मध्य प्रदेश

भोपाल में आबकारी विभाग का छापा, 600 लीटर अवैध शराब जब्त

Kavita2
29 Oct 2026 2:31 PM IST
भोपाल में आबकारी विभाग का छापा, 600 लीटर अवैध शराब जब्त
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भोपाल। मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल में अवैध शराब के निर्माण, भंडारण और परिवहन के खिलाफ आबकारी विभाग ने बड़ी कार्रवाई की है। बुधवार और गुरुवार की दरमियानी रात आबकारी विभाग की टीम ने परवलिया थाना क्षेत्र के बगोनिया गांव और गांधीनगर इलाके में छापेमारी की। इस दौरान करीब 600 लीटर अवैध शराब और 1,000 लीटर लहान बरामद किया गया। लहान का इस्तेमाल कच्ची शराब तैयार करने में किया जाता है। इसके अलावा आबकारी विभाग की टीम ने एक्टिवा स्कूटर से देसी शराब का परिवहन करने के आरोप में एक व्यक्ति को गिरफ्तार किया है। विभाग की इस कार्रवाई से अवैध शराब के कारोबार में संलिप्त लोगों में हड़कंप मच गया।

देर रात बगोनिया गांव में आबकारी टीम की दबिश

आबकारी नियंत्रक वर्षा उइके ने कार्रवाई की जानकारी देते हुए बताया कि उप-निरीक्षक स्वाति बघेल के नेतृत्व में आबकारी विभाग की टीम ने बुधवार और गुरुवार की दरमियानी रात बगोनिया गांव में छापेमारी की। यह गांव भोपाल के परवलिया थाना क्षेत्र के अंतर्गत आता है।

आबकारी विभाग की टीम ने अवैध शराब से जुड़ी गतिविधियों के खिलाफ अभियान चलाते हुए संदिग्ध स्थानों की जांच की। कार्रवाई के दौरान बड़ी मात्रा में शराब और शराब निर्माण में इस्तेमाल होने वाला कच्चा माल बरामद किया गया। इतनी बड़ी मात्रा में शराब और लहान की बरामदगी को अवैध शराब के कारोबार के खिलाफ महत्वपूर्ण कार्रवाई माना जा रहा है।

600 लीटर अवैध शराब और 1000 लीटर लहान बरामद

छापेमारी के दौरान आबकारी विभाग ने कुल 600 लीटर अवैध शराब और लगभग 1,000 लीटर लहान जब्त किया। लहान वह कच्चा पदार्थ होता है, जिसे तैयार करके कच्ची शराब बनाने की प्रक्रिया में इस्तेमाल किया जाता है। बड़ी मात्रा में लहान की मौजूदगी अवैध शराब निर्माण की गतिविधियों की ओर संकेत करती है।

अवैध तरीके से तैयार की जाने वाली कच्ची शराब स्वास्थ्य के लिए गंभीर खतरा बन सकती है। इसके निर्माण में निर्धारित गुणवत्ता मानकों और सुरक्षा प्रक्रियाओं का पालन नहीं होने के कारण जहरीले तत्वों की मिलावट का जोखिम रहता है। यही वजह है कि आबकारी विभाग समय-समय पर ऐसे ठिकानों की पहचान कर कार्रवाई करता है।

गांधीनगर इलाके में भी चलाया गया अभियान

बगोनिया गांव के अलावा आबकारी विभाग की टीम ने गांधीनगर क्षेत्र में भी कार्रवाई की। दोनों इलाकों में चलाए गए अभियान के दौरान अवैध शराब से जुड़ी गतिविधियों पर शिकंजा कसने का प्रयास किया गया।

