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इंदौर में जमीन हड़पने और वसूली के आरोपी मुख्तियार पर बड़ी कार्रवाई

इंदौर। जमीन हड़पने और अवैध वसूली के मामले में गिरफ्तार आरोपी मुख्तियार के खिलाफ इंदौर क्राइम ब्रांच ने बड़ी कार्रवाई की है। पुलिस ने आरोपी से जुड़ी करीब 4 करोड़ रुपये की संपत्तियों को जब्त किया है। इनमें गोदाम, दुकानें और अन्य संपत्तियां शामिल बताई जा रही हैं। पुलिस की यह कार्रवाई आरोपी के घर की तलाशी के दौरान मिले दस्तावेजों और जांच में सामने आई जानकारी के आधार पर की गई।
पुलिस के मुताबिक, मुख्तियार पर जमीन मालिकों से अवैध कब्जे वाली जमीनों को खाली कराने के नाम पर पैसे मांगने और जमीन से जुड़े विवादों में जबरन वसूली करने के आरोप हैं। उसे हाल ही में गिरफ्तार किया गया था। गिरफ्तारी के बाद पुलिस ने उसके आर्थिक नेटवर्क और संपत्तियों की जांच शुरू की।
घर की तलाशी में मिले महत्वपूर्ण दस्तावेज
बताया गया है कि सोमवार को टीआई जितेंद्र यादव के नेतृत्व में क्राइम ब्रांच की टीम मुख्तियार के घर पहुंची। टीम ने वहां तलाशी अभियान चलाया। इस दौरान पुलिस को कई संपत्तियों, दुकानों और गोदामों से संबंधित दस्तावेज मिले।
पुलिस के अनुसार, घर में एक अवैध शेड के अंदर गोदाम और दुकानें बनी हुई थीं। इनसे संबंधित दस्तावेज भी तलाशी के दौरान मिले। जांच टीम ने दस्तावेजों की पड़ताल कर संपत्तियों के स्वामित्व और उनसे आरोपी के संबंधों के बारे में जानकारी जुटाने का प्रयास किया।
प्रारंभिक जांच में जब इन संपत्तियों को लेकर संतोषजनक जानकारी नहीं मिल सकी तो पुलिस टीम ने मौके पर जाकर संबंधित संपत्तियों का निरीक्षण किया। इसके बाद पुलिस ने उन्हें जब्ती की कार्रवाई में शामिल किया।
संपत्तियों की कीमत करीब चार करोड़
क्राइम ब्रांच के अनुसार, जांच के दौरान आरोपी से जुड़ी जिन संपत्तियों की जानकारी सामने आई, उनकी अनुमानित कीमत करीब 4 करोड़ रुपये बताई जा रही है। पुलिस ने संपत्तियों से संबंधित दस्तावेजों को अपने कब्जे में लेकर आगे की जांच शुरू कर दी है।
जांच एजेंसी यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि इन संपत्तियों को हासिल करने के लिए किस तरह के लेनदेन किए गए थे और क्या जमीन से जुड़े विवादों तथा वसूली के मामलों से इनका कोई सीधा संबंध है।
पुलिस अब दस्तावेजों की जांच के साथ-साथ संपत्तियों के वास्तविक मालिकाना हक और उनके निर्माण की वैधता की भी पड़ताल कर रही है।
जमीन मालिकों से पैसे मांगने का आरोप
मुख्तियार के खिलाफ आरोप है कि वह जमीन मालिकों से अवैध कब्जे वाली जगहों को खाली कराने के बदले पैसे मांगता था। जमीन पर कब्जे या उससे जुड़े विवादों का फायदा उठाकर कथित तौर पर लोगों से रकम वसूली जाती थी।
पुलिस का आरोप है कि इस तरह की गतिविधियों के जरिए उसने संपत्ति और आर्थिक संसाधन जुटाए। इसी आधार पर क्राइम ब्रांच ने आरोपी की गिरफ्तारी के बाद उसकी संपत्तियों और आर्थिक गतिविधियों की जांच को आगे बढ़ाया।
पुलिस यह भी जांच कर रही है कि आरोपी के साथ इस तरह की गतिविधियों में और कौन-कौन लोग जुड़े हुए थे।
दस्तावेजों की जांच से खुलेगा नेटवर्क
तलाशी में मिले दस्तावेज पुलिस की जांच के लिए अहम माने जा रहे हैं। इन दस्तावेजों में अलग-अलग संपत्तियों, दुकानों और गोदामों से संबंधित जानकारी होने की बात सामने आई है।
क्राइम ब्रांच अब दस्तावेजों का सत्यापन संबंधित विभागों और रिकॉर्ड के माध्यम से कर सकती है। इससे यह पता लगाने में मदद मिलेगी कि संपत्तियां कब और किसके नाम पर खरीदी गईं, उनका निर्माण किस आधार पर हुआ और उनके लिए धन का स्रोत क्या था।
यदि जांच में अवैध तरीके से संपत्ति अर्जित करने की पुष्टि होती है तो पुलिस आगे भी कार्रवाई कर सकती है।
मौके पर पहुंचकर किया संपत्तियों का निरीक्षण
घर से दस्तावेज मिलने के बाद पुलिस केवल कागजी जांच तक सीमित नहीं रही। टीम ने उन स्थानों का भी निरीक्षण किया, जिनका उल्लेख दस्तावेजों में मिला था। पुलिस ने संपत्तियों की स्थिति, निर्माण और उपयोग की जानकारी जुटाई।
बताया गया है कि निरीक्षण के बाद संबंधित संपत्तियों को जब्त करने की कार्रवाई की गई। इस दौरान पुलिस ने जरूरी दस्तावेज और अन्य सामग्री भी अपने कब्जे में ली।
आगे और संपत्तियों की हो सकती है जांच
क्राइम ब्रांच अब आरोपी की अन्य संपत्तियों और आर्थिक लेनदेन की भी जांच कर रही है। पुलिस को संदेह है कि जांच आगे बढ़ने पर आरोपी से जुड़ी अन्य संपत्तियों या लेनदेन की जानकारी सामने आ सकती है।
पुलिस यह भी पता लगाने में जुटी है कि कथित वसूली से प्राप्त रकम का इस्तेमाल किन संपत्तियों को खरीदने या विकसित करने में किया गया।
फिलहाल करीब चार करोड़ रुपये की संपत्तियों को जब्त किए जाने की कार्रवाई को आरोपी के खिलाफ चल रही जांच में महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। क्राइम ब्रांच अब जब्त दस्तावेजों और संपत्तियों के रिकॉर्ड का मिलान कर यह पता लगाने में जुटी है कि मुख्तियार ने कथित अवैध गतिविधियों से कितनी संपत्ति अर्जित की और इस पूरे नेटवर्क में उसके साथ कौन-कौन लोग जुड़े थे।





