
यमुनानगर। नगर निगम क्षेत्र में अवैध निर्माण, कब्जों और लंबित शिकायतों को लेकर मंगलवार को नगर निगम कमिश्नर महाबीर प्रसाद ने अधिकारियों के साथ बैठक की। बैठक में अवैध निर्माण, लाल डोरा क्षेत्र की संपत्तियों, 76 कॉलोनियों के नियमितीकरण, सीएम विंडो और जनसंवाद पोर्टल पर लंबित शिकायतों सहित कई महत्वपूर्ण मुद्दों पर चर्चा की गई।
नगर निगम कमिश्नर ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि शहर में होने वाले अवैध निर्माण और अवैध कब्जों पर लगातार नजर रखी जाए। उन्होंने कहा कि किसी भी क्षेत्र में नियमों के विरुद्ध निर्माण कार्य होने की जानकारी मिलने पर संबंधित अधिकारी तुरंत मौके पर पहुंचकर जांच करें और दोषी पाए जाने पर नियमानुसार कार्रवाई करें।
बैठक के दौरान कमिश्नर ने कहा कि अवैध निर्माण और कब्जों को शुरुआती स्तर पर ही रोकना जरूरी है। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि शिकायत मिलने के बाद केवल कागजी कार्रवाई तक सीमित न रहें, बल्कि मौके पर जाकर वास्तविक स्थिति की जांच करें।
उन्होंने कहा कि यदि जांच में अवैध निर्माण या कब्जे की पुष्टि होती है तो संबंधित व्यक्ति या संस्था को नोटिस जारी किया जाए और नियमों के अनुसार आगे की कार्रवाई सुनिश्चित की जाए। उन्होंने अधिकारियों को कार्रवाई में किसी भी तरह की लापरवाही नहीं बरतने के निर्देश दिए।
नगर निगम क्षेत्र में लगातार बढ़ रहे अवैध निर्माण को लेकर प्रशासन पहले भी कई बार चिंता जता चुका है। बिना अनुमति निर्माण कार्य होने से जहां शहर की योजनाबद्ध विकास व्यवस्था प्रभावित होती है, वहीं भविष्य में नागरिक सुविधाओं पर भी दबाव बढ़ता है।
बैठक में लाल डोरा क्षेत्र की संपत्तियों को लेकर भी चर्चा हुई। अधिकारियों को निर्देश दिए गए कि इन क्षेत्रों से जुड़े मामलों की जांच कर नियमानुसार समाधान किया जाए। लाल डोरा क्षेत्र में संपत्तियों को लेकर अक्सर स्वामित्व, निर्माण और नियमों से जुड़े विवाद सामने आते हैं।
इसके अलावा शहर की 76 कॉलोनियों के नियमितीकरण को लेकर भी बैठक में समीक्षा की गई। कमिश्नर ने संबंधित अधिकारियों से इन कॉलोनियों की स्थिति और लंबित प्रक्रियाओं की जानकारी ली। उन्होंने कहा कि नियमितीकरण से जुड़े मामलों को प्राथमिकता के आधार पर आगे बढ़ाया जाए, ताकि लोगों को राहत मिल सके।
बैठक में मुख्यमंत्री कार्यालय की सीएम विंडो और जनसंवाद पोर्टल पर लंबित शिकायतों की भी समीक्षा की गई। कमिश्नर ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि आम लोगों की शिकायतों का समयबद्ध तरीके से निपटारा किया जाए।
उन्होंने कहा कि नागरिकों की समस्याओं का समाधान प्रशासन की प्राथमिक जिम्मेदारी है। शिकायतों को लंबित रखने के बजाय संबंधित विभाग जल्द कार्रवाई करें और शिकायतकर्ता को उचित जानकारी उपलब्ध कराएं।
नगर निगम कमिश्नर ने अधिकारियों को आपसी समन्वय के साथ काम करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि अवैध निर्माण और कब्जों से जुड़े मामलों में विभिन्न विभागों के बीच बेहतर तालमेल जरूरी है, ताकि प्रभावी कार्रवाई की जा सके।
बैठक में यह भी कहा गया कि शहर में विकास कार्यों और भवन निर्माण गतिविधियों पर नियमित निगरानी रखी जाए। किसी भी तरह की अनियमितता मिलने पर तुरंत कार्रवाई की जाए।
अधिकारियों ने कमिश्नर को अपने-अपने विभागों की स्थिति से अवगत कराया और लंबित मामलों की जानकारी दी। कमिश्नर ने सभी अधिकारियों को निर्देश दिए कि वे तय समय सीमा के भीतर मामलों का निपटारा सुनिश्चित करें।
नगर निगम प्रशासन का कहना है कि शहर में अवैध निर्माण और कब्जों के खिलाफ अभियान लगातार जारी रहेगा। लोगों से भी अपील की गई है कि वे भवन निर्माण से पहले जरूरी अनुमति और नियमों का पालन करें।
विशेषज्ञों के अनुसार, अवैध निर्माण पर समय रहते कार्रवाई नहीं होने से भविष्य में शहरी व्यवस्था प्रभावित होती है। ऐसे में नगर निगम की निगरानी और सख्त कार्रवाई शहर के व्यवस्थित विकास के लिए जरूरी है।
मंगलवार की बैठक के बाद नगर निगम ने स्पष्ट संकेत दिए हैं कि अवैध निर्माण और कब्जों को लेकर अब सख्ती बढ़ाई जाएगी। अधिकारियों को दिए गए निर्देशों के बाद आने वाले दिनों में निगम क्षेत्र में निरीक्षण और कार्रवाई तेज होने की संभावना है।