भोपाल के शहरी और ग्रामीण क्षेत्रों में अवैध शराब की बिक्री तथा परिवहन रोकना आबकारी विभाग के लिए महत्वपूर्ण चुनौती है। खासतौर पर ऐसे स्थानों पर निगरानी आवश्यक होती है, जहां बिना अनुमति शराब तैयार करने या बेचने की आशंका रहती है। विभाग की कार्रवाई का उद्देश्य अवैध कारोबार को रोकने के साथ आम लोगों को असुरक्षित शराब के सेवन से होने वाले संभावित खतरों से बचाना भी है।

बगोनिया में राहुल अहिरवार के घर से मिली शराब

प्रकाशित रिपोर्ट के अनुसार, आबकारी टीम ने बगोनिया गांव में राहुल अहिरवार के घर से करीब 600 लीटर अवैध देसी शराब बरामद की। वहीं गांधीनगर के शांतिनगर इलाके में नीले ड्रमों में रखा लगभग 1,000 लीटर लहान जब्त किया गया। संबंधित मामले में मध्य प्रदेश आबकारी अधिनियम की धारा 34(1)(एफ) के तहत प्रकरण दर्ज किया गया है।

एक्टिवा स्कूटर से शराब सप्लाई करने वाला पकड़ा गया

आबकारी विभाग ने एक अन्य कार्रवाई में शाहजहांनाबाद इलाके से संजय बाथम नामक व्यक्ति को एक्टिवा स्कूटर पर कथित तौर पर देसी शराब का परिवहन करते पकड़ा। विभाग को आशंका है कि दोपहिया वाहनों का इस्तेमाल अवैध शराब की आपूर्ति के लिए किया जा रहा है।

इससे पहले भी दोपहिया वाहनों से शराब का अवैध परिवहन करने के मामले सामने आए हैं। ऐसे में आबकारी विभाग की टीमें परिवहन के इस तरीके पर भी निगरानी रख रही हैं। हालांकि, संजय बाथम के पास से बरामद शराब की सटीक मात्रा और आगे की कानूनी कार्रवाई का पूरा विवरण सामने नहीं आया है।

शराब दुकानों के आसपास भी जांच

आबकारी विभाग ने केवल अवैध शराब निर्माण के ठिकानों पर ही कार्रवाई नहीं की, बल्कि शराब दुकानों के आसपास नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ भी अभियान चलाया। भोपाल के बागमुगालिया क्षेत्र में सहायक जिला आबकारी अधिकारी संदीप द्विवेदी के नेतृत्व में टीम ने शराब दुकानों के आसपास जांच की।

इस दौरान सार्वजनिक स्थानों पर शराब पीने और शराब सेवन की सुविधा उपलब्ध कराने से जुड़ी गतिविधियों पर कार्रवाई की गई। रिपोर्ट के अनुसार, लगभग एक दर्जन लोगों को क्षेत्र से हटाया गया।

अवैध शराब के नेटवर्क पर निगरानी जरूरी

भोपाल में सामने आए इन मामलों ने अवैध शराब के निर्माण, भंडारण और आपूर्ति की चुनौती को फिर उजागर किया है। एक ओर ग्रामीण क्षेत्र में बड़ी मात्रा में कच्ची शराब की बरामदगी हुई, वहीं दूसरी ओर शहर के भीतर स्कूटर से शराब के परिवहन का मामला सामने आया।

अवैध शराब के कारोबार पर प्रभावी नियंत्रण के लिए निर्माण स्थलों के साथ-साथ इसके परिवहन और बिक्री से जुड़े संभावित नेटवर्क की पहचान भी जरूरी है। आबकारी विभाग की कार्रवाई से स्पष्ट है कि जांच का दायरा ग्रामीण और शहरी दोनों इलाकों तक फैला हुआ है।

फिलहाल विभाग की इस कार्रवाई में जब्त शराब, लहान और पकड़े गए व्यक्तियों से संबंधित मामलों में नियमानुसार कार्रवाई की जा रही है। अवैध शराब से जुड़े अन्य लोगों की संलिप्तता और आपूर्ति के संभावित स्रोतों के बारे में विस्तृत आधिकारिक जानकारी सामने आना बाकी है।

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