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Indore : स्वास्थ्य और पोषण के लिए नई एकीकृत रणनीति, कुपोषण-मुक्त लक्ष्य पर जोर

Madhya Pradesh मध्य प्रदेश : शुक्रवार को कलेक्टर शिवम वर्मा की अध्यक्षता में हुई एक उच्च-स्तरीय बैठक के बाद जिले ने वर्ष 2026-27 के लिए अपने स्वास्थ्य और पोषण लक्ष्यों को एकीकृत रणनीति के तहत लागू करने का निर्णय लिया है। इस नई योजना का उद्देश्य स्वास्थ्य सेवाओं को मजबूत करने के साथ-साथ कुपोषण उन्मूलन की दिशा में प्रभावी कदम उठाना है।
प्रशासन ने सरकारी स्वास्थ्य केंद्रों पर गर्भवती महिलाओं के 100 प्रतिशत पंजीकरण को प्राथमिकता देने का निर्णय लिया है। इसके साथ ही मातृ मृत्यु दर को कम करने के लिए नियमित स्वास्थ्य जांच, विशेषकर रक्तचाप और हीमोग्लोबिन स्तर की सख्त निगरानी को अनिवार्य किया गया है।
बैठक में बताया गया कि हाल ही में शुरू की गई ‘सुपोषण संकल्प’ योजना के तहत अब जिले का मुख्य लक्ष्य ‘कुपोषण-मुक्त इंदौर’ बनाना है। इसके लिए आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं को 0 से 5 वर्ष तक के बच्चों की नियमित स्वास्थ्य जांच और निगरानी की जिम्मेदारी सौंपी गई है।
इस योजना के तहत डिजिटल तकनीक का भी व्यापक उपयोग किया जा रहा है। बच्चों और मातृ स्वास्थ्य से जुड़े आंकड़ों की रियल-टाइम निगरानी के लिए ‘अनमोल पोर्टल’ और ‘पोषण ट्रैकर’ ऐप का उपयोग अनिवार्य किया गया है। कलेक्टर शिवम वर्मा ने स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि डेटा एंट्री में किसी भी प्रकार की लापरवाही पाए जाने पर संबंधित कर्मचारियों के खिलाफ सख्त अनुशासनात्मक कार्रवाई की जाएगी।
स्वास्थ्य विभाग की इस रणनीति में चिकित्सा हस्तक्षेप को भी मजबूत किया गया है। इसके तहत बाल रोग विशेषज्ञों के नेतृत्व में नियमित स्वास्थ्य शिविरों का आयोजन किया जाएगा, ताकि बच्चों की समय पर जांच और उपचार सुनिश्चित हो सके।
इसके अलावा गंभीर रूप से कुपोषित बच्चों को चिन्हित कर उन्हें पोषण पुनर्वास केंद्रों (NRC) में भेजा जाएगा, जहां उन्हें विशेष देखभाल और पोषण उपचार उपलब्ध कराया जाएगा।
अधिकारियों के अनुसार, इस समेकित रणनीति का उद्देश्य केवल आंकड़ों में सुधार करना नहीं, बल्कि जमीनी स्तर पर मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य सेवाओं को मजबूत करना है।
प्रशासन ने कहा है कि सभी विभागों को आपसी समन्वय के साथ काम करना होगा ताकि स्वास्थ्य और पोषण से जुड़े लक्ष्यों को समय पर पूरा किया जा सके। इस पहल को जिले में सार्वजनिक स्वास्थ्य सुधार की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।





