- Home
- /
- राज्य
- /
- मध्य प्रदेश
- /
- Vijay नगर में पानी को...
Vijay नगर में पानी को लेकर विवाद, सरकारी नल पर दो गुटों में झड़प

Madhya Pradesh मध्य प्रदेश : शहर में पानी की बढ़ती समस्या अब लोगों के बीच तनाव और झगड़े का कारण बनती जा रही है। शुक्रवार को विजय नगर इलाके में सरकारी नल से पानी भरने को लेकर दो समूहों के बीच विवाद इतना बढ़ गया कि मामला मारपीट तक पहुंच गया। स्थिति बिगड़ने पर पुलिस को मौके पर हस्तक्षेप करना पड़ा और दोनों पक्षों की शिकायतों के आधार पर मामला दर्ज किया गया।
पुलिस के अनुसार, यह घटना स्कीम नंबर 54 क्षेत्र में स्थित सरकारी नल पर हुई। एक पक्ष की ओर से राधा पंचोली ने शिकायत दर्ज कराई है। उन्होंने आरोप लगाया कि वह अपने घर के पास स्थित सरकारी नल से पानी भरने गई थीं, तभी वहां पहले से मौजूद कुछ लोगों ने उन्हें पानी भरने से रोक दिया। राधा ने आरोप लगाया कि इन लोगों की पहचान मुकेश, महावीर और तीन अन्य युवकों के रूप में हुई है।
शिकायत के अनुसार, जब राधा पंचोली ने इसका विरोध किया, तो आरोपियों ने उनके साथ कथित तौर पर गाली-गलौज की और मारपीट की। घटना के बाद इलाके में तनाव का माहौल बन गया और स्थानीय लोगों ने पुलिस को सूचना दी।
वहीं, दूसरे पक्ष की ओर से भी पुलिस में शिकायत दर्ज कराई गई है। धर्मवीर प्रजापत द्वारा दी गई शिकायत में आरोप लगाया गया है कि चेतराम और उसके परिवार के सदस्य उनके निर्धारित नल से पानी भरने आए थे। जब उन्हें दूसरे नल से पानी भरने के लिए कहा गया, तो दोनों पक्षों के बीच बहस शुरू हो गई, जो बाद में झगड़े में बदल गई।
पुलिस ने दोनों पक्षों की शिकायतों के आधार पर काउंटर केस दर्ज कर लिया है और मामले की जांच शुरू कर दी है। अधिकारियों का कहना है कि प्रारंभिक जांच में यह स्पष्ट किया जाएगा कि झगड़ा किस पक्ष की गलती से शुरू हुआ और किन परिस्थितियों में विवाद बढ़ा।
स्थानीय लोगों के अनुसार, क्षेत्र में लंबे समय से पानी की आपूर्ति की समस्या बनी हुई है, जिसके कारण सरकारी नलों पर भीड़ बढ़ जाती है और अक्सर छोटे-मोटे विवाद उत्पन्न हो जाते हैं। कई बार समय और लाइन को लेकर भी लोगों में कहासुनी हो जाती है।
पुलिस ने दोनों पक्षों से शांति बनाए रखने की अपील की है और कहा है कि मामले की निष्पक्ष जांच की जाएगी। साथ ही स्थानीय प्रशासन से भी जल आपूर्ति व्यवस्था को सुधारने की मांग की गई है, ताकि इस तरह के विवादों को रोका जा सके।
फिलहाल इलाके में स्थिति नियंत्रण में है, लेकिन इस घटना ने एक बार फिर शहर में पानी की गंभीर समस्या और उसके सामाजिक प्रभाव को उजागर कर दिया है।





