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- डंपर ने महिला को 8 KM...

मध्य प्रदेश: मंदसौर जिले के पिपलियामंडी क्षेत्र में एक दिल दहला देने वाला सड़क हादसा सामने आया है। यहां तेज रफ्तार डंपर की चपेट में आने से एक महिला की दर्दनाक मौत हो गई। हादसा इतना भयावह था कि टक्कर के बाद महिला का शव डंपर में फंस गया और चालक उसे करीब 8 किलोमीटर तक घसीटता हुआ ले गया। इस दौरान सड़क पर महिला के शरीर के अंग अलग-अलग जगहों पर गिरते गए। घटना के बाद इलाके में सनसनी फैल गई।
जानकारी के अनुसार यह हादसा सोमवार और मंगलवार की दरमियानी रात नापाखेड़ा और टकरावद गांव के बीच हुआ। मृतका की पहचान लालीबाई पत्नी जसवंत सिंह, निवासी रेलवे स्टेशन क्षेत्र पिपलियामंडी के रूप में हुई है। बताया जा रहा है कि महिला रसोई में काम करती थी और घटना के समय वह अपने काम से लौट रही थी।
पुलिस के मुताबिक लालीबाई हलवाई रमेश यादव निवासी राजाखेड़ी के साथ बाइक से पीपलखेड़ी से पिपलियामंडी की ओर आ रही थीं। रात करीब 1:30 बजे रास्ते में टकरावद के पास वह किसी काम से रुकीं। इसी दौरान वह सड़क पार कर रही थीं, तभी टकरावद की तरफ से तेज रफ्तार में आ रहे डंपर ने उन्हें जोरदार टक्कर मार दी।
टक्कर इतनी भीषण थी कि महिला मौके पर ही डंपर में फंस गई। इसके बावजूद चालक ने वाहन नहीं रोका और डंपर को तेज गति से भगाता रहा। कुछ दूरी तय करने के बाद भी चालक को घटना का पता नहीं चला या उसने जानबूझकर वाहन नहीं रोका। इस दौरान महिला का शव सड़क पर घिसटता रहा।
बताया गया कि घटना स्थल से करीब 8 किलोमीटर दूर ग्राम बिल्लौद बस स्टैंड के पास महिला का पैर गिरा। इसके बाद कुछ अन्य अंग बिल्लौद में एक दूध डेयरी के सामने मिले। वहीं करीब 200 मीटर आगे महिला का पूरा शव बरामद हुआ। यह दृश्य देखकर स्थानीय लोग स्तब्ध रह गए।
घटना की सूचना मिलने के बाद नाहरगढ़ पुलिस मौके पर पहुंची। पुलिस ने सड़क पर पड़े शव और शरीर के हिस्सों को एकत्रित किया और पोस्टमार्टम के लिए भेजा। बाद में मृतका की पहचान होने के बाद शव परिजनों को सौंप दिया गया।
हादसे के बाद पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है। पुलिस डंपर चालक की तलाश कर रही है और आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की मदद से वाहन और चालक की पहचान करने का प्रयास किया जा रहा है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि आरोपी चालक के खिलाफ लापरवाही से वाहन चलाने और अन्य संबंधित धाराओं में कार्रवाई की जाएगी।
इस दर्दनाक घटना के बाद स्थानीय लोगों में आक्रोश है। ग्रामीणों ने तेज रफ्तार भारी वाहनों पर नियंत्रण लगाने और सड़क सुरक्षा व्यवस्था मजबूत करने की मांग की है। लोगों का कहना है कि रात के समय भारी वाहनों की तेज रफ्तार के कारण आए दिन हादसे होते हैं, लेकिन प्रशासन की ओर से प्रभावी कदम नहीं उठाए जा रहे हैं।
सड़क हादसों को रोकने के लिए यातायात नियमों का पालन और वाहन चालकों की जिम्मेदारी बेहद जरूरी है। पुलिस ने लोगों से अपील की है कि वाहन सावधानी से चलाएं और किसी भी दुर्घटना की स्थिति में तुरंत पुलिस को सूचना दें। इस घटना ने एक बार फिर सड़क सुरक्षा को लेकर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।





