्ताव तैयार करें।

अधिकारियों के अनुसार, विभिन्न विभागों में पदों की स्थिति अलग-अलग है। शिक्षा, स्वास्थ्य, पुलिस, राजस्व, तकनीकी और प्रशासनिक विभागों में कर्मचारियों की जरूरत को देखते हुए प्राथमिकता के आधार पर भर्ती की जा सकती है। हालांकि अंतिम भर्ती संख्या और पदों का विवरण विभागवार प्रक्रिया पूरी होने के बाद स्पष्ट होगा।

सरकारी नौकरियों की तैयारी कर रहे युवाओं के लिए यह प्रक्रिया महत्वपूर्ण मानी जा रही है। बड़ी संख्या में पदों पर भर्ती होने से प्रतियोगी परीक्षाओं में शामिल होने वाले अभ्यर्थियों को अवसर मिल सकता है। सरकार की ओर से भर्ती प्रक्रिया को समयबद्ध तरीके से पूरा करने की कोशिश की जा रही है।

राज्य में सरकारी सेवाओं को मजबूत करने के लिए कर्मचारियों की पर्याप्त संख्या होना जरूरी है। विभागों में रिक्त पदों के कारण योजनाओं के क्रियान्वयन और प्रशासनिक कार्यों पर असर पड़ता है। नई भर्तियों से विभागों की कार्यक्षमता बढ़ाने में मदद मिलने की उम्मीद है।

हालांकि भर्ती प्रक्रिया में पदों की स्वीकृति, आरक्षण नियम, परीक्षा आयोजन और चयन प्रक्रिया जैसे कई चरण शामिल होते हैं। सरकार इन सभी प्रक्रियाओं को पूरा करते हुए नियुक्तियां करने की योजना बना रही है।

मुख्यमंत्री मोहन यादव ने अधिकारियों से कहा है कि भर्ती प्रक्रिया में तेजी के साथ पारदर्शिता भी बनाए रखी जाए। सरकार का लक्ष्य युवाओं को रोजगार के अवसर उपलब्ध कराने के साथ-साथ सरकारी विभागों की कार्य क्षमता बढ़ाना है।

मध्य प्रदेश में करीब 85 हजार खाली सरकारी पदों को भरने की तैयारी राज्य की प्रशासनिक व्यवस्था को मजबूत करने की दिशा में एक बड़ा कदम माना जा रहा है। वर्ष 2026 में MPESB और MPPSC सहित विभिन्न माध्यमों से होने वाली भर्तियों पर लाखों युवाओं की नजर रहेगी।

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