मध्य प्रदेश

जनार्दन मिश्रा बोले, भारत में रोजगार के अवसर सबसे ज्यादा

SHIDDHANT
9 Aug 2026 9:26 PM IST
जनार्दन मिश्रा बोले, भारत में रोजगार के अवसर सबसे ज्यादा
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Madhya Pradesh मध्य प्रदेश। भाजपा सांसद जनार्दन मिश्रा ने भारत में रोजगार के अवसरों और एथेनॉल ब्लेंडिंग को लेकर बड़ा बयान दिया। उन्होंने कहा कि आज दुनिया में अगर कहीं सबसे अधिक रोजगार के अवसर उपलब्ध हैं तो वह भारत है। उन्होंने कहा कि देश में रोजगार और आर्थिक गतिविधियों के विस्तार की पर्याप्त संभावनाएं मौजूद हैं। एथेनॉल ब्लेंडिंग का जिक्र करते हुए जनार्दन मिश्रा ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने जब पेट्रोल में एथेनॉल ब्लेंडिंग को बढ़ाकर 20 प्रतिशत करने की बात कही थी, तब इसका विरोध भी हुआ था। कुछ लोगों ने सवाल उठाते हुए कहा था कि एथेनॉल मिश्रित पेट्रोल के बजाय केवल शुद्ध पेट्रोल का इस्तेमाल किया जाना चाहिए।
भाजपा सांसद ने इस तर्क पर सवाल उठाते हुए कहा कि देश में पर्याप्त मात्रा में शुद्ध पेट्रोल उपलब्ध ही नहीं है, ऐसे में उसकी उपलब्धता कहां से होगी। उन्होंने कहा कि भारत को अपनी ऊर्जा जरूरतों को पूरा करने के लिए वैकल्पिक और स्वदेशी ईंधन स्रोतों की दिशा में आगे बढ़ना जरूरी है। जनार्दन मिश्रा ने कहा कि एथेनॉल को ईंधन के रूप में इस्तेमाल करने की भारत में पूरी क्षमता है। उन्होंने ऑटोमोबाइल कंपनियों का हवाला देते हुए कहा कि वाहन निर्माता कंपनियां ऐसे इंजन उपलब्ध करा रही हैं, जिनमें एथेनॉल मिश्रित ईंधन के इस्तेमाल से कोई बड़ी समस्या नहीं होगी।
उन्होंने कहा कि देश में एथेनॉल का उत्पादन कृषि क्षेत्र से जुड़ा हुआ है और इसके बढ़ते इस्तेमाल से किसानों तथा ग्रामीण अर्थव्यवस्था को भी लाभ मिल सकता है। एथेनॉल उत्पादन के लिए गन्ने, मक्का और अन्य कृषि उत्पादों का इस्तेमाल किया जाता है। इससे किसानों के लिए वैकल्पिक बाजार और आय के अवसर भी बढ़ सकते हैं। भाजपा सांसद ने एथेनॉल ब्लेंडिंग को देश की ऊर्जा सुरक्षा से भी जोड़ते हुए कहा कि पेट्रोलियम उत्पादों पर निर्भरता कम करने के लिए भारत को वैकल्पिक ईंधन को बढ़ावा देना चाहिए। उन्होंने कहा कि एथेनॉल के इस्तेमाल से आयातित कच्चे तेल पर निर्भरता घटाने की दिशा में भी मदद मिल सकती है।
उन्होंने जोर देकर कहा कि भारत के पास एथेनॉल आधारित वाहनों को अपनाने की क्षमता है और देश इस दिशा में आगे बढ़ रहा है। उनके बयान में रोजगार के अवसरों के साथ-साथ स्वदेशी ऊर्जा संसाधनों को बढ़ावा देने पर जोर दिया गया। जनार्दन मिश्रा ने कहा कि भारत में तकनीकी क्षमता, मानव संसाधन और कृषि आधारित उत्पादन के कारण एथेनॉल क्षेत्र में आगे बढ़ने की पर्याप्त संभावनाएं हैं। उन्होंने इसे देश के आर्थिक विकास और आत्मनिर्भरता से जोड़ते हुए वैकल्पिक ईंधन को अपनाने की जरूरत पर बल दिया।
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