मध्य प्रदेश

Gwalior में स्मार्ट बिजली मीटर के खिलाफ कांग्रेस का प्रदर्शन

Kavita2
15 Jun 2026 5:58 PM IST
Gwalior में स्मार्ट बिजली मीटर के खिलाफ कांग्रेस का प्रदर्शन
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Madhya Pradesh मध्य प्रदेश : मध्य प्रदेश के ग्वालियर में सोमवार को स्मार्ट बिजली मीटर लगाने के विरोध में कांग्रेस कार्यकर्ताओं और नेताओं ने जोरदार प्रदर्शन किया। इस दौरान शहर में राजनीतिक माहौल गर्म हो गया और बड़ी संख्या में पार्टी कार्यकर्ता सड़क पर उतरकर अपनी नाराजगी जाहिर करते नजर आए।

कांग्रेस पार्टी ने इस मुद्दे को लेकर नदी गेट से रोशनी घर बिजली दफ्तर तक एक रैली निकाली। इस रैली में कार्यकर्ताओं ने सरकार और बिजली विभाग के खिलाफ नारेबाजी की और स्मार्ट मीटर प्रणाली को लेकर अपनी आपत्तियां दर्ज कराईं। प्रदर्शनकारियों का कहना था कि स्मार्ट मीटर लगाने की प्रक्रिया आम उपभोक्ताओं पर अतिरिक्त आर्थिक बोझ डाल सकती है और इससे बिजली बिलों में अनियमितता की आशंका भी बनी रहती है।

रैली के बाद कांग्रेस नेताओं ने बिजली कंपनी के अधिकारियों को एक ज्ञापन सौंपा। ज्ञापन में स्मार्ट मीटर लगाने की प्रक्रिया को रोकने या उसकी समीक्षा करने की मांग की गई। साथ ही यह भी कहा गया कि उपभोक्ताओं के हितों को ध्यान में रखते हुए ही किसी भी नई तकनीक को लागू किया जाना चाहिए।

इस प्रदर्शन की अगुवाई जिला कांग्रेस अध्यक्ष सुरेंद्र यादव ने की। उनके साथ पार्टी के कई वरिष्ठ नेता, स्थानीय कार्यकर्ता और क्षेत्र के नागरिक भी शामिल हुए। प्रदर्शन के दौरान नेताओं ने सरकार पर जनविरोधी नीतियां अपनाने का आरोप लगाया और कहा कि बिना उचित जानकारी और पारदर्शिता के स्मार्ट मीटर लगाए जा रहे हैं, जिससे आम जनता में असंतोष बढ़ रहा है।

प्रदर्शन में शामिल लोगों ने यह भी कहा कि बिजली जैसी आवश्यक सेवा में किसी भी बदलाव से पहले व्यापक चर्चा और जनता की सहमति जरूरी है। उन्होंने आरोप लगाया कि मौजूदा प्रक्रिया में पारदर्शिता की कमी है और लोगों को इसके बारे में पर्याप्त जानकारी नहीं दी जा रही है।

कांग्रेस नेताओं ने चेतावनी दी कि यदि स्मार्ट मीटर लगाने की प्रक्रिया पर पुनर्विचार नहीं किया गया तो आंदोलन को और तेज किया जाएगा। उन्होंने कहा कि पार्टी जनता के हितों की रक्षा के लिए हर स्तर पर संघर्ष करेगी।

वहीं, इस प्रदर्शन के दौरान शहर में कुछ समय के लिए यातायात भी प्रभावित हुआ, हालांकि पुलिस ने स्थिति को नियंत्रित कर लिया। प्रशासन की ओर से अब तक इस मुद्दे पर कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है।

इस घटना के बाद ग्वालियर में बिजली व्यवस्था और उपभोक्ता अधिकारों को लेकर बहस तेज हो गई है। फिलहाल कांग्रेस ने साफ किया है कि वह इस मुद्दे को आगे भी उठाती रहेगी और जनता की समस्याओं को लेकर आंदोलन जारी रहेगा।

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