
Kerala केरल: केरल के वायनाड जिले में टनल प्रोजेक्ट साइट पर बारिश के कारण मिट्टी का ढेर ढहने की घटना के बाद केंद्र सरकार ने राज्य को हर संभव सहायता का भरोसा दिया है। केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने बुधवार (8 जुलाई) को केरल के मुख्यमंत्री वी.डी. सतीशन से फोन पर बातचीत कर हादसे की जानकारी ली और राहत एवं बचाव कार्यों की समीक्षा की।
मुख्यमंत्री कार्यालय (CMO) के अनुसार, गृह मंत्री शाह ने घटना को लेकर चिंता जताई और मुख्यमंत्री को आश्वासन दिया कि केंद्र सरकार इस मुश्किल समय में केरल सरकार के साथ खड़ी है। उन्होंने राज्य को जरूरत के अनुसार हर प्रकार की मदद उपलब्ध कराने की बात कही।
अमित शाह ने हादसे की ली जानकारी
जानकारी के मुताबिक, अमित शाह ने मुख्यमंत्री सतीशन से बातचीत के दौरान वायनाड में टनल प्रोजेक्ट साइट पर हुए हादसे के बारे में विस्तार से जानकारी ली। उन्होंने पूछा कि घटनास्थल पर राहत और बचाव कार्य किस तरह चल रहे हैं और अब तक कितनी प्रगति हुई है।
मुख्यमंत्री कार्यालय ने बताया कि शाह ने राज्य सरकार द्वारा चलाए जा रहे बचाव और राहत अभियान की सराहना की। उन्होंने अधिकारियों और बचाव दलों की ओर से किए जा रहे प्रयासों की जानकारी भी ली।
हाई-लेवल जांच के निर्देश
गृह मंत्री अमित शाह ने मुख्यमंत्री सतीशन से हादसे की उच्च स्तरीय जांच कराने का आग्रह किया। उन्होंने कहा कि घटना के कारणों का पता लगाना जरूरी है, ताकि भविष्य में इस तरह की घटनाओं को रोका जा सके।
इस पर मुख्यमंत्री सतीशन ने बताया कि राज्य कैबिनेट ने पहले ही इस मामले की जांच कराने का फैसला कर लिया है। उन्होंने गृह मंत्री को बताया कि सरकार घटना के हर पहलू की जांच करेगी और जिम्मेदार कारणों का पता लगाया जाएगा।
टनल प्रोजेक्ट पर उठे सवाल
वायनाड में टनल रोड प्रोजेक्ट साइट पर बारिश के बाद मिट्टी धंसने और मलबा गिरने की घटना ने सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल खड़े कर दिए हैं। राज्य सरकार ने हादसे के बाद प्रोजेक्ट से जुड़े तकनीकी और कानूनी पहलुओं की भी समीक्षा करने का फैसला किया है।
मुख्यमंत्री सतीशन ने पहले भी इस क्षेत्र की भौगोलिक और पर्यावरणीय संवेदनशीलता को लेकर चिंता जताई थी। अब सरकार हादसे के कारणों और निर्माण कार्य के दौरान अपनाए गए सुरक्षा मानकों की जांच करेगी।
राहत और बचाव अभियान जारी
हादसे के बाद प्रभावित क्षेत्र में राहत और बचाव अभियान जारी है। प्रशासन ने इलाके को अलग-अलग हिस्सों में बांटकर खोज अभियान चलाया है। बचाव एजेंसियां मलबे में फंसे लोगों की तलाश में जुटी हुई हैं।
स्थानीय प्रशासन और आपदा प्रबंधन दल लगातार स्थिति पर नजर बनाए हुए हैं। प्रभावित क्षेत्र में सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए आवश्यक कदम उठाए जा रहे हैं।
राज्य सरकार करेगी विस्तृत जांच
केरल सरकार ने घटना की विस्तृत जांच कराने का निर्णय लिया है। जांच में यह पता लगाया जाएगा कि निर्माण कार्य के दौरान तय मानकों और विशेषज्ञ समितियों की शर्तों का पालन किया गया था या नहीं।
सरकार यह भी देखेगी कि टनल प्रोजेक्ट को मंजूरी देते समय पर्यावरणीय और तकनीकी पहलुओं का सही तरीके से आकलन किया गया था या नहीं।
केंद्र और राज्य के बीच समन्वय
अमित शाह और मुख्यमंत्री सतीशन के बीच हुई बातचीत को केंद्र और राज्य के बीच राहत कार्यों के बेहतर समन्वय की दिशा में अहम माना जा रहा है।
केंद्र सरकार ने भरोसा दिलाया है कि जरूरत पड़ने पर अतिरिक्त सहायता उपलब्ध कराई जाएगी। वहीं, राज्य सरकार ने भी राहत और बचाव कार्यों को प्राथमिकता के आधार पर जारी रखने की बात कही है।
फिलहाल वायनाड हादसे के बाद प्रशासन की प्राथमिकता प्रभावित लोगों को सुरक्षित निकालना और घटना के वास्तविक कारणों का पता लगाना है। जांच रिपोर्ट के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।





